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World Bicycle Day 2022: क्यों मनाते हैं विश्व साइकिल दिवस? जानें सायक्लिंग से जुड़े कुछ महत्वपूर्ण फैक्ट एवं इसके लाभ!

एक समय था जब एक स्थान से दूसरे स्थान जाने के लिए साइकिल एकमात्र साधन होता था. आज साइकिल का प्रयोग भले ही कम हुआ हो, मगर बाजार में एक से बढ़कर एक स्टाइल की साइकिलें आ गई है, जो तमाम सुविधाओं के कारण महंगी भी हैं.

World Bicycle Day 2022: क्यों मनाते हैं विश्व साइकिल दिवस? जानें सायक्लिंग से जुड़े कुछ महत्वपूर्ण फैक्ट एवं इसके लाभ!
World Bicycle Day

एक समय था जब एक स्थान से दूसरे स्थान जाने के लिए साइकिल एकमात्र साधन होता था. आज साइकिल का प्रयोग भले ही कम हुआ हो, मगर बाजार में एक से बढ़कर एक स्टाइल की साइकिलें आ गई है, जो तमाम सुविधाओं के कारण महंगी भी हैं.

साइकिल की तमाम विशेषताओं, सुविधाओं एवं फायदों को देखते हुए हर वर्ष 3 जून को विश्व साइकिल दिवस मनाया जाता है. कहा जाता है कि शहर एवं कस्बों में छोटी-मोटी दूरियां तय करने के लिए अगर साइकिल का ज्यादा से ज्यादा इस्तेमाल किया जाये तो प्रतिदिन सैकड़ों लीटर पेट्रोल की बचत होने के साथ-साथ पर्यावरण की भी रक्षा होती है. सायक्लिंग से सेहत भी अच्छी रहती है. कोरोना काल में तो सायक्लिंग से सोशल डिस्टेंसिंग के नियमों का भी पालन होता है. आज जापान जैसे देशों में एक बार फिर साइकिल का प्रयोग बढ़ने लगा है. आइये जानें सायकिल से जुड़े कुछ आवश्यक फैक्ट्स

भारत में अब साइकिल गरीबों की सवारी नहीं रही

भारत में साइकिल ने लंबा सफर तय किया है, और वर्तमान में इस मिथक को तोड़ा है कि भारत में साइकिल गरीबों की सवारी होती है. इसका श्रेय हमारे नेताओं और सेना अधिकारियों को जाता है, जिन्होंने इसका निरंतर विकास कर इसे अमीरों की शान से जोड़ा है. किसी समय 300 रुपये में मिलने वाली साइकिल समय के प्रवाह के साथ थोड़ा मॉर्डनाइज किया गया. आज सामान्य साइकिल भी 10 से 12 हजार रुपये में प्राप्त होती है. कहा जाता है कि मनसुख मंडाविया एवं अर्जुन मेघवाल जैसे मंत्रीगण साइकिल से काम पर आते-जाते हैं. कुछ वीडियो में तो पूर्व केंद्रीय मंत्री हर्षवर्धन भी साइकिल सवारी का आनंद लेते देखा गया.

एडवेंचर बनती सायक्लिंग

वर्तमान में अब साइकिल महज छोटी-मोटी दूरियां पूरी करने वाला वाहन भर नहीं रहा, बल्कि आज दुनिया भर में यह मनोरंजन और एडवेंचर का साधन भी बन चुका है. इसे एडवेंचर स्पोर्ट्स मसलन माउंटेन बाइकिंग, साइक्लोट्रॉन, साइकिल स्टंट और साइकिल रेस जैसे रोमांचक खेल से जोड़ दिया गया है.

सेहत के लिए फायदेमंद सायक्लिंग

* सायक्लिंग एक सस्ता साधन है. आप 2-4 किमी की दूरी अगर गाड़ी अथवा स्कूटर से तय करते हैं तो पेट्रोल के नाम पर काफी पैसे खर्च हो जाते हैं, लेकिन सायक्लिंग में आपके पूरे पैसे बचते हैं, और स्वास्थ्य भी अच्छा रहता है.

* एक शोध के अनुसार प्रतिदिन आधा घंटा साइकिलिंग करने से रोग प्रतिरोधक शक्ति (इम्युनिटी) सक्रिय होते हैं, तमाम रोगों से आपको सुरक्षित रखते हैं. इसलिए प्रतिदिन आवश्यक रूप से हर व्यक्ति को सुबह अथवा शाम के समय साइकिल जरूर चलना चाहिए.

* साइकिल चलाते समय आप जो हैंडल मारते हैं, इससे आपको घुटनों अथवा जोड़ों के दर्द से मुक्ति मिलती है. लेकिन ऐसी स्थिति में आपको कितने समय तक सायक्लिंग करनी है, यह अपने चिकित्सक से अवश्य पूछ लेना चाहिए.

* प्रतिदिन सुबह 30 से 40 मिनट तक नियमित सायक्लिंग करने से अतिरिक्त चर्बी कम होती है. जिससे आप मोटापे से दूर रहते हैं, और चुस्त-दुरुस्त बने रहते हैं.

वाहनों की दुनिया में साइकिल एक बार फिर पॉपुलर सवारी की जगह लेने लगी है. भारत में साइकिल केंद्रीय मोटर वाहन अधिनियम के तहत कवर नहीं होती हैं. साइकिल के लिए लाइसेंस, पंजीकरण, रोड टैक्स आदि की भी जरूरत नहीं होती है.abd

(The above story first appeared on LatestLY on Jun 03, 2022 08:46 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).