देश

Cyclone Mandous: तमिलनाडु के मामल्लपुरम में तट से टकराया मैंडूस तूफान, इन तीन राज्यों में रेड अलर्ट

'मैंडूस चक्रवात तमिलनाडु के तटीय इलाकों से टकरा गया है. इसके चलते कई तटीय इलाकों में वर्षा हो रही है और तेज गति से हवाएं चल रही हैं. मौसम विभाग के अनुसार, इसको लेकर तीन राज्यों तमिलनाडु, पुडुचेरी और आंध्र प्रदेश में रेड अलर्ट जारी किया गया है.'

Cyclone Mandous: तमिलनाडु के मामल्लपुरम में तट से टकराया मैंडूस तूफान, इन तीन राज्यों में रेड अलर्ट
तेज हवाओं के बाद उखड़ा पेड़ (Photo: ANI)

चेन्नई: चक्रवाती तूफान ‘मैंडूस’ (Cyclone Mandous) ने शुक्रवार देर रात यहां मामल्लपुरम के निकट दस्तक दी, जिससे तटीय तमिलनाडु में मध्यम से भारी बारिश हुई. भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र के प्रमुख एस. बालाचंद्रन ने कहा, ‘‘चक्रवाती तूफान के दस्तक देने की प्रक्रिया शुरू हो गई है, यह जारी है.’’ चक्रवाती तूफान के चलते तमिलनाडु के कई इलाकों में तेज हवाओं के भारी बारिश के कारण कई पेड़ उखड़ गए हैं और कई जगहों पर जलजमाव हो गया है. मैंडस चक्रवात का दिखा प्रभाव, चेन्नई के पट्टिनपक्कम इलाके में तेज हवाओं के साथ भारी बारिश, देखें Video

'मैंडूस चक्रवात तमिलनाडु के तटीय इलाकों से टकरा गया है. इसके चलते कई तटीय इलाकों में वर्षा हो रही है और तेज गति से हवाएं चल रही हैं. मौसम विभाग के अनुसार, इसको लेकर तीन राज्यों तमिलनाडु, पुडुचेरी और आंध्र प्रदेश में रेड अलर्ट जारी किया गया है.'

तमिलनाडु: चेन्नई के एग्मोर इलाके में तेज हवाओं के कारण एक बड़ा पेड़ जड़ से उखड़ गया. गनीमत यह रही है कि कोई इसकी चपेट में नहीं आया. ANI ने इसकी तस्वीरें साझा की हैं. ‘मैंडूस’ अरबी का एक शब्द है और इसका अर्थ है ‘खजाने की पेटी’ (बॉक्स) और यह नाम संयुक्त अरब अमीरात द्वारा चुना गया है.

यहां देखें तस्वीरें और वीडियो

तमिलनाडु: अरुंबक्कम की MMDA कॉलोनी में सड़कों पर जलभराव

चेन्नई में तेज हवाओं के कारण एक बड़ा पेड़ जड़ से उखड़ गया

चक्रवाती तूफान के कारण राज्य के कई क्षेत्रों में भारी वर्षा हुई. नुंगमबक्कम में रिकॉर्ड सात सेंटीमीटर बारिश हुई, जबकि चेंगलपेट और नागपट्टिनम सहित अन्य तटीय क्षेत्रों में रुक-रुक कर, हल्की से मध्यम (तीन सेमी तक) स्तर की बारिश हुई.

आईएमडी-क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र के प्रमुख एस बालाचंद्रन ने संवाददाताओं से कहा कि चेन्नई और पुडुचेरी के बीच, 1891 से 2021 तक पिछले 130 वर्षों में 12 चक्रवात आ चुके हैं. एस बालाचंद्रन ने कहा, ‘‘ यदि यह चक्रवात मामल्लपुरम के पास तट को पार करता है, तो यह तट को पार करने वाला 13वां चक्रवात होगा (चेन्नई और पुडुचेरी के बीच). ’’

पुलिस के मुताबिक, सुरक्षा, राहत और बचाव कार्यों के लिए तमिलनाडु राज्य आपदा मोचन बल की 40 सदस्यीय टीम के अलावा 16,000 पुलिसकर्मियों और 1,500 होमगार्ड को तैनात किया गया है. इसके अलावा जिला आपदा मोचन बल की 12 टीम को तैयार रखा गया है.

राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) और राज्य आपदा मोचन बल की टीम के लगभग 400 कर्मियों को पहले से ही कावेरी डेल्टा क्षेत्रों के पास सहित तटीय क्षेत्रों में तैनात किया गया है. आईएमडी ने कहा कि डॉपलर मौसम रडार चक्रवात की निगरानी कर रहे हैं, जो 24 घंटे से कम समय के लिए एक गंभीर चक्रवाती तूफान के बाद नौ दिसंबर को एक चक्रवाती तूफान के रूप में तब्दील हो गया. यह अब चेन्नई से लगभग 260 किमी दक्षिण-दक्षिण पूर्व और कराईकल से 180 किमी पूर्व-उत्तर पूर्व में स्थित है.

(The above story first appeared on LatestLY on Dec 10, 2022 08:52 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).