रक्षाबंधन के मौके पर चंपावत में हुआ 'बग्वाल' उत्सव, पत्थरबाजी में 120 से अधिक लोग हुए घायल
उत्तराखंड के चंपावत में रक्षाबंधन के अवसर पर आयोजित 'बग्वाल' पथराव उत्सव में 120 से अधिक लोग घायल हो गए हैं. जानकारी के मुताबिक, 'बग्वाल' पथराव उत्सव एक स्थानीय देवता को खुश करने के लिए एक अनुष्ठान का हिस्सा है. इस दौरान लोग एक-दूसरे को पत्थर फेंक कर मारते हैं. यह त्योहार हर साल रक्षाबंधन के अवसर पर देवी बाराही के मंदिर में आयोजित किया जाता है.
Raksha Bandhan 2019: उत्तराखंड (Uttarakhand) के चंपावत (Champawat) में रक्षाबंधन के अवसर पर गुरुवार को आयोजित 'बग्वाल' पथराव उत्सव (Bagwal Stone Pelting Festival) में 120 से अधिक लोग घायल हो गए हैं. घायलों को प्राथमिक उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया है. जानकारी के मुताबिक, 'बग्वाल' पथराव उत्सव एक स्थानीय देवी को खुश करने के लिए एक अनुष्ठान का हिस्सा है. इस दौरान लोग एक-दूसरे को पत्थर फेंक कर मारते हैं. यह त्योहार हर साल रक्षाबंधन के अवसर पर देवी बाराही (Goddess Barahi) के मंदिर में आयोजित किया जाता है.
Uttarakhand: 'Bagwal' stone pelting festival held in Champawat, part of a ritual to appease a local deity. More than 120 people injured. The festival is held every year at the temple of goddess Barahi on the occasion of #RakshaBandhan. pic.twitter.com/bU0lKODXt3
— ANI (@ANI) August 15, 2019
'बग्वाल' पथराव उत्सव को उत्तराखंड में 'पत्थर युद्ध' के नाम से भी जाना जाता है. परंपरा के अनुसार, बग्वाल में युवा और बुजुर्ग सभी रणबांकुरे शामिल होते हैं. इन रणबांकुरों के पास पत्थर होते हैं और एक दूसरे पक्ष पर पत्थर फेंकते हैं जिसमें कई लोग घायल हो जाते हैं. यह भी पढ़ें- रक्षाबंधन पर मायके न ले जाने से नाराज यूपी की महिला ने की आत्महत्या
रक्षाबंधन के अवसर पर हर साल आयोजित 'बग्वाल' पथराव उत्सव को देखने के लिए भी काफी भीड़ जुटती है.
(The above story first appeared on LatestLY on Aug 15, 2019 08:15 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

