आम आदमी को तगड़ा झटका, पेट्रोल-डीजल के बाद महंगाई भी बढ़ी, खाने-पीने की चीजें हुई महंगी
पिछले साल अप्रैल में महंगाई 3.85 फीसदी थी. इस बीच फरवरी की थोक महंगाई दर 2.48 फीसदी से संशोधित होकर 2.74 फीसदी हो गई है. खाने-पीने की चीजों की थोक महंगाई दर भी बढ़ी है.
नई दिल्ली: पेट्रोल-डीजल के दामों से परेशान आम जनता के लिए एक और बुरी खबर है. बता दें के बाद अब महंगाई भी बढ़ने लगी है. तीन महीने से पेट्रोल-डीजल की कीमतों में आ रही तेजी का असर अप्रैल में थोक महंगाई पर दिखाई दे रहा है. जानकारी के अनुसार महंगाई दर 2.47 फीसदी से बढ़कर 3.18 फीसदी पर आ गई है। जबकि इसके 2.92 फीसद रहने का अनुमान लगाया गया था। गौरतलब है कि मार्च में यह दर 2.47 फीसदी थी. पिछले साल अप्रैल में महंगाई 3.85 फीसदी थी. इस बीच फरवरी की थोक महंगाई दर 2.48 फीसदी से संशोधित होकर 2.74 फीसदी हो गई है. खाने-पीने की चीजों की थोक महंगाई दर भी बढ़ी है.
बताते चलें कि थोक महंगाई दर बढ़ने के पीछे ईंधन यानी पेट्रोल-डीजल की कीमतों को वजह बताया जा रहा है. WPI में फ्यूल और पावर इंफ्लेशन 4.7 फीसदी से बढ़कर 7.85 फीसदी रही है. मार्च में इनकी महंगाई में सिर्फ 4.70 फीसदी थी और पिछले साल अप्रैल में 17.11 फीसदी थी. महीने दर महीने आधार पर अप्रैल में खाद्य थोक महंगाई दर -0.07 फीसदी से बढ़कर 0.67 फीसदी रही है.
दूसरी तरफ अगर मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर की बात करें तो मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर से जुड़ी महंगाई दर अप्रैल महीने में 3.03 फीसद से बढ़कर 3.11 फीसद रही है।
#ये रहा बीते महीनों का हाल-
-मार्च महीने में WPI महंगाई दर 2.47 फीसदी थी
-फरवरी महीने में WPI महंगाई दर 2.74 फीसदी (संशोधित)
-जनवरी महीने में WPI महंगाई दर 2.84 फीसदी
-दिसंबर महीने में WPI महंगाई दर 3.58 फीसदी
-नवंबर महीने में WPI महंगाई दर 3.93 फीसदी
(The above story first appeared on LatestLY on May 14, 2018 03:06 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

