Shailendra's 100th Jayanti 2023: जीवन के हर रंग को गीतों में ढालने में माहिर शैलेंद्र! जानें कवि शैलेंद्र से जुड़े रोचक पहलू!
जिस दौर को हिंदी सिनेमा संगीत का स्वर्णिम युग माना जाता है, उस दौर में साहिर लुधियानवी, कैफ़ी आज़मी, मजरूह सुल्तानपुरी, शकील बदायूंनी जैसे गीतकारों के गीतों की तूती बोलती थी, यद्यपि उनके शब्द उर्दू और फारसी में होते थे.