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अयोध्या: GST डिप्टी कमिश्नर प्रशांत सिंह ने लिया इस्तीफा वापस, अपने ही भाई पर लगाए सनसनीखेज आरोप; VIDEO

अयोध्या में तैनात जीएसटी डिप्टी कमिश्नर प्रशांत कुमार सिंह ने अपना इस्तीफा वापस ले लिया है. उन्होंने अपने भाई को अपराधी बताते हुए खुद पर लगे फर्जी दिव्यांग प्रमाण पत्र के आरोपों को निराधार बताया है.

अयोध्या: GST डिप्टी कमिश्नर प्रशांत सिंह ने लिया इस्तीफा वापस, अपने ही भाई पर लगाए सनसनीखेज आरोप; VIDEO
(Photo Credits India TV)

अयोध्या, 31 जनवरी: उत्तर प्रदेश के अयोध्या में तैनात जीएसटी (GST) डिप्टी कमिश्नर प्रशांत कुमार सिंह ने अपना इस्तीफा वापस ले लिया है. शनिवार को अपने कार्यालय पहुंचे प्रशांत सिंह ने स्पष्ट किया कि उन्होंने बिना किसी बाहरी दबाव के अपना इस्तीफा वापस लिया है और वे दोबारा अपनी जिम्मेदारियां संभाल रहे हैं. इस दौरान उन्होंने अपने सगे भाई और मऊ के मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए हैं.

"मेरा भाई मुख्तार गैंग का सदस्य"

मीडिया से बातचीत करते हुए प्रशांत सिंह ने अपने भाई विश्वजीत सिंह पर बेहद गंभीर आरोप लगाए. उन्होंने कहा, "मेरा भाई विश्वजीत सिंह मुख्तार अंसारी के मऊ गैंग का सक्रिय सदस्य है और उसका वित्तीय सलाहकार रहा है. उसके खिलाफ कई आपराधिक मामले दर्ज हैं." उन्होंने आगे आरोप लगाया कि विश्वजीत ने अपने माता-पिता के साथ मारपीट की है और जियो (Jio) शाखा प्रबंधक को जान से मारने की धमकी भी दी है. प्रशांत सिंह के मुताबिक, उनके भाई का काम लोगों पर दबाव बनाकर पैसे वसूलना है. यह भी पढ़े:  VIDEO: ममता कुलकर्णी का चौंकाने वाला बयान, अंडरवर्ल्ड सरगना दाऊद इब्राहिम ने मुंबई ब्लास्ट नहीं किया, वह आतंकवादी नहीं

GST डिप्टी कमिश्नर प्रशांत सिंह ने लिया इस्तीफा वापस

फर्जी दिव्यांग प्रमाण पत्र विवाद पर सफाई

प्रशांत सिंह पर लगे फर्जी दिव्यांग प्रमाण पत्र के आरोपों पर उन्होंने स्थिति स्पष्ट की. उन्होंने बताया कि साल 2021 में विश्वजीत सिंह ने ही मऊ के सीएमओ को एक आवेदन दिया था, जिसमें उनके प्रमाण पत्र को फर्जी बताया गया था. प्रशांत सिंह ने कहा, "हैरानी की बात यह है कि मऊ के सीएमओ ने उस फर्जी आवेदन पर संज्ञान लेते हुए सीधे मेरे खिलाफ जांच के आदेश दे दिए, जबकि वह प्रमाण पत्र उन्हीं के कार्यालय से जारी हुआ था."

"जब प्रमाण पत्र असली है, तो जांच क्यों?"

प्रशांत सिंह ने बताया कि जांच के दौरान अयोध्या के मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने मऊ के सीएमओ से प्रमाण पत्र की सत्यता के बारे में पूछा था. इसके जवाब में मऊ के सीएमओ ने लिखित में स्वीकार किया कि प्रमाण पत्र पूरी तरह असली है. डिप्टी कमिश्नर ने सवाल उठाया कि जब विभाग खुद इसे सही मान रहा है, तो बार-बार उनके प्रमाण पत्र को फर्जी बताकर उन्हें परेशान क्यों किया जा रहा है.

बिना दबाव के काम पर वापसी

प्रशांत सिंह ने उन चर्चाओं पर विराम लगा दिया जिनमें उनके इस्तीफे के पीछे किसी राजनीतिक या प्रशासनिक दबाव की बात कही जा रही थी. उन्होंने कहा कि वे आज अपने कार्यालय में हैं और पूरी निष्ठा के साथ अपना काम कर रहे हैं. उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि उनके भाई के आपराधिक इतिहास और उनके खिलाफ की जा रही साजिशों की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए.

(The above story first appeared on LatestLY on Jan 31, 2026 05:11 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).