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बिहार के विधायकों और विधान पार्षदों को पटना में घर के लिए मिलेगी जमीन, मंत्री श्रवण कुमार ने दिया ये बयान

बिहार के 'माननीयों' का अब पटना में जमीन या घर का सपना पूरा हो सकता है. बिहार के विधायक और विधान पार्षद जल्द ही एक को-ऑपरेटिव सोसाइटी बनाकर सरकार से इसकी मांग करेंगे. कई विधायकों ने एक समूह बनाकर इसकी पहल शुरू कर दी है. इस बीच, श्रवण कुमार ने शुक्रवार को कहा कि विधायकों ने मांग उठाई थी कि हमारे लिए एक को-ऑपरेटिव बनाई जाए. यह प्रक्रिया में है.

बिहार के विधायकों और विधान पार्षदों को पटना में घर के लिए मिलेगी जमीन, मंत्री श्रवण कुमार ने दिया ये बयान
बिहार सरकार के मंत्री श्रवण कुमार (Photo Credits: ANI)

बिहार (Bihar) के 'माननीयों' का अब राजधानी पटना (Patna) में जमीन या घर का सपना पूरा हो सकता है. बिहार के विधायक (MLA) और विधान पार्षद (MLC) जल्द ही एक को-ऑपरेटिव सोसाइटी (Cooperative Society) बनाकर सरकार से इसकी मांग करेंगे. कई विधायकों ने एक समूह बनाकर इसकी पहल शुरू कर दी है. इन विधायकों ने अपने स्तर पर को-ऑपरेटिव सोसाइटी बनाने की शुरुआत कर दी है. इसके बाद इस सोसाइटी का निबंधन सहकारिता विभाग में को-ऑपरेटिव सोसाइटी के तौर कराया जाएगा. सूत्रों के मुताबिक, इस सोसायटी के अध्यक्ष संसदीय कार्यमंत्री और जेडीयू (JDU) के वरिष्ठ नेता श्रवण कुमार (Shravan Kumar) को बनाया जाना तय है.

इस बीच, श्रवण कुमार ने शुक्रवार को कहा कि विधायकों ने मांग उठाई थी कि हमारे लिए एक को-ऑपरेटिव बनाई जाए. यह प्रक्रिया में है. यहां तक कि अभी रजिस्ट्रेशन भी शुरू नहीं हुए हैं. उन्होंने कहा कि को-ऑपरेटिव सोसाइटी आम जनता, श्रमिकों, अधिकारियों द्वारा बनाया जाता है, इसमें कुछ भी गलत नहीं है. वहीं, गुरुवार को श्रवण कुमार ने कहा था कि जो भी सदस्य होंगे, उनकी मांग के मुताबिक जमीन की तलाश की जाएगी.

दलीय सीमा से अलग यह सोसाइटी सभी राजनीतिक दलों के विधायकों और विधान पार्षदों के लिए होगी. पटना में जमीन की चाह रखने वाले विधायकों व विधान पार्षदों से आवेदन लिए जाएंगे. इसमें खास शर्त यह होगी कि आवेदन वही विधायक दे सकेंगे, जिनका राजधानी में पहले से अपना कोई मकान या प्लॉट (जमीन) नहीं हो. यह भी पढें- तेजस्वी यादव ने दिल की बात में डबल इंजन वाली सरकार को बताया 'फिसड्डी', कहा- बिहार को है युवा नेतृत्व की जरूरत

सहकारिता मंत्री राणा रणधीर ने कहा कि विधायकों द्वारा इसकी पहल की गई है. अभी तो सोसाइटी बनाने की प्रक्रिया शुरू हुई है, इसके बाद निबंधन होगा और फिर सरकार से जमीन की मांग की जाएगी." उन्होंने यह भी कहा कि बिहार में कई विधायकों का पटना में अपना घर नहीं है और ना ही उन्हें कोई सरकारी आवास उपलब्ध हुआ है. ऐसे विधायकों और विधान पार्षदों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है.

बीजेपी के विधायक सचींद्र प्रसाद भी इस पहल को सही मानते हुए कहते हैं कि इसमें क्या बुराई है. उन्होंने कहा कि सोसाइटी के नियम कानून (बायलॉज) बनाने की प्रक्रिया चल रही है. इसके बाद आगे की कार्रवाई भी जल्द शुरू की जाएगी.

आईएएनएस इनपुट

(The above story first appeared on LatestLY on Aug 02, 2019 03:54 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).