Fact Check: बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ योजना के तहत केंद्र सरकार दे रही 2 लाख रुपये? जानिए इस फॉर्म की सच्चाई
देश में कोरोना वायरस के कहर के बीच सोशल मीडिया के सहारे कई भ्रामक और फेक जानकारियां फैल रही है. इन में से कुछ सरकारी योजनाओं से भी ताल्लुक रखती है. ऐसा ही एक मामला सरकारी एजेंसी पीआईबी ने लोगों के सामने न केवल लाया है, बल्कि उसकी हकीकत भी बताई है.
नई दिल्ली: देश में कोरोना वायरस (Coronavirus) के कहर के बीच सोशल मीडिया के सहारे कई भ्रामक और फेक जानकारियां फैल रही है. इन में से कुछ सरकारी योजनाओं से भी ताल्लुक रखती है. ऐसा ही एक मामला सरकारी एजेंसी पीआईबी ने लोगों के सामने न केवल लाया है, बल्कि उसकी हकीकत भी बताई है. दरअसल कुछ शरारती तत्वों ने मोदी सरकार के महत्त्वाकांक्षी योजना ‘बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ’ के नाम पर एक फर्जी फॉर्म तैयार किया है. जिसको भरने पर केंद्र सरकार की और से पैसे मिलने का दावा किया जा रहा है.
पीआईबी फैक्ट चेक' ने ट्वीट कर बताया कि बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना के नाम पर बांटे जा रहे एक फॉर्म में यह दावा किया जा रहा है कि सभी बेटियों को दो लाख रूपए दिए जायेंगे. जबकि ऐसा कोई ऐलान केंद्र सरकार ने कभी किया ही नहीं है. जांच में पता चला है कि यह फॉर्म फर्जी है. साथ ही ऐसे किसी भी तरह के फॉर्म का वितरण अवैध है. Fact Check: केंद्र सरकार ने वापस ले लिया है DA कटौती की फैसला? PIB फैक्ट चेक से जानें सच्चाई
दावा: बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना के नाम पर बांटे जा रहे एक फॉर्म में यह दावा किया जा रहा है कि सभी बेटियों को 2 लाख रूपए दिए जायेंगे।#PIBFactCheck: यह फॉर्म फर्जी है। ऐसे किसी भी तरह के फॉर्म का वितरण अवैध है व इस योजना के तहत किसी भी तरह का नगद प्रोत्साहन नहीं दिया जाता है। pic.twitter.com/rQXZX45EUN
— PIB Fact Check (@PIBFactCheck) October 1, 2020
इसी साल मार्च महीने में भी पीआईबी ने ऐसी फेक योजना को लेकर लोगों को सतर्क किया था. तब वायरल मैसेज में कहा गया है था राष्ट्रीय बालिका दिवस के मौके पर ‘बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ’ योजना में सरकार की तरफ से दो लाख की नकद मदद दी जा रही है. इसके साथ एक फर्जी फॉर्म भी था.
केंद्र सरकार ‘बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ’ योजना के तहत किसी भी तरह का नगद प्रोत्साहन नहीं देती है. इस योजना की शुरूआत प्रधानमंत्री मोदी ने 22 जनवरी 2015 को पानीपत, हरियाणा में की थी. इस योजना के मुख्य घटकों में शामिल हैं प्रथम चरण में PC तथा PNDT Act को लागू करना, राष्ट्रव्यापी जागरूकता और प्रचार अभियान चलाना तथा चुने गए 100 जिलों (जहां शिशु लिंग अनुपात कम है) में विभिन्न क्षेत्रों से संबंधित कार्य करना है. इस योजना से बुनियादी स्तर पर लोगों को प्रशिक्षण देकर, संवेदनशील और जागरूक बनाकर तथा सामुदायिक एकजुटता के माध्यम से उनकी सोच को बदलने पर जोर दिया जा रहा है.
Fact check
बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना के तहत सरकार 2 लाख की नकद मदद दे रही है.
भारत सरकार की ओर से इस योजना में नकद हस्तांतरण का कोई प्रावधान नहीं है.
(The above story first appeared on LatestLY on Oct 02, 2020 01:06 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

