Hardoi Encounter: मासूम से दरिंदगी और हत्या का आरोपी ढेर; यूपी पुलिस ने मुठभेड़ में किया एनकाउंटर
यूपी पुलिस (Photo Credits: File Image)

हरदोई, 6 मई: उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के हरदोई जिले (Hardoi District) में सात साल के मासूम बच्चे के साथ दरिंदगी और उसकी हत्या (Murder) के आरोपी को पुलिस ने बुधवार तड़के एक मुठभेड़ (Encounter) में ढेर कर दिया. 29 वर्षीय यह आरोपी पिछले कई दिनों से फरार चल रहा था और उसकी गिरफ्तारी पर 50,000 रुपये का इनाम घोषित किया गया था. इस जघन्य अपराध के बाद से ही स्थानीय निवासियों में भारी आक्रोश था, जिसे देखते हुए पुलिस की कई टीमें उसकी तलाश में जुटी हुई थीं. यह भी पढ़ें: दिल्ली हाई कोर्ट का फैसला: 'एग्रेसिव सेक्स' के दौरान मौत के आरोपी को मिली जमानत; सबूतों के अभाव को बताया मुख्य आधार

तड़के 3 बजे हुई मुठभेड़

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, यह मुठभेड़ बुधवार तड़के करीब 3 बजे हरदोई शहर से लगभग 50 किलोमीटर दूर बाबतमाऊ इलाके के पास हुई. पुलिस की एक टीम संदिग्धों की तलाश में सघन तलाशी अभियान चला रही थी, उसी दौरान आरोपी से आमना-सामना हुआ. नियमित चेकिंग के दौरान आरोपी ने पुलिस पर फायरिंग की कोशिश की, जिसके जवाब में की गई पुलिसिया कार्रवाई में वह घायल हो गया और बाद में उसे मृत घोषित कर दिया गया.

अपहरण और हत्या का था आरोप

मारा गया आरोपी एक सात वर्षीय बच्चे के अपहरण, यौन शोषण और उसकी हत्या के मामले में वांछित था. आरोप था कि उसने बच्चे का अपहरण कर परिजनों से फिरौती की मांग की थी और बाद में मासूम की हत्या कर दी गई थी. इस घटना ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया था और पुलिस पर आरोपी को जल्द पकड़ने का भारी दबाव था.

इनाम और सघन तलाशी अभियान

मामले की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने आरोपी पर ₹50,000 का नकद इनाम घोषित किया था. उसकी धरपकड़ के लिए हरदोई और आसपास के जिलों में कई पुलिस टीमें तैनात की गई थीं. पुलिस की टीमें तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिरों की मदद से उसके संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दे रही थीं. यह भी पढ़ें: Raipur Double Murder: रायपुर डबल मर्डर से सनसनी, छत्तीसगढ़ में घरेलू विवाद के बाद व्यक्ति ने पत्नी की दो बहनों की गोली मारकर हत्या की

फॉरेंसिक जांच और कानूनी प्रक्रिया

पुलिस प्रशासन ने बताया कि मुठभेड़ के बाद नियमानुसार सभी कानूनी औपचारिकताएं पूरी की जा रही हैं, जिसमें घटना का दस्तावेजीकरण और फॉरेंसिक जांच शामिल है. वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों का कहना है कि घटना की विस्तृत जांच रिपोर्ट आने के बाद ही मुठभेड़ के क्रमवार विवरण साझा किए जाएंगे. उत्तर प्रदेश में गंभीर आपराधिक मामलों में संदिग्धों का पीछा करते हुए सुरक्षा एजेंसियां अक्सर इस तरह के अभियान संचालित करती हैं.