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वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने कांग्रेस के दौर को बताया 'अंधकाल'

केंद्रीय वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने गुरुवार को संसद में एक सवाल का जवाब देते हुए कांग्रेस के दौर को 'अंधकाल' और भाजपा के दौर को 'अमृतकाल' करार दिया. सीतारमण ने विपक्ष का जिक्र करते हुए कहा, "मैं 1991 में आपकी सरकार के समय से शुरू करता हूं, जब भारत के पास सिर्फ दो सप्ताह का विदेशी भंडार था, वह वास्तविक अर्थों में 'अंधकाल' था, और जिसने आपको उन आर्थिक सुधारों को लाने के लिए मजबूर किया.

वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने कांग्रेस के दौर को बताया 'अंधकाल'
वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण (Photo Credits: ANI)

नई दिल्ली, 11 फरवरी : केंद्रीय वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने गुरुवार को संसद में एक सवाल का जवाब देते हुए कांग्रेस के दौर को 'अंधकाल' और भाजपा के दौर को 'अमृतकाल' करार दिया. सीतारमण ने विपक्ष का जिक्र करते हुए कहा, "मैं 1991 में आपकी सरकार के समय से शुरू करता हूं, जब भारत के पास सिर्फ दो सप्ताह का विदेशी भंडार था, वह वास्तविक अर्थों में 'अंधकाल' था, और जिसने आपको उन आर्थिक सुधारों को लाने के लिए मजबूर किया. यूपीए-1 के दौरान दोहरे अंकों की मुद्रास्फीति और यूपीए-2 वास्तव में 'अंधकाल' था और कोयला घोटाला, 2जी घोटाला, एंट्रिक्स-देवास घोटाला वगैरह. सूक्ष्म अर्थशास्त्र के सभी मानकों को आपके समय में बाधित किया गया था और वह 'नीतिगत पक्षाघात' था.

वित्तमंत्री ने कहा, भारतीय अर्थव्यवस्था अब इस वर्ष और अगले वर्ष के लिए 9 प्रतिशत की अनुमानित वृद्धि के साथ दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था बन गई है, जबकि अमेरिकी अर्थव्यवस्था, जिसे दुनिया की सबसे मजबूत अर्थव्यवस्था माना जाता है, से उम्मीद की जाती है 4 प्रतिशत की वृद्धि की. उन्होंने कहा, मोदी सरकार महामारी के समय में भी हमारे चालू खाते को 0.9 प्रतिशत अधिशेष के साथ रखने में कामयाब रही, जबकि यूपीए के समय में राजकोषीय घाटा 2 प्रतिशत से अधिक था. यह भी पढ़ें : UP Elections 2022: मुरादाबाद में कांग्रेस प्रत्याशी के खिलाफ मुकदमा दर्ज, प्रियंका गांधी का बिना परमिशन रोड शो कराने का आरोप

सीतारमण ने कहा, 2008 के वित्तीय संकट में भारतीय जीडीपी ने कम लाभ के मामले में 2.21 लाख करोड़ की हिट ली. हाल के संकट में भारतीय जीडीपी को 9.57 लाख करोड़ का नुकसान हुआ. आपूर्ति श्रृंखला में व्यवधान के बावजूद 2020-21 में मुद्रास्फीति 6.2 प्रतिशत थी, जबकि 2008-09 में यह 9.1 प्रतिशत थी.

(The above story first appeared on LatestLY on Feb 11, 2022 09:15 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).