Relief to BSP MP Afzal Ansari: माफिया मुख्तार के भाई अफजाल अंसारी को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत, बहाल होगी संसद की सदस्यता
सुप्रीम कोर्ट ने पूर्वी उत्तर प्रदेश की गाजीपुर लोकसभा सीट से 2019 में बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के टिकट पर निर्वाचित हुए अफजाल अंसारी को बड़ी राहत दी है. सुप्रीम कोर्ट ने अफजाल अंसारी की गैंगस्टर एक्ट में दोषसिद्धि पर रोक लगा दी है.
नई दिल्ली: सुप्रीम कोर्ट ने पूर्वी उत्तर प्रदेश की गाजीपुर लोकसभा सीट से 2019 में बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के टिकट पर निर्वाचित हुए अफजाल अंसारी को बड़ी राहत दी है. सुप्रीम कोर्ट ने अफजाल अंसारी की गैंगस्टर एक्ट में दोषसिद्धि पर रोक लगा दी है. सुप्रीम कोर्ट ने 2007 के गैंगस्टर अधिनियम के एक मामले में बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के पूर्व सांसद अफजाल अंसारी (Afzal Ansari) की दोषसिद्धि गुरुवार को सशर्त निलंबित कर दी. सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले से अफजाल अंसारी की संसद सदस्यता बहाल होने का रास्ता खुल गया है. Parliament Security Breach: संसद की सुरक्षा में चूक मामले में सुरक्षा स्टाफ से जुड़े 8 लोग सस्पेंड.
न्यायमूर्ति सूर्यकांत, न्यायमूर्ति दीपांकर दत्ता और न्यायमूर्ति उज्ज्वल भुइयां की पीठ ने बहुमत से दिए फैसले में कहा कि उत्तर प्रदेश के गाजीपुर निर्वाचन क्षेत्र से पूर्व सांसद अंसारी लोकसभा में मतदान में हिस्सा नहीं ले सकते और न ही सुविधाओं का लाभ ले सकते हैं लेकिन सदन की कार्यवाही में भाग ले सकते हैं.
साथ ही पीठ ने इलाहाबाद उच्च न्यायालय को दोषसिद्धि तथा सजा के खिलाफ की गई अफजाल अंसारी की आपराधिक अपील का 30 जून 2024 तक निस्तारण करने का निर्देश दिया. न्यायमूर्ति दत्ता ने कहा कि उनकी राय बहुमत से दिए फैसले से अलग रही है और वह अंसारी की अपील खारिज करते हैं.
सुप्रीम कोर्ट ने अफजाल की दोषसिद्धि पर लगाई रोक
शीर्ष न्यायालय ने 31 अक्टूबर को मामले में दोषसिद्धि के निलंबन का अनुरोध करने वाली अंसारी की याचिका पर अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था. इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने 24 जुलाई को दोषसिद्धि को निलंबित करने से इनकार कर दिया था लेकिन मामले में अंसारी को जमानत दे दी थी.
अंसारी ने विशेष एमपी/एमएलए अदालत के फैसले के खिलाफ अपील की, जिसने उसे चार साल की कैद और एक लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनाई थी.
गाजीपुर की विशेष एमपी/एमएलए अदालत ने 29 अप्रैल को अंसारी और उसके भाई एवं पूर्व विधायक मुख्तार अंसारी को 2007 के गैंगस्टर अधिनियम मामले में दोषी ठहराया था. अफजाल अंसारी को चार साल कैद जबकि मुख्तार अंसारी को 10 साल कैद की सजा सुनाई गई थी.
दोनों भाइयों पर 29 नवंबर, 2005 को गाजीपुर के तत्कालीन बीजेपी विधायक कृष्णनंद राय की हत्या और 1997 में वाराणसी के व्यापारी नंद किशोर रूंगटा के अपहरण व हत्या के सिलसिले में उप्र गैंगस्टर अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया था. अफजाल अंसारी को अपहरण-हत्या मामले में दोषी ठहराने और सजा सुनाए जाने के बाद एक मई को लोकसभा सदस्य के रूप में अयोग्य ठहराया गया था.
(The above story first appeared on LatestLY on Dec 14, 2023 02:10 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

