देश

Vyapam: फिर हुआ व्यापमं घोटाला? कृषि अधिकारी भर्ती परीक्षा के सभी 10 टॉपर्स एक ही कॉलेज से, नंबर भी बराबर और गलतियां भी एक समान

मध्य प्रदेश में पिछले दिनों आयोजित कृषि विस्तार अधिकारी और वरिष्ठ कृषि अधिकारी की परीक्षा में हुई गड़बड़ी चर्चाओं में है. ऐसा इसलिए कि इस परीक्षा के 10 टॉपर के नंबर लगभग एक जैसे आए हैं. मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने इस पूरे मामले की जांच के आदेश दे दिए हैं.

Vyapam: फिर हुआ व्यापमं घोटाला? कृषि अधिकारी भर्ती परीक्षा के सभी 10 टॉपर्स एक ही कॉलेज से, नंबर भी बराबर और गलतियां भी एक समान
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान (Photo Credits: Facebook)

भोपाल: मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) में पिछले दिनों आयोजित कृषि विस्तार अधिकारी और वरिष्ठ कृषि अधिकारी की परीक्षा में हुई गड़बड़ी चर्चाओं में है. ऐसा इसलिए कि इस परीक्षा के 10 टॉपर के नंबर लगभग एक जैसे आए हैं. मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान (Shivraj Singh Chouhan) ने इस पूरे मामले की जांच के आदेश दे दिए हैं. यह परीक्षा प्रोफेशनल एग्जामिनेशन बोर्ड ने आयोजित की थी जिसे पहले कभी व्यापम (Vyapam) कहा जाता था. यह परीक्षा 11 और 12 फरवरी को हुई थी और जब इसका रिजल्ट आया तो सफल उम्मीदवारों की सूची में टॉपर 10 छात्रों के नंबर एक जैसे पाए गए. इसी को लेकर सवाल उठे. दिवंगत सांसद नंदकुमार सिंह चौहान के नाम पर होगा खंडवा मेडिकल कॉलेज, सीएम शिवराज सिंह चौहान ने की घोषणा

सूत्रों का दावा है कि इस परीक्षा की जो आंसर शीट जारी की गई, उसमें कई सफल प्रतिभागियों के नंबर लगभग बराबर पाए गए और सभी ने लगभग एक समान गलती थी. इतना ही नहीं वे उम्मीदवार भी इस परीक्षा में सफल हुए जो कभी बीएससी एग्रीकल्चर की तीन साल की पढ़ाई को कई साल में पूरा कर पाए और कई बार फेल भी हुए थे. इसके अलावा इस परीक्षा को आयोजित करने की जिम्मेदारी पीईबी ने ऐसी संस्था को दी थी, जो पहले से ही व्यापमं में हुई गड़बड़ियों के कारण विवादों में रही है और उत्तर प्रदेश ने तो उस संस्था को ब्लैक लिस्टेड ही कर दिया था.

इस मामले को लेकर कांग्रेस ने भी हमलावर रुख अपनाया था और परीक्षा की निष्पक्षता और पारदर्शिता पर सवाल उठाए थे. उधर, इस परीक्षा के विवादों में आने पर मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने जांच के आदेश दिए हैं. उन्होंने कहा है, "कृषि विकास अधिकारी के पद के लिए व्यवसायिक परीक्षा मंडल द्वारा ली गई परीक्षा में शीर्ष 10 स्थान पाने वाले विद्यार्थियों के समान अंक होने का मामला मेरे संज्ञान में आया है. मैंने इस मामले की विस्तृत जांच के आदेश अधिकारियों को दे दिए हैं."

मुख्यमंत्री चौहान द्वारा जांच के आदेश दिए जाने के बाद पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने कहा है कि, "संयोग या धांधली : व्यापमं की परीक्षा में सभी 10 टॉपर्स एक ही कॉलेज के छात्र, सबके नंबर भी बराबर!! शिवराज आया और व्यापम घोटाला फिर लाया, इसकी भी जांच कराऐंगे, साथ में वीडी शर्मा जो कि मुरैना के हैं और स्वयं बीएससी एजी हैं उन पर भी संदेह की सूई घूम सकती है."

(The above story first appeared on LatestLY on Mar 06, 2021 03:43 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).