बारिश जनित हादसों में पांच लोगों की मौत, जोधपुर में प्रशासन की मदद के लिये सेना बुलाई गई
बारिश (Photo credit : Twitter)

जोधपुर/बूंदी/जयपुर, 28 जुलाई : राजस्थान के बीकानेर, बूंदी और जोधपुर जिलों में बारिश जनित हादसों में पांच लोगों की मौत हो गई जबकि लगातार बारिश के चलते जोधपुर में स्थानीय प्रशासन की मदद के लिये सेना को बुलाया गया है. जोधपुर प्रशासन ने भारी बारिश के बाद यहां न्यू रूप नगर में जलभराव के चलते घरों में फंसे लोगों को बचाने के लिए बृहस्पतिवार को सेना की मदद ली. अधिकारियों ने यह जानकारी दी. जोधपुर से सांसद और केन्द्रीय मंत्री गजेन्द्र सिंह शेखावत और राजस्थान के राज्यमंत्री और प्रभारी मंत्री सुभाष गर्ग ने भी जोधपुर का दौरा किया और स्थिति का जायजा लिया. एक अधिकारी ने बताया कि पूरे मोहल्ले में पिछले तीन दिनों से तीन-चार फुट पानी भरा हुआ है. जोधपुर में सोमवार से लगभग 320 मिमी बारिश दर्ज की गई और शहर जबरदस्त जलभराव का सामना कर रहा है. राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) और सेना के दलों ने पानी में डूबे घरों से लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के लिए बचाव अभियान शुरू किया है.

प्रशासन ने घरों से पानी निकालने के लिए पंप लगाए लेकिन पानी निकासी की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने के चलते दिक्कतों का सामना करना पड़ा. न्यू रूप नगर निवासी गोपाल सिंह ने कहा कि घरों में पानी घुसने से लोग पिछले तीन दिनों से ठीक से सो भी नहीं पा रहे हैं. उन्होंने कहा, ‘‘हमने पिछले तीन दिनों में न तो ठीक से खाया है और न ही ठीक से सोए हैं. बिजली नहीं है और पूरे इलाके में पानी भर जाने से हम यहीं फंसे हुए हैं.’’ जलभराव के कारण जोधपुर में कई जगहों पर स्थिति गंभीर बनी हुई है. अधिकारियों ने बताया कि कई घरों को नुकसान पहुंचा है जबकि एक व्यक्ति की मौत हो गई और दो अन्य घायल हुए. बूंदी जिले में जलमग्न पुल को पार करते समय 42 वर्षीय रेलवे स्टेशन मास्टर की कार तेज धार की चपेट आ गई, जिससे उनकी मौत हो गई. पुलिस ने बृहस्पतिवार को यह जानकारी दी.

घटना बुधवार देर रात हुई जब बूंदी के श्रीनगर रेलवे स्टेशन पर तैनात जयपुर की जनता कॉलोनी के निवासी मनीष मेघवाल ड्यूटी से लौट रहे थे. थाना प्रभारी (एसएचओ) महेंद्र सिंह ने बताया कि मेघवाल की कार नामाना थाना क्षेत्र में चितावा नदी में जा गिरी. एसएचओ ने कहा कि करीब 15 घंटे के बाद बृहस्पतिवार दोपहर को घटनास्थल से लगभग 5-6 किलोमीटर दूर शव बरामद किया गया, जबकि कार का पता नहीं चल पाया है. डीएसपी हेमंत कुमार ने बताया कि पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया. इस क्षेत्र में मध्यम से भारी बारिश हो रही है, जिससे पूरे क्षेत्र में नदी और नाले उफान पर हैं. बीकानेर में बुधवार रात एक मकान के ढह जाने से एक दंपति और उनके 12 वर्षीय बेटे की मौत हो गई. मौसम विभाग की रिपोर्ट के अनुसार राज्य में अभी तक औसत बारिश से 66 प्रतिशत ज्यादा बारिश दर्जकी गई है.

बारिश के चलते पटरियों के नीचे से मिट्टी बह जाने से उत्तर पश्चिम रेलवे ने शुक्रवार को चार रेल रद्द कर दी है और शनिवार को एक रेलगाडी को रद्द किया है. वहीं विभाग ने आगामी दिनों में भारी बारिश से राहत मिलने की संभावना जताई हैं. बारिश की गतिविधियों में 29 जुलाई से दो अगस्त तक कमी आने की संभावना बताई है. पुलिस ने बताया कि बीकानेर में एक कच्चे मकान के ढह जाने से महावीर कुमार (40) और उनकी पत्नी सावित्री (35) और उनके 12 साल के बेटे की मौत हो गई. रक्षा प्रवक्ता लेफ्टिनेंट कर्नल अमिताभ शर्मा ने कहा कि सेना की बाढ़ राहत टुकडियों द्वारा जलमग्न क्षत्रों में सामान्य स्थिति बहाल करने के लिये पंपो के जरिये पानी निकाला जा रहा है. उन्होंने कहा कि ‘‘ भारी बारिश के बावजू

बारिश (Photo credit : Twitter)