Non-Veg Food Ban: अयोध्या राम मंदिर के 15 किमी दायरे में नॉन-वेज की ऑनलाइन डिलीवरी पर रोक; जोमैटो-स्विगी भी दायरे में शामिल
अयोध्या राम मंदिर (Photo Credits: Wikipedia)

अयोध्या: उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के अयोध्या (Ayodhya) में धार्मिक मर्यादा और सांस्कृतिक शुचिता को बनाए रखने के लिए प्रशासन ने एक बड़ा कदम उठाया है. अयोध्या राम मंदिर के 15 किलोमीटर के दायरे में अब मांसाहारी भोजन (Non-Vegetarian Food) की बिक्री के साथ-साथ उसकी ऑनलाइन डिलीवरी (Online Delivery) पर भी पूरी तरह से प्रतिबंध लगा दिया गया है. इस आदेश के बाद पहली बार जोमैटो (Zomato) और स्विगी (Swiggy) जैसे ऑनलाइन फूड डिलीवरी प्लेटफॉर्म्स भी इस पाबंदी के दायरे में आ गए हैं.

यह निर्णय उन शिकायतों के बाद लिया गया है जिनमें कहा गया था कि भौतिक दुकानों पर प्रतिबंध के बावजूद, ऑनलाइन ऐप्स के जरिए पंचकोसी परिक्रमा मार्ग और मंदिर के आस-पास के क्षेत्रों में नॉन-वेज भोजन पहुंचाया जा रहा था. यह भी पढ़ें: हमें लेक्चर ना दें... अयोध्या राम मंदिर के धर्म ध्वज पर कमेंट को लेकर भारत ने पाकिस्तान को सुनाई खरी-खरी

ऑनलाइन ऐप्स के लिए कड़े निर्देश

अयोध्या के सहायक खाद्य आयुक्त मणिक चंद्र सिंह ने बताया कि प्रशासन को लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि कुछ होटलों और पर्यटकों द्वारा ऑनलाइन डिलीवरी ऐप्स के माध्यम से मांसाहारी भोजन मंगाया जा रहा है.

उन्होंने स्पष्ट किया, ‘इन शिकायतों का संज्ञान लेते हुए अब ऑनलाइन नॉन-वेज डिलीवरी पर भी रोक लगा दी गई है. सभी होटलों, होमस्टे, दुकानदारों और डिलीवरी कंपनियों को इस संबंध में औपचारिक रूप से सूचित कर दिया गया है.’

परिक्रमा मार्ग की पवित्रता पर जोर

प्रशासन के अनुसार, यह प्रतिबंध अयोध्या धाम और पंचकोसी परिक्रमा मार्ग के अंतर्गत आने वाले सभी प्रतिष्ठानों, गेस्ट हाउसों और होमस्टे पर लागू होगा. अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि इस क्षेत्र की निरंतर निगरानी की जाएगी और आदेश का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी.

सरकार का मानना है कि राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा के बाद यहां आने वाले श्रद्धालुओं की संख्या में भारी वृद्धि हुई है, ऐसे में तीर्थ क्षेत्र की आध्यात्मिक गरिमा बनाए रखना अनिवार्य है.

शराब की दुकानों पर क्या है स्थिति?

नॉन-वेज पर कड़ाई के बीच शराब की बिक्री का मुद्दा अभी भी चर्चा में है. हालांकि अयोध्या नगर निगम (AMC) ने पिछले साल राम पथ और 14 किलोमीटर के दायरे में मांस और शराब की बिक्री पर प्रतिबंध लगाने का प्रस्ताव पारित किया था, लेकिन अभी भी इस क्षेत्र में करीब दो दर्जन लाइसेंस प्राप्त शराब की दुकानें संचालित हो रही हैं.

नगर निगम के एक अधिकारी ने बताया कि मांस की दुकानों को हटाने के प्रयास सफल रहे हैं, लेकिन शराब की दुकानों को बंद करने या शिफ्ट करने के लिए जिला प्रशासन और आबकारी विभाग की अंतिम मंजूरी की प्रक्रिया अभी चल रही है. यह भी पढ़ें: VIDEO: पीएम मोदी ने राम मंदिर के शिखर पर फहराया भगवा ध्वज, दुनिया को दिया रामराज्य का संदेश; अयोध्या में गूंजा जय श्री राम के नारा

श्रद्धालुओं के लिए सात्विक वातावरण

उत्तर प्रदेश सरकार का कहना है कि यह फैसला अयोध्या को एक वैश्विक आध्यात्मिक केंद्र के रूप में विकसित करने के विजन का हिस्सा है. प्रशासन का लक्ष्य है कि मंदिर के आस-पास का पूरा वातावरण पूरी तरह सात्विक और पवित्र बना रहे, ताकि देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं की आस्था को ठेस न पहुंचे.