Weather Forecast Today, January 21: भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, आज यानी 21 जनवरी 2026 को देश के मौसम में बड़े बदलाव देखने को मिल सकते हैं. एक सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) के प्रभाव के कारण अगले सात दिनों तक पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र में बारिश और बर्फबारी का सिलसिला जारी रहने का अनुमान है. जहां पहाड़ों पर भारी बर्फबारी की चेतावनी दी गई है, वहीं मैदानी इलाकों में घना कोहरा छाए रहने की संभावना है.
पहाड़ी क्षेत्रों में बर्फबारी और भारी बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग ने जानकारी दी है कि 22 और 23 जनवरी को कश्मीर घाटी में छिटपुट भारी बारिश और बर्फबारी हो सकती है. इसके अलावा, 23 जनवरी को हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के कई हिस्सों में भी बर्फबारी का पूर्वानुमान जताया गया है. पहाड़ों पर होने वाली इस हलचल का असर उत्तर भारत के मैदानी इलाकों पर भी पड़ेगा, जिससे आने वाले दिनों में तापमान में गिरावट दर्ज की जा सकती है. यह भी पढ़े: Weather Forecast Today, January 19: दिल्ली-NCR में कोहरे और प्रदूषण की दोहरी मार, पहाड़ों पर बर्फबारी और दक्षिण में बारिश के आसार
मैदानी इलाकों में कोहरा और ठंडी हवाएं
पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ के अलग-अलग स्थानों पर अगले दो से तीन दिनों तक घना कोहरा छाए रहने की संभावना है. दिल्ली-एनसीआर में भी सुबह के समय धुंध और हल्का कोहरा बना रहेगा, हालांकि दिन चढ़ने के साथ आसमान साफ होने की उम्मीद है.
प्रमुख महानगरों में आज के मौसम का हाल
मौसम पूर्वानुमान सेवा 'विंडी' और आईएमडी के आंकड़ों के अनुसार, आज 21 जनवरी को देश के बड़े महानगरों में बारिश की कोई संभावना नहीं है.
| शहर | मौसम की स्थिति (21 जनवरी) |
| मुंबई | आसमान साफ रहेगा, बारिश का कोई अनुमान नहीं. |
| दिल्ली | आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे, बारिश की संभावना नहीं. |
| बेंगलुरु | मौसम शुष्क रहेगा, धूप खिली रहेगी. |
| चेन्नई | उमस भरा और साफ मौसम रहने की उम्मीद है. |
| हैदराबाद | दिन भर धूप और साफ आसमान रहेगा. |
| कोलकाता | मौसम सुहावना और शुष्क बना रहेगा. |
| शिमला | कड़ाके की ठंड, लेकिन बुधवार को बारिश की चेतावनी नहीं. |
आगामी बदलाव
पश्चिमी विक्षोभ एक ऐसी मौसम प्रणाली है जो भूमध्यसागरीय क्षेत्र से आती है और सर्दियों के दौरान उत्तर भारत में बारिश और बर्फबारी लाती है. इस सप्ताह के अंत तक उत्तर-पश्चिम भारत के राज्यों में ठंड और बढ़ने की उम्मीद है क्योंकि पहाड़ों से आने वाली सर्द हवाएं मैदानी क्षेत्रों में ठिठुरन बढ़ा सकती हैं.












QuickLY