Health Tips: वसा सेहत के लिए घातक ही नहीं फायदेमंद भी होता है, जानें क्या है गुड और बैड फैट
फैट को हिंदी में चर्बी कहते हैं. जहां तक सेहत की बात है तो फैट को लेकर अधिकांश के मन में नकारात्मक भाव ही आते हैं. फिटनेस कांशियस लोग तो शरीर पर थोड़ा-सा फैट देखते ही अपने डायट और व्यायाम को लेकर आकाश-पाताल एक करने लगते हैं, लेकिन बहुत कम लोग इस सच्चाई से वाकिफ होंगे कि अच्छी सेहत के लिए फैट भी जरूरी होता है., इसीलिए उसे गुड फैट कहते हैं.
Health Tips: फैट (Fat) को हिंदी में चर्बी कहते हैं. जहां तक सेहत की बात है तो फैट को लेकर अधिकांश के मन में नकारात्मक भाव ही आते हैं. फिटनेस कांशियस लोग तो शरीर पर थोड़ा-सा फैट देखते ही अपने डायट (Diet) और व्यायाम (Exercise) को लेकर आकाश-पाताल एक करने लगते हैं, लेकिन बहुत कम लोग इस सच्चाई से वाकिफ होंगे कि अच्छी सेहत के लिए फैट भी जरूरी होता है., इसीलिए उसे गुड फैट (Good Fat) कहते हैं. कहने का आशय यह कि फैट दो तरह के होते हैं. एक गुड फैट और दूसरा बैड फैट (Bad Fat). विज्ञान की भाषा में इसे सैचुरेटेड फैट और अनसेचुरेटेड फैट में डिवाइड कर सकते हैं. सैचुरेटेड फैट (बैड फैट) को शरीर के लिए अनहेल्दी माना जाता है, जबकि और अनसेचुरेटेड फैट (गुड फैट) को हेल्दी माना जाता है.
बैड फैट
हम जब भी स्वस्थ शरीर की बात करते हैं तो उसमें फैट का कोई स्थान नहीं रहता. कुछ हद तक यह सच भी है, क्योंकि चिकित्सक भी शरीर के कुछ फैट्स को नुकसानदेह बताते हैं. ये फैट्स ही हैं जिनकी वजह से शरीर में बैड कोलेस्ट्रॉल बढ़ जाता है, परिणामस्वरूप ह्रदय संबंधी बीमारियां, मोटापा, डायबिटीज और यहां तक कि कैंसर जैसी घातक बीमारी हो सकती है. यह भी पढ़ें: Home Remedies to Get Relief from Cough: सर्दी के मौसम में कफ से राहत पाने के लिए अपनाएं ये 5 घरेलू उपाय
गुड फैट
चर्बी सेहत के लिए अच्छी नहीं होती, लेकिन कुछ फैट्स को शरीर के लिए बहुत जरूरी माना जाता है. ये फैट्स हमारे नियमित खानपान का आवश्यक हिस्सा होते हैं. सेहत और मस्तिष्क को सुचारु ढंग से सक्रिय रखने के लिए इन चर्बियों की अहम भूमिका होती है. चिकित्सक ही नहीं बल्कि डायटीशियनों का भी मानना है कि विटामिन A,D,E,और K को अच्छी तरह से अवशोषित करने के लिए बॉडी के भीतर गुड फैट्स का होना बहुत जरूरी होता है. इसके साथ-साथ गुड फैट्स शरीर के हार्मोंस को भी संतुलित करते हैं. लो फैट या नो फैट डाइट फॉलो करने की वजह से शरीर में जरूरी और गुड फैट की कमी हो जाती है. इसका असर हमारे चेहरे और बालों से लेकर पूरी बॉडी पर पड़ता है. संतुलित डाइट्स में 20-30 फीसदी हिस्सा गुड फैट का होना ही चाहिए. इस तरह के फैट्स गुड फैट्स कहलाते हैं.
इन चीजों में होता है गुड फैट
मोनोसेचुरेटेड फैट और पॉलीसैचुरेटेड फैट को शरीर के लिए अच्छा माना जाता है. ये फैट्स नट्स (बादाम, काजू, मूंगफली, अखरोट), वेजिटेबल ऑयल (ऑलिव ऑयल, पीनट ऑयल), पीनट बटर, अलमंड बटर, एवोकाडो आदि से मिलते हैं. इसके अलावा कई तरह की मछलियों जैसे- सैल्मन, हीरिंग, सैरडाइन्स, ट्राउट आदि में ओमेगा-3 फैटी एसिड की मात्रा अच्छी होती है. कुछ अन्य फूड्स जैसे- टोफू, रोस्टेड सोया बीन्स या सोया नट बटर, अखरोट, सनफ्लॉवर सीड्स, पंपकिन सीड्स, सीसम सीड्स, अलसी के बीज आदि में भी ओमेगा-3 फैटी एसिड और ओमेगा-6 फैटी एसिड पाया जाता है. इन सभी फैट्स वाले आहारों के सेवन से बॉडी में गुड कोलेस्ट्रॉल बढ़ता है, जो इंसान के कई रोगों से बचाता है. यह भी पढ़ें: Amazing Health Benefits of Green Coffee: ग्रीन कॉफी के सेवन से होते हैं ये अद्भुत स्वास्थ्य लाभ
इन चीजों में होता है बैड फैट
फिटनेस विशेषज्ञ सैचुरेटेड फैट्स और ट्रांस फैट्स को सेहत के लिए नुकसानदेह बताते हैं. ये फैट्स हैं- मक्खन (बटर), बीफ या पोर्क, तरह-तरह के तेल, चिकन, पोल्ट्री स्किन, चीज़, सोर क्रीम, आइसक्रीम, कोकोनट ऑयल, पाम ऑयल, बटर, फ्राइड फूड्स जैसे- डोनट्स, फ्रेंच फ्राइज, फास्ट फूड्स आदि में पाया जाता है. इसके साथ-साथ बेकरी प्रोडक्ट्स मसलन कुकीज, केक, पेस्ट्रीज, प्रॉसेस्ड फूड्स जैसे- माइक्रोवेव पॉपकॉर्न, क्रैकर्स, चिप्स आदि में पाया जाता है. ये सभी बैड फैट वाले आहार शरीर में बैड कोलेस्ट्रॉल को बढ़ाते हैं. यही कारण है कि ये फैट्स तमाम रोगों का कारण भी बनते हैं.
(The above story first appeared on LatestLY on Jan 09, 2021 10:10 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

