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Sanchar Saathi App: संचार साथी ऐप को लेकर बड़ा फैसला! अब स्मार्टफोन में अनिवार्य नहीं होगा इंस्टॉलेशन, जब चाहे कर सकते हैं अन-इंस्टॉल

सरकार ने संचार साथी ऐप पर लिया बड़ा फैसला. अब इसे किसी भी नए स्मार्टफोन में पहले से डालना जरूरी नहीं होगा. यह ऐप लोगों को ऑनलाइन धोखाधड़ी और साइबर हमलों से बचाने के लिए बनाया गया था.

Sanchar Saathi App: संचार साथी ऐप को लेकर बड़ा फैसला! अब स्मार्टफोन में अनिवार्य नहीं होगा इंस्टॉलेशन, जब चाहे कर सकते हैं अन-इंस्टॉल
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Sanchar Saathi App: सरकार ने संचार साथी ऐप पर लिया बड़ा फैसला. अब इसे किसी भी नए स्मार्टफोन में पहले से डालना जरूरी नहीं होगा. यह ऐप लोगों को ऑनलाइन धोखाधड़ी और साइबर हमलों से बचाने के लिए बनाया गया था. सरकार का कहना है कि यह पूरी तरह सुरक्षित है और केवल यूजर्स की सुरक्षा के लिए इस्तेमाल होता है. चाहें तो लोग इसे कभी भी अपने फोन से हटा सकते हैं.

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ऐप की बढ़ती लोकप्रियता ने बदला सरकार का फैसला

संचार साथी ऐप को लेकर सरकार का कहना है कि लोगों की सुरक्षा के लिहाज से इसे जरूरी माना गया था. लेकिन जैसे-जैसे यूजर्स की जागरूकता बढ़ी है, ऐप को प्री-इंस्टॉल करने की अनिवार्यता हटाने का फैसला लिया गया है. अब तक करीब 1.4 करोड़ लोग इस ऐप को डाउनलोड कर चुके हैं. यह हर दिन लगभग दो हजार साइबर फ्रॉड की कोशिशों की जानकारी देकर उन्हें रोकने में मदद कर रहा है.

बीते 24 घंटे में ही करीब छह लाख लोगों ने इस ऐप को डाउनलोड करने के लिए रजिस्ट्रेशन कराया है. सरकार के अनुसार यह आंकड़ा बताता है कि लोग इस ऐप को लेकर भरोसा रखते हैं और इसे अपने डिजिटल सुरक्षा कवच के रूप में अपनाना चाहते हैं. ऐप की तेजी से बढ़ती स्वीकार्यता ने सरकार को यह भरोसा दिया कि बिना अनिवार्य किए भी यह जनता तक आसानी से पहुंच जाएगा.

सुरक्षा जागरूकता बढ़ाने के लिए सरकार का लगातार प्रयास

सरकार ने साफ कहा है कि संचार साथी ऐप केवल सुरक्षा के उद्देश्य से बनाया गया है. इसमें ऐसी कोई सुविधा नहीं है जो यूजर्स की निजी जानकारी या डेटा के दुरुपयोग से जुड़ी हो. बल्कि यह ऐप लोगों को अलर्ट करता है कि कौन सी कॉल, मैसेज या लिंक उन्हें नुकसान पहुंचा सकता है. सरकार का लक्ष्य है कि अधिक से अधिक लोग इस ऐप का इस्तेमाल करें और खुद को साइबर अपराध से बचा सकें.

मोबाइल कंपनियों से अब यह अपेक्षा नहीं होगी कि वे इस ऐप को फोन में पहले से डालकर बेचें. लोग चाहें तो इसे गूगल प्ले स्टोर या ऐप स्टोर से खुद डाउनलोड कर सकते हैं. सरकार का मानना है कि जागरूकता बढ़ने के बाद यह प्रक्रिया खुद ही तेजी से आगे बढ़ेगी.

 

(The above story first appeared on LatestLY on Dec 03, 2025 04:55 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).