राजस्थान: राणा प्रताप सागर बांध से छोड़ा गया पानी, नदी में तब्दील हुई सड़कें, चित्तौड़गढ के स्कूल में फंसे 50 शिक्षकों के साथ 350 से ज्यादा छात्र
राजस्थान के राणा प्रताप सागर बांध से पानी छोड़े जाने के बाद सड़कें अवरुद्ध हो गईं, जिसके चलते चितौड़गढ़ के एक स्कूल में 350 से ज्यादा छात्र और 50 शिक्षक शनिवार से फंसे हुए हैं. इस स्कूल में फंसे इन शिक्षकों और छात्रों को स्थानीय लोग तत्काल सहायता और भोजन प्रदान कर उनकी मदद कर रहे हैं.
चितौड़गढ़: राजस्थान (Rajasthan) के कई इलाकों में पिछले दो दिन से हो रही मूसलाधार बारिश (Heavy Rain) के चलते कई नदियां उफान पर हैं, जिसके कारण लगातार राज्य के कई बांधों से पानी छोड़ा जा रहा है. डैम (Dam) से पानी छोड़े जाने की वजह से सड़कों और निचले इलाकों में पानी भर जाने से बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं. भारी बारिश के कारण राणा प्रताप सागर बांध (Rana Pratap Sagar Dam) का जलस्तर काफी बढ़ गया, जिसके बाद शनिवार को इस बांध के सभी 17 गेट खोल दिए गए. राणा प्रताप सागर बांध से पानी छोड़े जाने के बाद सड़कें नदियों में तब्दील हो गई, जिसके चलते लोगों को आवाजाही की दिक्कत झेलनी पड़ी. बता दें कि बांध से पानी छोड़े जाने के बाद सड़कें अवरुद्ध हो गईं, जिसके चलते चितौड़गढ़ (Chittorgarh) के एक स्कूल में 350 से ज्यादा छात्र (Teachers) और 50 शिक्षक (Students) शनिवार से फंसे हुए हैं.
इस स्कूल में फंसे इन शिक्षकों और छात्रों को स्थानीय लोग तत्काल सहायता और भोजन प्रदान कर उनकी मदद कर रहे हैं. फिलहाल इस स्कूल में फंसे ये सभी छात्र और शिक्षक सड़कों से जलस्तर कम होने का इंतजार कर रहे हैं, ताकि वो अपने-अपने घर सुरक्षित लौट सकें.
चितौड़गढ़ के एक स्कूल में फंसे शिक्षक और छात्र-
Rajasthan: More than 350 students & 50 teachers are stuck at a school in Chittorgarh since yesterday, as roads are blocked due to heavy discharge of water from Rana Pratap Dam. Locals are providing immediate assistance & food to the students & teachers. pic.twitter.com/QbW5XJjJY5
— ANI (@ANI) September 15, 2019
दरअसल, दो दिनों से हो रही भारी बारिश के चलते राजस्थान के कोटा, बूंदी, झालावाड़, बारां और प्रतापगढ़ में बाढ़ जैसे हालात बने हुए हैं. एक ओर जहां झालावाड़ में लोगों की मदद के लिए सेना को बुलाने की नौबत आ गई तो वहीं दूसरी तरफ प्रतापगढ़ में बारिश ने 37 सालों का रिकॉर्ड तोड़ दिया है. उधर कोटा बैराज से पानी छोड़े जाने के बाद कई इलाकों में पानी भर गया है. यह भी पढ़ें: राजस्थान में आफत की बारिश: नदियां उफान पर, कई इलाकों में बाढ़ के हालात, आज भी कई जिलों में भारी बारिश की चेतावनी
गौरतलब है कि भारी बारिश के चलते राजस्थान के कई इलाकों का एक-दूसरे से संपर्क टूट गया है. इस आफत की बारिश के चलते प्रतापगढ़ के जाखम नदी के टापू पर 9 लोग फंस गए, जिन्हें बचाने की कोशिश की गई. इतना ही नहीं बाढ़ जैसे हालात और मूसलाधार बारिश की वजह से लोग जगह-जगह फंस गए हैं. हालांकि मौसम विभाग ने रविवार को भी दक्षिणी-पूर्वी इलाके में भारी बारिश होने का अलर्ट जारी करते हुए लोगों को सतर्क रहने की चेतावनी दी है.
(The above story first appeared on LatestLY on Sep 15, 2019 02:20 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

