IPL 2026 देखना होगा और भी महंगा: मैच टिकटों पर GST दर बढ़कर हुई 40%, जानिए आपकी जेब पर कितना बढ़ेगा बोझ
साल 2026 में होने वाले इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) के लिए प्रशंसकों को अपनी जेब और ढीली करनी पड़ेगी. जीएसटी परिषद के नए सुधारों के तहत आईपीएल टिकटों पर टैक्स की दर 28% से बढ़ाकर 40% कर दी गई है, जिससे टिकटों की कीमतों में भारी उछाल आना तय है.
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नई दिल्ली: क्रिकेट (Cricket) के दीवानों के लिए एक बड़ा झटका सामने आया है. आगामी इंडियन प्रीमियर लीग ( Indian Premier League) यानी आईपीएल 2026 (IPL 2026) के मैचों को स्टेडियम में जाकर देखना अब काफी महंगा होने वाला है. भारत सरकार (Government of India) के अप्रत्यक्ष कर ढांचे में हुए हालिया बदलावों के कारण, आईपीएल टिकटों (IPL Tickets) पर लगने वाले वस्तु एवं सेवा कर (Goods and Services Tax) (GST) की दर को 28 प्रतिशत से बढ़ाकर 40 प्रतिशत कर दिया गया है. यह निर्णय जीएसटी परिषद की 56वीं बैठक में लिया गया था, जिसे अब प्रभावी रूप से लागू किया जा रहा है. यह भी पढ़ें: T20 World Cup 2028: कब और कहां खेला जाएगा अगला टी20 वर्ल्ड कप, 12 टीमों ने पक्की की अपनी जगह
'लक्जरी' श्रेणी में शामिल हुआ आईपीएल
जीएसटी परिषद ने आईपीएल को 'लक्जरी और डेमेरिट' (luxury and demerit) सेवाओं की श्रेणी में रखा है. इस नई वर्गीकरण के साथ ही दुनिया की यह सबसे अमीर क्रिकेट लीग अब कैसीनो, रेस क्लब और हाई-एंड गैंबलिंग सेवाओं के साथ एक ही टैक्स ब्रैकेट में आ गई है. सरकार का उद्देश्य मनोरंजन के व्यावसायिक और विलासिता वाले क्षेत्रों से अधिक राजस्व प्राप्त करना है.
टिकटों की कीमतों पर सीधा असर
टैक्स में 12 प्रतिशत की इस बढ़ोतरी का सीधा असर दर्शकों की जेब पर पड़ेगा. उदाहरण के तौर पर:
- साधारण टिकट: यदि किसी टिकट की बेस प्राइस ₹1,000 है, तो पहले 28% जीएसटी के साथ प्रशंसकों को ₹1,280 देने पड़ते थे। अब 40% जीएसटी के साथ उसी टिकट की कीमत ₹1,400 हो जाएगी.
- प्रीमियम और वीआईपी सेगमेंट: बेंगलुरु और मुंबई जैसे शहरों में, जहाँ प्रीमियम सीटों की कीमत ₹20,000 से अधिक होती है, वहां टैक्स का बोझ हजारों रुपये बढ़ जाएगा.
अंतरराष्ट्रीय मैचों और अन्य खेलों में अंतर
हालांकि सरकार ने व्यावसायिक लीग और अंतरराष्ट्रीय खेलों के बीच स्पष्ट अंतर रखा है:
- अंतरराष्ट्रीय मैच: भारतीय राष्ट्रीय टीम के अंतरराष्ट्रीय मैचों और वैश्विक टूर्नामेंटों (जैसे ICC इवेंट्स) के टिकटों पर मानक 18% जीएसटी ही लागू रहेगा.
- सस्ता टिकट, नो टैक्स: आम जनता की पहुंच सुनिश्चित करने के लिए, ₹500 या उससे कम कीमत वाले मान्यता प्राप्त खेल आयोजनों के टिकटों को अभी भी जीएसटी से मुक्त रखा गया है.
क्या फ्रेंचाइजी कम करेंगी दाम?
आईपीएल टिकटों की आधार कीमत तय करने का अधिकार बीसीसीआई के पास नहीं, बल्कि संबंधित फ्रेंचाइजी (जैसे मुंबई इंडियंस, चेन्नई सुपर किंग्स आदि) के पास होता है. चूंकि टिकटों की बिक्री से टीम के कुल राजस्व का केवल 10-15 प्रतिशत हिस्सा ही आता है, ऐसे में यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या फ्रेंचाइजी अपने प्रशंसकों को राहत देने के लिए बेस प्राइस में कोई कटौती करती हैं या नहीं. यह भी पढ़ें: IPL 2026 Schedule: BCCI ने IPL की तारीखों का किया ऐलान, 28 मार्च से शुरू होगा टूर्नामेंट; यहां जानें पूरा शेड्यूल, फिक्स्चर और टाइम टेबल
व्यापक आर्थिक संदर्भ: 'GST 2.0'
यह बदलाव भारत के 'जीएसटी 2.0' युक्तिकरण अभियान का हिस्सा है. जहाँ एक ओर आईपीएल जैसे विवेकाधीन मनोरंजन को महंगा किया गया है, वहीं इसी सुधार के तहत कई आवश्यक घरेलू वस्तुओं (जैसे पैकेज्ड फूड और टॉयलेटरीज़) पर जीएसटी को 18% से घटाकर 5% कर दिया गया है.
28 मार्च से शुरू होने वाले आईपीएल 2026 के लिए टिकटों की बिक्री जल्द ही बुकमायशो (BookMyShow) और पेटीएम इनसाइडर (Paytm Insider) जैसे प्लेटफॉर्म पर शुरू होगी, जहाँ दर्शकों को ये नई संशोधित दरें देखने को मिलेंगी.
(The above story first appeared on LatestLY on Mar 11, 2026 12:57 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

