WHO की बड़ी चेतावनी, Coldrif सहित इन तीन कफ सिरप के इस्तेमाल से बचने की सलाह
विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने भारत में बनी तीन कफ सिरप दवाओं Coldrif, Respifresh TR और ReLife को लेकर गंभीर चेतावनी जारी की है. ये अलर्ट भारत में बच्चों की मौत के मामलों के बाद जारी किया गया है.
नई दिल्ली: विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने भारत में बनी तीन कफ सिरप दवाओं Coldrif, Respifresh TR और ReLife को लेकर गंभीर चेतावनी जारी की है. ये अलर्ट भारत में बच्चों की मौत के मामलों के बाद जारी किया गया है. WHO के अनुसार, इन सिरप में जहरीला केमिकल डायथिलीन ग्लाइकॉल (Diethylene Glycol) DEG पाया गया है, जिसकी मात्रा अनुमत सीमा से 500 गुना अधिक थी.
दरअसल 8 अक्टूबर 2025 को Central Drugs Standard Control Organization (CDSCO) ने WHO को रिपोर्ट दी कि देश में तीन ओरल लिक्विड दवाओं में DEG मिला है. इससे पहले 30 सितंबर को WHO को भारत में बच्चों में गंभीर बीमारी और मौत के स्थानीय क्लस्टर की जानकारी मिली थी. जांच में सामने आया कि जिन बच्चों की तबीयत बिगड़ी, उन्होंने यही दूषित सिरप लिए थे.
किन दवाओं में पाया गया जहर?
जांच में जिन तीन सिरप में जहरीला केमिकल मिला है
- Coldrif- निर्माता: Sresan Pharmaceutical
- Respifresh TR- निर्माता: Rednex Pharmaceuticals
- ReLife- निर्माता: Shape Pharma
CDSCO की लैब जांच में पाया गया कि टॉक्सिक DEG की मात्रा 48.6% थी, जबकि अनुमत सीमा सिर्फ 0.1% है. यह स्वास्थ्य के लिए बेहद घातक है, खासकर बच्चों में.
लाइसेंस रद्द और प्रोडक्शन पर रोक
खतरनाक स्तर की मिलावट के बाद CDSCO ने सख्त कार्रवाई करते हुए Sresan Pharmaceutical का मैन्युफैक्चरिंग लाइसेंस रद्द कर दिया. सभी संबंधित कंपनियों की उत्पादन इकाइयों को तत्काल बंद करने का आदेश दिया. इन दवाओं की रिकॉल प्रक्रिया (बाजार से वापस बुलाने की कार्रवाई) शुरू की.
कोई निर्यात नहीं हुआ, पर सतर्कता जरूरी
CDSCO ने WHO को बताया कि इन दूषित दवाओं का भारत से किसी भी देश में निर्यात नहीं हुआ है, यहां तक कि अवैध रूप से भी नहीं. इसके बावजूद WHO ने सभी देशों को मार्केट सर्विलांस बढ़ाने और खासतौर पर अनौपचारिक सप्लाई चैन पर नजर रखने की सलाह दी है.
WHO ने दी सलाह
WHO ने सभी देशों की नियामक संस्थाओं से कहा है कि वे संबंधित मैन्युफैक्चरिंग साइट्स से बनी अन्य दवाओं की जांच करें. दिसंबर 2024 के बाद निर्मित सभी ओरल लिक्विड मेडिसिन पर विशेष निगरानी रखें. बच्चों में बीमारी के मामलों की तुरंत रिपोर्ट करें.
(The above story first appeared on LatestLY on Oct 14, 2025 05:07 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

