भड़काऊ भाषण मामला: असदुद्दीन ओवैसी, वारिस पठान और बीजेपी नेता कपिल मिश्रा के खिलाफ एफआईआर दर्ज
राजधानी दिल्ली में नागरिकता कानून को लेकर जारी विरोध प्रदर्शन और उत्तर-पूर्वी इलाके में हुए दंगो के बाद असदुद्दीन ओवैसी, वारिस पठान और भाजपा नेता कपिल मिश्रा की तरफ से भड़काऊ भाषण दिए गए थे. इन बयानों को लेकर जमकर राजनीति भी हुई थी. साथ ही तीनों नेताओं के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग भी लगातार उठी थी.
नई दिल्ली. राजधानी दिल्ली में नागरिकता कानून (Citizenship Amendment Act) को लेकर जारी विरोध प्रदर्शन और उत्तर-पूर्वी इलाके में हुए दंगो के बाद असदुद्दीन ओवैसी (Asaduddin Owaisi), वारिस पठान (Former MLA Waris Pathan) और भाजपा नेता कपिल मिश्रा (BJP Leader Waris Pathan) की तरफ से भड़काऊ भाषण दिए गए थे. इन बयानों को लेकर जमकर राजनीति भी हुई थी. साथ ही तीनों नेताओं के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग भी लगातार उठी थी. इसी बीच खबर है कि तेलंगाना में दो धार्मिक समुदायों के बीच दुश्मनी को बढ़ावा देने के आरोप में असदुद्दीन ओवैसी और वारिस पठान और भाजपा नेता कपिल मिश्रा के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है.
बता दें कि बालकिशन राव नामधारी नाम के एक व्यक्ति ने कल इन तीनों की शिकायत करते हुए मामला दर्ज करने की मांग की थी. जिसके बाद पुलिस ने मामला दर्ज किया है. ओवैसी ने सीएए को मुस्लिम विरोधी बताते हुए जमकर बयानबाजी उन्होंने की थी. वारिस पठान का भी एक वीडियो लगातार चर्चा में बना था जिसमे वे कह रहे थे कि हम 15 करोड़, 100 करोड़ पर भारी हैं. कपिल मिश्रा का भी एक वीडियो सामने आया था जिसमे वे भड़काऊ भाषण देते नजर आ रहे थे. यह भी पढ़े-बीजेपी नेता कपिल मिश्रा को नहीं दी गई Y+ सुरक्षा, दिल्ली पुलिस ने किया खुलासा
ANI का ट्वीट-
Telangana: Case registered against AIMIM leaders Asaduddin Owaisi&Waris Pathan & BJP leader Kapil Mishra, on charges of promoting enmity between two religious communities. The complaint was filed by one Balkishan Rao Namdhari, yesterday. (File pics) pic.twitter.com/W2D0n8cUa4
— ANI (@ANI) March 13, 2020
ज्ञात हो कि सीएए को लेकर राजधानी दिल्ली में जमकर हिंसा हुई थी. इससे पहले राजनीतिक पार्टियों के नेताओं की तरफ से भड़काऊ बयानबाजी की गई थी.
वही दूसरी तरफ हाल ही में संसद में दिल्ली हिंसा को लेकर हो रही चर्चा के दौरान विपक्ष ने बीजेपी नेता कपिल मिश्रा पर जमकर निशाना साधते हुए केंद्र सरकार को घेरा था. इसके जवाब में सरकार ने कपिल का बचाव करते हुए सोनिया गांधी, प्रियंका गांधी, असदुद्दीन ओवैसी, वारिस पठान सहित अन्य लोगों के बयान का मामला उठाया था.
(The above story first appeared on LatestLY on Mar 13, 2020 12:19 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

