Top Winter Superfoods: शीत ऋतु में अपने भोजन में करें ये पांच सुपर फूड शामिल! सेहत ही नहीं सौंदर्य की भी होगी हिफाजत!
शीत ऋतु के आगमन के साथ ही क्रमशः पारा गिरने के साथ वातावरण में गलन बढ़ने लगी है, शीत हवाएं स्थिति को और बदतर बना रही हैं. ऐसे में बहुत जरूरी है कि आपके भोजन की थाली में ऐसे सुपर फूड होने चाहिए, जो पौष्टिक और स्वादिष्ट होने के साथ ही आपकी इम्यूनिटी को भी बढ़ाएं, ताकि आप मौसम परिवर्तन से होनेवाली तमाम बीमारियों से सुरक्षित रहें.
शीत ऋतु के आगमन के साथ ही क्रमशः पारा गिरने के साथ वातावरण में गलन बढ़ने लगी है, शीत हवाएं स्थिति को और बदतर बना रही हैं. ऐसे में बहुत जरूरी है कि आपके भोजन की थाली में ऐसे सुपर फूड होने चाहिए, जो पौष्टिक और स्वादिष्ट होने के साथ ही आपकी इम्यूनिटी को भी बढ़ाएं, ताकि आप मौसम परिवर्तन से होनेवाली तमाम बीमारियों से सुरक्षित रहें. यहां सुपर से आशय है, जिसमें पोषक तत्वों विटामिन्स, खनिज एवं एंटीऑक्सीडेंट की उच्च मात्रा तथा कम कैलोरी युक्त हो. ये पोषक तत्व आपकी कोशिकाओं को क्षतिग्रस्त होने से बचाते हैं. आइये बात करते हैं, ऐसे ही पांच सुपर फूड के विभिन्न खूबियों एवं सेवन के तरीकों के बारे में.
देशी घी
देशी घी स्वास्थ्य के लिए लाभकारी पोषक तत्वों एवं वसा से भरपूर सुपरफूड है. इसमें विटामिन ई, विटामिन ए और एंटीऑक्सीडेंट्स प्रचुर मात्रा में होता है. खाने में शुद्ध घी का इस्तेमाल मेटाबॉलिज्म को बढ़ाता है और मोटापे पर नियंत्रण रखता है. इससे त्वचा, आंख और हड्डियां तथा आंतें स्वस्थ रहती है. इससे पाचन क्रिया मजबूत होती है और कब्ज की संभावना नहीं रहती. इसके विपरीत चूंकि शुद्ध घी संतृप्त वसा की श्रेणी में आता है, इसलिए अपने आहार में घी का कम इस्तेमाल करना चाहिए.
शुद्ध घी का इस्तेमाल रोटी, भाकरी, खाखरा, डोसा, खिचड़ी, दाल आदि में एक चम्मच घी का सेवन करना पर्याप्त होगा. दिन में दो बार एक से दो चम्मच घी लिया जा सकता है.
बाजरा
शीत ऋतु में बाजरा से बने खाद्य-पदार्थों के सेवन से शरीर गर्म रहता है, मांसपेशियां एवं हड्डियां मजबूत बनती हैं. इसमें प्रोटीन की मात्रा लस मुक्त होने से ग्लूटोन एलर्जी वालों के लिए ऊर्जा का बेहतर स्रोत बनाती है. बाजरा में युक्त आयरन और ओमेगा-3 रक्तचाप एवं हृदय संकुचन को नियंत्रित करता है. बाजरे में युक्त आयरन और फोलिक एसिड गर्भवती एवं स्तनपान कराने वाली महिलाओं के लिए लाभकारी होती है. इसमें प्रयुक्त उच्च फाइबर सामग्री इसे प्रीबायोटिक बनाती है, और रक्त शर्करा को नियंत्रित करती है. कोलेस्ट्रॉल स्तर एवं मोटापे को कम करती है. इसमें प्रयुक्त कैल्शियम और प्रोटीन बच्चों के विकास के लिए उपयोगी है.
बाजरे का सेवन रोटी, खिचडी, लड्डू आदि के रूप में क्या जा सकता है.
गुड़
गुड़ में तमाम पौष्टिक तत्व होते हैं. इसमें एंटीऑक्सीडेंट, महत्वपूर्ण विटामिन, खनिज एवं आयरन होने से पाचन क्रिया, रक्त संचार एवं मांसपेशियों की कोशिकाओं के निर्माण में मदद मिलती है. इसके सेवन से कब्जियत, मनोभ्रंश (स्मृति हानि) तथा कैंसर पर नियंत्रण होता है. सर्दी में ताजा गुड़ आते हैं, इसके सेवन से शरीर को गर्मी मिलती है, इसमें इम्युनिटी बढ़ाने की प्रचुर शक्ति होती है. गुड़ सर्दी, खांसी, जुकाम में फायदा होता है. खनिजों की उच्च सांद्रता से शरीर का तापमान नियंत्रित रहता है. एवं आयरन की कमी वाले एनीमिया को रोकता है.
गुड़ का सेवन चिक्की, गजक अथवा गुड़-पोली बनाकर किया जा सकता है. खाने के बाद प्रतिदिन गुड़ की एक छोटी डली खाने से पाचन सुचारु होता है.
आंवला
आंवला सर्दी के मौसम का बेहद स्पेशल सुपर फूड माना जाता है. आंवला एंटीऑक्सीडेंट विटामिन्स सा समृद्ध स्त्रोत है. नींबू, संतरा और कीवी की तुलना में आंवला ज्यादा लाभकारी होता है. इसमें महत्वपूर्ण पॉलीफेनोल्स, अल्कलॉइड और फ्लेवोनोइड्स भी शामिल हैं. यह च्यवनप्राश का मुख्य घटक है. इसे कायाकल्प एवं इम्यूनिटी बूस्टर के लिए भी बहुत महत्वपूर्ण माना जाता है. आंवला में उच्च फाइबर और विटामिन-सी युक्त होने से यह बालों, त्वचा एवं नाखून के लिए प्रतिष्ठित सौंदर्य सामग्री बनाने के काम भी आता है.
आंवले को कच्चा काटकर नमक के साथ खाना भी लाभदायक होता है. इसके अलावा आंवले का अचार, चटनी और मुरब्बा आदि बनाकर भी खाया जा सकता है.
हल्दी
हल्दी में सेहत एवं सौंदर्य संबंधी तमाम गुण होते हैं. इसमें एंटी बैक्टीरियल, एंटी फंगल और एंटी इंफ्लेमेटरी गुण होते हैं. सर्दी के मौसम में हड्डियों, जोड़ों में दर्द एवं जकड़न की शिकायत आम है
(The above story first appeared on LatestLY on Nov 30, 2022 08:29 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

