Wadala Horror: मुंबई के वडाला में दर्दनाक हादसा, कंटेनर से 40 टन की लोहे की प्लेट नीचे गिरा, दबने से कार चालक की मौत (Disturbing Video)
Cab Driver Crushed to Death by 40-Ton Iron Plate on Eastern Freeway in Mumbai's Wadala (Photo Credits: X/@sirajnoorani)

 Wadala Horror: आर्थिक राजधानी मुंबई के वडाला इलाके में शुक्रवार, 27 फरवरी की तड़के एक रोंगटे खड़े कर देने वाला हादसा सामने आया. ईस्टर्न फ्रीवे के नीचे सिवरी-चेम्बूर रोड पर एक चलते कंटेनर ट्रक से लगभग 40 टन वजनी लोहे की विशाल प्लेट एक अर्टिगा कार पर गिर गई. इस घटना में कार चला रहे 35 वर्षीय मोहम्मद जमीर हसनुद्दीन सिद्दीकी की मौके पर ही दबकर मौत हो गई.

6 घंटे तक चला राहत और बचाव कार्य

हादसा इतना भीषण था कि भारी-भरकम लोहे की प्लेट के नीचे दबकर कार पूरी तरह पिचक गई. मलबे से चालक के शव को निकालने के लिए प्रशासन को कड़ी मशक्कत करनी पड़ी. वडाला पुलिस और दमकल विभाग ने तीन भारी क्रेन और एक पोकलेन मशीन की मदद से करीब 6 घंटे की मशक्कत के बाद सुबह 8 बजे शव को बाहर निकाला. मृतक सिद्दीकी बीकेसी के पास मोहम्मद एस्टेट के निवासी थे और हादसे के वक्त सवारी छोड़कर लौट रहे थे. यह भी भी पढ़े:  Mulund Metro Slab Collapse: मुलुंड मेट्रो हादसे पर डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे की कार्रवाई, इंजीनियर सस्पेंड, दुर्घटना में एक व्यक्ति की मौत, 3 हुए है जख्मी

 वडाला में दर्दनाक हादसा

खराब सड़क और लापरवाही बनी हादसे की वजह

प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि बीपीटी रोड पर गहरे गड्ढों और ऊबड़-खाबड़ पैच के कारण कंटेनर को जोरदार झटका लगा. इस झटके से औद्योगिक मशीनरी को बांधने वाली लोहे की जंजीरें टूट गईं और विशाल प्लेट कार पर जा गिरी. प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, यह कंटेनर मुंबई पोर्ट से सूरत, गुजरात की ओर जा रहा था.

पुलिस की कार्रवाई और एफआईआर

वडाला पुलिस ने कंटेनर चालक के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं के तहत लापरवाही से मौत का मामला दर्ज किया है. हालांकि चालक शुरुआत में मौके से फरार हो गया था, लेकिन बाद में पुलिस ने ठाणे स्थित ट्रांसपोर्ट फर्म की मदद से उसे हिरासत में ले लिया. जांच दल अब इस बात की पुष्टि कर रहा है कि क्या भारी वजन के हिसाब से कार्गो को सुरक्षा मानकों के अनुरूप बांधा गया था या नहीं.

बुनियादी ढांचे पर उठते सवाल

सिवरी-वडाला-चेम्बूर कॉरिडोर मुंबई पोर्ट ट्रस्ट से भारी रसद की आवाजाही के लिए एक महत्वपूर्ण मार्ग है. स्थानीय निवासियों और सुरक्षा विशेषज्ञों ने लंबे समय से ईस्टर्न फ्रीवे के नीचे की सड़कों के रखरखाव और खराब रोशनी की समस्या उठाई है. इस दुखद घटना ने एक बार फिर रिहायशी इलाकों में भारी वाहनों की आवाजाही और उनके सुरक्षा ऑडिट की सख्त जरूरत को रेखांकित किया है.