Aadhaar Myth Buster: क्या कोई आपका बैंक अकाउंट हैक कर सकता है अगर उन्हें आपका 12 अंकों का विशिष्ट आधार नंबर पता हो? जानें सच
12 नंबर का यूनिक आइडेंटीफिकेशन नंबर भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) द्वारा भारत के सभी निवासियों के लिए जारी किया गया है. कोई भी व्यक्ति, किसी भी उम्र और लिंग का इस यूनिक आइडेंटीफिकेशन कार्ड को पाने के लिए नामांकन कर सकता है.
12 नंबर का यूनिक आइडेंटीफिकेशन नंबर भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) द्वारा भारत के सभी निवासियों के लिए जारी किया गया है. कोई भी व्यक्ति, किसी भी उम्र और लिंग का इस यूनिक आइडेंटीफिकेशन कार्ड को पाने के लिए नामांकन कर सकता है. आधार और इसकी सेवाएं लोगों को सरकारी योजनाओं का लाभ उठाने का एक अनूठा अवसर प्रदान करती हैं. आधार को व्यापक रूप से एक नया बैंक खाता खोलने, एक नया सिम कार्ड प्राप्त करने, कंपनियों द्वारा आवश्यक किसी भी प्रलेखन प्रक्रिया के लिए, मोबाइल नंबर सत्यापन सहित अन्य चीजों के लिए पहचान प्रमाण के रूप में उपयोग किया जाता है. लोग आमतौर पर पहचान प्रमाण के रूप में एक नया बैंक खाता खोलते समय अपना आधार कार्ड प्रस्तुत करते हैं. हालांकि, आधार कार्ड की सुरक्षा को लेकर कई सवाल हमारे दिमाग में घूमते रहते हैं. यह भी पढ़ें: Aadhaar Card In PVC Form: आधार कार्ड अब पीवीसी फॉर्म में उपलब्ध, जानें इसके नए फीचर्स, ऐसे करें ऑनलाइन आवेदन
जब भी कोई व्यक्ति अपना आधार कार्ड दिखाता है उसके दिमाग में ये डर बना रहता है कि कहीं उनका बैंक खाता हैक हो गया या उनका व्यक्तिगत विवरण लीक हो गया तो. लेकिन चिंता करने की जरुरत नहीं है. UIDAI ने अपनी आधिकारिक वेबसाइट पर कहा कि अगर आपके आधार नंबर की जानकारी मिलती है तो कोई भी आपके बैंक खाते को हैक नहीं कर सकता है. यूआईडीएआई ने कहा कि केवल एटीएम कार्ड नंबर को जानकर, कोई भी एटीएम मशीन से पैसे नहीं निकाल सकता है. केवल आपके आधार नंबर को जानकर, कोई भी आपके बैंक खाते को हैक नहीं कर सकता है और पैसे नहीं निकाल सकता है. "आपका बैंक खाता सुरक्षित है यदि आप बैंकों द्वारा दिए गए अपने पिन / ओटीपी किस के भी साथ शेयर नहीं करते हैं तो.
यूआईडीएआई ने कहा कि आधार के कारण वित्तीय नुकसान का एक भी मामला नहीं हुआ है और देश के लोगों से आग्रह किया है कि आधार विवरण के साथ बैक अकाउंट की हैकिंग के बारे में ऐसी किसी गलत सूचना का शिकार न बनें. इसमें कहा गया है कि आधार नंबर का इस्तेमाल बैंकिंग या किसी अन्य सेवा के लिए नहीं किया जा सकता है. आधार डुप्लिकेट और नकली पहचान को खत्म करने के लिए एक अनूठा और मजबूत प्रूफ है. इसका उपयोग आधार / प्राथमिक पहचानकर्ता के रूप में कई सरकारी कल्याणकारी योजनाओं और प्रभावी सेवा वितरण के लिए कार्यक्रमों को लागू करने के लिए किया जा सकता है, जिससे पारदर्शिता और सुशासन को बढ़ावा मिलेगा.
(The above story first appeared on LatestLY on Oct 14, 2020 04:22 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

