विदेश

महाभियोग मामला: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को राहत, सीनेट ने सभी आरोपों से किया बरी

बता दें कि दुनिया के सबसे ताकतवर मुल्क अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रम्प पर आरोप था कि उन्होंने सत्ता का दुरुपयोग किया. अमेरिकी राष्ट्रपति पर इल्जाम था कि उन्होंने पद पर रहते हुए यूक्रेन के राष्ट्रपति को दो डेमोक्रेट नेताओं के खिलाफ जांच के लिए दबाव डलवाया.

महाभियोग मामला: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को राहत, सीनेट ने सभी आरोपों से किया बरी
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Photo Credit-IANS)

Donald Trump Impeachment Trail in Senate:  अमेरिकी सीनेट ने देश के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प को पद के दुरुपयोग और कांग्रेस (संसद) की कार्रवाई बाधित करने के आरोपों से बुधवार को बरी कर दिया. ट्रम्प के खिलाफ आरोपों की कई हफ्ते तक जांच के बाद डेमोक्रेटिक पार्टी के बहुमत वाले निम्न सदन प्रतिनिधि सभा ने राष्ट्रपति पर पद के दुरुपयोग और कांग्रेस की कार्रवाई बाधित करने का अभियोग दिसम्बर में लगाया था. रिपब्लिकन बहुमत वाले सीनेट में पद के दुरुपयोग के मामले में 52 सांसदों ने ट्रम्प को बरी करने के लिए और 48 ने उनके खिलाफ वोट डाला. वहीं कांग्रेस की कार्रवाई बाधित करने के आरोप से ट्रम्प को बरी करने के लिए 53 और उन्हें इस मामले में दोषी करार के लिए 47 सांसदों ने वोट किया.

बता दें कि दुनिया के सबसे ताकतवर मुल्क अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रम्प पर आरोप था कि उन्होंने सत्ता का दुरुपयोग किया. अमेरिकी राष्ट्रपति पर इल्जाम था कि उन्होंने पद पर रहते हुए यूक्रेन के राष्ट्रपति को दो डेमोक्रेट नेताओं के खिलाफ जांच के लिए दबाव डलवाया.

यह भी पढ़े: डोनाल्ड ट्रंप ही नहीं अमेरिका के दो राष्‍ट्रपति पर चला है महाभियोग

डोनाल्ड ट्रंप पहले नेता ऐसे राष्ट्रपति नहीं जिनके खिलाफ महाभियोग जारी किया गया हो. इससे पहले साल 1998 में अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति बिल क्लिंटन के खिलाफ महाभियोग की प्रक्रिया चली थी. दरसल राष्ट्रपति बिल क्लिंटन और मोनिका लेविंस्की के सेक्स स्कैंडल ने राजनीति में तूफान ला दिया था. मोनिका लेवेंस्की ने यौन उत्पीड़न के आरोप बिल क्लिंटन पर लगाए थे. जिसके बाद उनके खिलाफ महाभियोग लाया गया था. लेकिन वे भी अपनी कुर्सी बचाने में कामयाब रहें.

क्लिंटन से पहले अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति रिचर्ड निक्‍सन के खिलाफ वॉटरगेट स्कैंडल के मामले कार्रवाई की जाने वाली थी. लेकिन उससे पहले ही साल 1974 में पूर्व राष्‍ट्रपति रिचर्ड निक्‍सन अपने पद से इस्तीफा दे दिया था.  1868 में एंड्रयू जॉनसन के खिलाफ भी महाभियोग लाया गया था. लेकिन उन्होंने भी अपनी कुर्सी बचा ली थी.

(The above story first appeared on LatestLY on Feb 06, 2020 08:50 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).