Shrawan & kanwad 2024: नियमों में चूक होने पर भंग हो सकती है कांवड़-यात्रा! जानें क्या हैं कांवड़ियों के लिए निर्धारित नियम?
श्रावण मास के प्रारंभ होते ही भारत के विभिन्न शहरों में कांवड़ियों के जत्थे दिखने लगे हैं. केसरिया परिधान, नंगे पैर, और कंधे पर छोटे-बड़े कांवड़ लिए ये लंबी-लंबी दूरियों पर निरंतर चलते रहते हैं. सतही तौर पर देखने पर ये बहुत साधारण धार्मिक यात्रा लगती है, मगर कांवड़ियों की यह यात्रा इतनी आसान नहीं है.