देश

UP New Excise Policy: अब एक ही दुकान पर मिलेगी बीयर, देसी और अंग्रेजी शराब, ई-लॉटरी से मिलेगा लाइसेंस; उत्तर प्रदेश की आबकारी नीति में बड़ा बदलाव (Watch Video)

उत्तर प्रदेश सरकार ने आबकारी नीति में बड़ा बदलाव किया है. अब शराब की दुकानों का लाइसेंस लॉटरी सिस्टम के जरिए दिया जाएगा. साथ ही एक ही दुकान पर बीयर, देशी और विदेशी शराब की बिक्री की अनुमति होगी.

UP New Excise Policy: अब एक ही दुकान पर मिलेगी बीयर, देसी और अंग्रेजी शराब, ई-लॉटरी से मिलेगा लाइसेंस; उत्तर प्रदेश की आबकारी नीति में बड़ा बदलाव (Watch Video)
Photo- X/@myogiadityanath & AI

UP New Excise Policy: उत्तर प्रदेश सरकार ने आबकारी नीति में बड़ा बदलाव किया है. अब शराब की दुकानों का लाइसेंस लॉटरी सिस्टम के जरिए दिया जाएगा. साथ ही एक ही दुकान पर बीयर, देशी और विदेशी शराब की बिक्री की अनुमति होगी. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में बुधवार को हुई कैबिनेट बैठक में 2025-26 की नई आबकारी नीति को मंजूरी दी गई. नई नीति के तहत अब देशी-विदेशी शराब, बीयर और भांग की दुकानों का लाइसेंस ई-लॉटरी के माध्यम से मिलेगा.

यानी अब पुराने लाइसेंस धारकों को रिन्यूवल का मौका नहीं दिया जाएगा. हालांकि, वित्तीय वर्ष 2026-27 से लाइसेंस रिन्यूवल का विकल्प दोबारा उपलब्ध होगा.

ये भी पढें: Jhansi Shocker: महज 100 रूपए की शर्त जीतने के लिए लगाईं तालाब में छलांग, डूबकर हुई मौत, झांसी जिले में शराब के नशे में दोस्तों से लगाई थी शख्स ने शर्त

उत्तर प्रदेश की आबकारी नीति में बड़ा बदलाव

कंपोजिट दुकानों का लाइसेंस जारी होगा

पहली बार प्रदेश में कंपोजिट दुकानें खोलने की अनुमति दी गई है, जहां बीयर, देशी और विदेशी शराब एक ही जगह मिलेगी. हालांकि, इन दुकानों पर शराब पीने की इजाजत नहीं होगी. नई नीति के तहत मॉल्स के मल्टीप्लेक्स एरिया में प्रीमियम ब्रांड की दुकानें खोलने की अनुमति नहीं होगी. लेकिन एयरपोर्ट, रेलवे स्टेशन और मेट्रो स्टेशन के मुख्य भवनों में इन्हें मंजूरी दी जाएगी.

छोटी बोतलों में मिलेगी विदेशी शराब

पहली बार 60 एमएल और 90 एमएल की बोतलों में विदेशी शराब बेचने की अनुमति दी गई है. नई नीति के तहत देशी शराब अब एसेप्टिक ब्रिक पैक में मिलेगी, जिससे मिलावट की आशंका खत्म होगी.

होम लाइसेंस लेना होगा आसान

वहीं, कोई व्यक्ति अगर अपने निजी इस्तेमाल के लिए ज्यादा शराब रखना चाहता है, तो उसे वैयक्तिक होम लाइसेंस लेना होगा. इसके लिए सालाना फीस 11,000 रुपये और सिक्योरिटी के रूप में 11,000 रुपये जमा करने होंगे. यह लाइसेंस उन्हीं को मिलेगा, जो पिछले तीन वर्षों से आयकरदाता हैं.

सरकार का लक्ष्य इस नीति से 55,000 करोड़ रुपये का राजस्व जुटाना है, जो पिछले साल से 4,000 करोड़ रुपये ज्यादा है.

(The above story first appeared on LatestLY on Feb 06, 2025 09:46 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).