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GST सुधार से सीमेंट कंपनियों का ऑपरेटिंग मुनाफा वित्त वर्ष 26 में 100-150 रुपए प्रति टन बढ़ने का अनुमान: रिपोर्ट

वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) में कटौती से सीमेंट कंपनियों का ऑपरेटिंग मुनाफा 100 से 150 रुपए प्रति टन बढ़ सकता है. यह जानकारी मंगलवार को जारी एक रिपोर्ट में दी गई. क्रेडिट रेटिंग एजेंसी आईसीआरए ने अपनी रिपोर्ट में कहा कि सरकार के इस कदम से ग्रामीण आवास में कुल निर्माण खर्च में 0.8-1 प्रतिशत की कमी आएगी, जिससे निर्माण कार्य की मात्रा में वृद्धि होगी और क्षमता वृद्धि को बढ़ावा मिलेगा.

GST सुधार से सीमेंट कंपनियों का ऑपरेटिंग मुनाफा वित्त वर्ष 26 में 100-150 रुपए प्रति टन बढ़ने का अनुमान: रिपोर्ट
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नई दिल्ली, 23 सितंबर : वस्तु एवं सेवा कर (GST) में कटौती से सीमेंट कंपनियों का ऑपरेटिंग मुनाफा 100 से 150 रुपए प्रति टन बढ़ सकता है. यह जानकारी मंगलवार को जारी एक रिपोर्ट में दी गई. क्रेडिट रेटिंग एजेंसी आईसीआरए ने अपनी रिपोर्ट में कहा कि सरकार के इस कदम से ग्रामीण आवास में कुल निर्माण खर्च में 0.8-1 प्रतिशत की कमी आएगी, जिससे निर्माण कार्य की मात्रा में वृद्धि होगी और क्षमता वृद्धि को बढ़ावा मिलेगा. सीमेंट की अच्छी मांग के चलते, वित्त वर्ष 26 में सीमेंट की औसत प्राप्ति (जीएसटी को हटाकर एक्स-फैक्ट्री कीमत) में 3-5 प्रतिशत की वृद्धि होने की उम्मीद है, जबकि इनपुट कीमतें सीमित दायरे में रहने की उम्मीद है.

इसके अलावा, वित्त वर्ष 26 में ब्याज, कर, मूल्यह्रास और परिशोधन से पहले परिचालन लाभ (OPBIDTA) 12-18 प्रतिशत बढ़कर 900-950 रुपए प्रति मीट्रिक टन होने की संभावना है. कुछ क्षेत्रों में मानसून के जल्दी आने के बावजूद, आवास और इन्फ्रास्ट्रक्चर क्षेत्रों से मजबूत मांग के कारण वित्त वर्ष 26 के 5 महीनों में सीमेंट की मात्रा में 8.5 प्रतिशत की वृद्धि हुई. चालू वित्त वर्ष के पहले पांच महीनों में सीमेंट की कीमतों में सालाना आधार पर 7.4 प्रतिशत की वृद्धि हुई है, जिसमें उत्तरी और पूर्वी क्षेत्रों में प्रमुख वृद्धि हुई है. रिपोर्ट के मुताबिक, हाल ही में सरकार की ओर से सीमेंट पर जीएसटी दर को 28 प्रतिशत से घटाकर 18 प्रतिशत करने से लाभ ग्राहकों को मिलने की उम्मीद है, और वर्तमान में सीमेंट की औसत खुदरा कीमत 350-360 रुपए प्रति बैग के बीच है, जिससे उपभोक्ताओं को प्रति बैग 26-28 रुपए का लाभ होने का अनुमान है. यह भी पढ़ें : ‘Akhilesh Yadav On Azam Khan: सपा सरकार बनने पर फर्जी केस वापस लेंगे’, आजम खान की रिहाई पर अखिलेश यादव का बयान

रिपोर्ट के अनुसार, वित्त वर्ष 2025 में, कमजोर प्राप्तियों (विशेषकर वित्त वर्ष 25 की पहली छमाही के दौरान, मानसून के लंबे होने और आम चुनावों के बीच सरकारी पूंजीगत व्यय पर प्रभाव के कारण) के कारण ओपीबीआईडीटीए/एमटी में सालाना आधार पर 16 प्रतिशत की गिरावट आई थी. कुल मिलाकर, बड़े सीमेंट उत्पादकों की क्रेडिट प्रोफाइल स्थिर रहने की उम्मीद है, जो परिचालन आय में अच्छी वृद्धि, परिचालन मार्जिन में अपेक्षित सुधार और सुविधाजनक लीवरेज मेट्रिक्स के कारण संभव है. हाल के वर्षों में इस उद्योग में समेकन देखा गया है, और मध्यम अवधि में बड़ी कंपनियों का प्रदर्शन मध्यम आकार की कंपनियों की तुलना में बेहतर रहने की उम्मीद है. आईसीआरए की कॉर्पोरेट रेटिंग्स की उपाध्यक्ष और सह-समूह प्रमुख, अनुपमा रेड्डी ने कहा, "आईसीआरए का अनुमान है कि मार्च 2026 तक कुल बिजली उत्पादन में हरित ऊर्जा का योगदान 43-45 प्रतिशत होगा, जबकि मार्च 2023 तक यह लगभग 35 प्रतिशत था."

(The above story first appeared on LatestLY on Sep 23, 2025 02:16 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).