Railway Kavach System: जानिए क्या होता है रेलवे का कवच सिस्टम, जिसके होने से टल सकता था कंचनजंघा ट्रेन हादसा?
यह क्या होता है रेलवे का कवच सिस्टम, यह कैसे काम करता है और कंचनजंगा एक्सप्रेस ट्रेन हादसे के दौरान यह क्यों काम नहीं आया?
Railway Kavach System: पश्चिम बंगाल के सिलीगुड़ी में आज कंचनजंगा एक्सप्रेस को एक मालगाड़ी ने टक्कर मार दी. इस ट्रेन हादसे में 8 लोगों की मौत हो गई, जबकि 60 से ज्यादा लोगों के घायल बताए जा रहे हैं. अब सोशल मीडिया पर लोग रेल दुर्घटना से बचाव के लिए उपयोग में लाए जाने वाले रेलवे के कवच सिस्टम पर सवाल खड़े कर रहे हैं. इस आर्टिकल में हम जानेंगे कि यह क्या होता है रेलवे का कवच सिस्टम, यह कैसे काम करता है और कंचनजंगा एक्सप्रेस ट्रेन हादसे के दौरान यह क्यों काम नहीं आया?
बता दें, रेलवे का यह कवच सिस्टम अनुसंधान डिजाइन और मानक संगठन (RDSO) द्वारा बनाया गया है. यह भारतीय रेलवे का ऑटोमैटिक ट्रेन प्रोटेक्शन सिस्टम है, जिसे 2012 से ट्रेन कूलीजन अवॉइडेंस सिस्टम (TCAS) नाम के तहत डेवलप किया जा रहा है.
क्या होता है कवच सिस्टम?
कवच सिस्टम एक स्वेदेशी एंटी प्रोटेक्शन सिस्टम (APS) है. इसे खासतौर पर रेल हादसे रोकने के लिए तैयार किया गया है. कवच प्रणाली आपातकालीन स्थिति में खुद से ट्रेन को रोकने में सक्षम है. यह सिस्टम तब एक्टिव होता है जब किसी भी कारणवश ट्रेन का ड्राइवर समय पर ब्रेक नहीं लगा पाता है. ऐसे में किसी भी तरह के रेल हादसे होने से बच सकते हैं. रेलवे इस सिस्टम को पूरे रेल नेटवर्क में स्थापित करने की योजना बना रही है. हालांकि, अभी तक बेहद कम रूट पर इसे लगाया जा सका है. दरअसल, कवच सिस्टम इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस का एक सेट होता है. इसमें ट्रेन, रेलवे ट्रैक, रेलवे सिग्नल सिस्टम और हर स्टेशन पर एक किलोमीटर के डिस्टेंस पर रेडियो फ्रीक्वेंसी आईडेंटिफिकेशन डिवाइसेज इंस्टॉल की जाती है. सिस्टम में मौजूद सभी चीज अल्ट्रा हाई रेडियो फ्रीक्वेंसी के जरिए काम करती है.
कैसे काम करता है कवच सिस्टम?
जब ड्राइवर किसी तकनीकी खराबी के कारण सिग्नल को तोड़कर आगे निकल जाता है, तो कवच सिस्टम तुरंत एक्टिव होकर ट्रेन में ऑटेमेटिकक ब्रेक्स को रिलिज करता है. इससे ट्रेन की रफ्तार बेहद कम हो जाती है और एक बड़ा रेल हादसा होने से बच जाता है. वहीं, अगर कोई ट्रेन तय रफ्तार से तेज चल रही होती है या फिर सामने के ट्रैक पर दूसरी ट्रेन आ रही होती है. ऐसी स्थिति में भी यह सिस्टम एक्टिव हो जाती है. और दो ट्रेनों को एक-दूसरे से टकराने से बचा लेती है.
कंचनजंघा एक्सप्रेस ट्रेन हादसे के दौरान क्यों काम नहीं आया कवच?
रेलवे अधिकारियों की ओर से मिली जानकारी के मुताबिक, भारत के कई रेलवे ट्रैक पर अभी तक कवच सिस्टम को इंस्टॉल नहीं किया गया है. जलपाईगुड़ी के रूट पर भी कर कवच सिस्टम इंस्टॉल नहीं है. इसी के चलते ट्रेन खुद से नहीं रुकी और यह बड़ा हादसा हो गया. हालांकि, रेलवे इस सिस्टम को पूरे रेल नेटवर्क में स्थापित करने की योजना बना रही है.
(The above story first appeared on LatestLY on Jun 17, 2024 06:34 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

