Muhurat Trading 2025: इस साल मुहूर्त ट्रेडिंग का बदला समय, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज ने जारी किया नया शेड्यूल
Muhurat Trading 2025

Muhurat Trading 2025 Date and Time: नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) ने दिवाली के अवसर पर होने वाली मुहूर्त ट्रेडिंग (Muhurat Trading Schedule 2025) का शेड्यूल जारी कर दिया है. इस साल यह खास ट्रेडिंग सेशन 21 अक्टूबर 2025 (मंगलवार) को आयोजित किया जाएगा. परंपरा के अनुसार, लक्ष्मी पूजा के दिन यानी दिवाली पर निवेशकों के लिए विशेष एक घंटे का ट्रेडिंग सेशन आयोजित किया जाता है.

मुहूर्त ट्रेडिंग 2025 का शेड्यूल

एनएसई की ओर से जारी सर्कुलर के अनुसार इस बार मुहूर्त ट्रेडिंग सेशन दोपहर में आयोजित किया जाएगा. इसके तहत प्री-ओपनिंग सेशन (Pre-Opening Session) दोपहर 1:30 बजे से शुरू होगा, जबकि मार्केट 1:45 बजे खुलेगा और 2:45 बजे बंद होगा. इसके बाद निवेशकों को 2:45 बजे से 3:45 बजे तक मुहूर्त ट्रेडिंग का अवसर मिलेगा. पिछले साल यानी 2024 में यह विशेष सेशन 1 नवंबर को शाम 6:00 से 7:00 बजे तक आयोजित हुआ था. इस बार समय में बड़ा बदलाव किया गया है, क्योंकि आमतौर पर यह परंपरागत ट्रेडिंग सेशन शाम को आयोजित होता है, लेकिन 2025 में इसे दोपहर में शिफ्ट किया गया है.

क्या है मुहूर्त ट्रेडिंग? (What is Muhurat Trading)

मुहूर्त ट्रेडिंग का सीधा संबंध परंपरा और शुभ समय से है. हिंदू पंचांग के अनुसार दिवाली के दूसरे दिन यानी दिवाली पदवा (Diwali Padwa) से नए वित्तीय वर्ष की शुरुआत मानी जाती है. इस मौके पर निवेश को बेहद शुभ माना जाता है, और निवेशक इस खास अवसर पर शेयर बाजार में लेन-देन करते हैं. हर साल एक घंटे का यह विशेष सेशन आयोजित किया जाता है, जिसमें निवेशक नए निवेश की शुरुआत करते हैं या अपने पुराने निवेश को आगे बढ़ाते हैं.

भले ही यह ट्रेडिंग सेशन केवल एक घंटे का होता है, लेकिन इसकी सांस्कृतिक और भावनात्मक अहमियत बहुत गहरी है. इसे आर्थिक समृद्धि और उज्जवल भविष्य का प्रतीक माना जाता है, इसी कारण बड़ी संख्या में निवेशक मुहूर्त ट्रेडिंग को शुभ मानकर इसमें भाग लेते हैं.

परंपरा और इतिहास

मुहूर्त ट्रेडिंग की शुरुआत साल 1957 में बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) ने की थी. इसके बाद नेशनल स्टॉक एक्सचेंज पर इसकी शुरुआत 1992 में हुई थी. तब से लेकर अब तक, पिछले 50 से अधिक वर्षों से यह परंपरा लगातार जारी है और निवेशकों के बीच बेहद लोकप्रिय बनी हुई है. आमतौर पर मुहूर्त ट्रेडिंग सेशन शाम को आयोजित किया जाता है, लेकिन इस बार एनएसई ने इसमें बदलाव करते हुए इसे दोपहर में आयोजित करने का फैसला किया है. इस बदलाव को निवेशकों ने उत्साह के साथ स्वीकार किया है, क्योंकि यह अवसर न सिर्फ निवेश की नई शुरुआत का प्रतीक है बल्कि इसे आर्थिक प्रगति और समृद्धि से भी जोड़ा जाता है.

निवेशकों के लिए मुहूर्त ट्रेडिंग का महत्व

मुहूर्त ट्रेडिंग को निवेशकों के लिए नई शुरुआत और शुभ निवेश का अवसर माना जाता है. यही कारण है कि कई नए निवेशक इस मौके पर शेयर बाजार में कदम रखते हैं, जबकि पुराने निवेशक इसे शुभ समय मानकर अपनी निवेश यात्रा को आगे बढ़ाते हैं. परंपरागत रूप से इस दौरान किया गया निवेश समृद्धि और सफलता का प्रतीक माना जाता है. यही वजह है, कि हर साल निवेशक इस खास सेशन का बेसब्री से इंतजार करते हैं.

इस बार भी मुहूर्त ट्रेडिंग को लेकर बाजार में खासा उत्साह है. हाल ही में भारतीय शेयर बाजार में तेजी का माहौल देखने को मिला है, जिससे निवेशकों की उम्मीदें और अधिक बढ़ गई हैं.