EPFO 3.0: अब UPI और ATM से निकाल सकेंगे पीएफ का पैसा, ऑटो-सेटलमेंट की सीमा बढ़कर हुई ₹5 लाख
प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: Facebook)

नई दिल्ली: कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (Employees’ Provident Fund Organisation) यानी ईपीएफओ (EPFO) अपने सदस्यों के लिए भविष्य निधि (PF) से पैसा निकालने की प्रक्रिया को बेहद आसान और तेज बनाने की तैयारी कर रहा है. 'EPFO 3.0' नामक इस नए डिजिटल ओवरहॉल का उद्देश्य निकासी को पूरी तरह से कागज रहित (Paperless) बनाना है. इस नए सिस्टम के लागू होने के बाद, पीएफ सदस्य यूपीआई (UPI) और एटीएम (ATM) के जरिए अपने फंड तक पहुंच सकेंगे. 2026 के मध्य तक चरणों में लागू होने वाले इन सुधारों से अब नियोक्ताओं (Employers) पर निर्भरता कम होगी और दावों का निपटान महज कुछ घंटों में संभव हो सकेगा. यह भी पढ़ें: EPFO New Rules: सदस्य अब UAN से हटा सकेंगे गलत 'मेंबर आईडी', पीएफ खाताधारकों के लिए बड़ी राहत

अब UPI और ATM से निकालें पैसा

नया सिस्टम बैंकिंग और डिजिटल भुगतान इकोसिस्टम के साथ एकीकृत होगा. इससे सदस्य निम्नलिखित तरीकों से पैसा निकाल पाएंगे:

  • UPI ऐप्स: Google Pay, PhonePe और Paytm जैसे ऐप्स के जरिए आधार-आधारित ओटीपी (OTP) ऑथेंटिकेशन का उपयोग करके सीधे बैंक खाते में पैसा ट्रांसफर किया जा सकेगा.
  • PF-लिंक्ड ATM कार्ड: नकद निकासी के लिए सदस्य विशेष एटीएम कार्ड का उपयोग कर सकेंगे, जिससे उन लोगों को मदद मिलेगी जिनकी डिजिटल पहुंच सीमित है.

आप कितना पैसा निकाल सकते हैं?

ईपीएफओ के नए नियमों के तहत निकासी की सीमा अभी भी उद्देश्य पर निर्भर करेगी:

  • बेरोजगारी: एक महीने की बेरोजगारी पर 75% तक और दो महीने बाद 100% निकासी संभव है.
  • रिटायरमेंट: 58 वर्ष की आयु होने पर पूरी राशि निकाली जा सकती है.
  • विशेष जरूरतें: शादी, शिक्षा और घर के लिए आंशिक निकासी (Partial Withdrawal) की अनुमति है.
  • बचत सुरक्षा: अधिकांश मामलों में रिटायरमेंट सुरक्षा के लिए खाते में कम से कम 25% बैलेंस बनाए रखना अनिवार्य होगा.

ऑटो-सेटलमेंट की सीमा ₹1 लाख से बढ़कर ₹5 लाख

EPFO 3.0 की सबसे बड़ी विशेषता ऑटो-सेटलमेंट लिमिट में भारी बढ़ोतरी है. पहले यह सीमा 1 लाख रुपये थी, जिसे अब बढ़ाकर 5 लाख रुपये कर दिया गया है. इससे लगभग 95% दावों का निपटान बिना किसी मानवीय हस्तक्षेप के स्वचालित रूप से हो जाएगा. अधिकारियों का मानना है कि इससे सेटलमेंट का समय कई दिनों से घटकर कुछ घंटों का रह जाएगा.

नियोक्ताओं की मंजूरी का झंझट खत्म

नया सिस्टम नियोक्ताओं (Employers) की भूमिका को सीमित कर देगा. अब मानक दावों के लिए नियोक्ता के सत्यापन या हस्ताक्षर की आवश्यकता नहीं होगी. सदस्य आधार-ओटीपी और स्व-प्रमाणन (Self-certification) के माध्यम से सीधे दावा कर सकेंगे. इससे उन देरी से राहत मिलेगी जो पहले कंपनी स्तर पर सत्यापन के कारण होती थी. यह भी पढ़ें: EPFO PF Withdrawal Rules 2026: अब पीएफ फंड से पैसा निकालना हुआ और भी आसान, जानें नए नियम

डिजिटल पीएफ एक्सेस के लिए जरूरी शर्तें

इस सुविधा का लाभ उठाने के लिए सदस्यों के पास निम्नलिखित दस्तावेज और जानकारी अपडेट होनी चाहिए:

  1. सक्रिय यूनिवर्सल अकाउंट नंबर (UAN).
  2. UAN के साथ आधार कार्ड का लिंक होना अनिवार्य है.
  3. टैक्स अनुपालन के लिए पैन (PAN) कार्ड लिंक होना चाहिए.
  4. बैंक खाता और IFSC कोड अपडेटेड होना चाहिए.
  5. ओटीपी के लिए सक्रिय मोबाइल नंबर.

ईपीएफओ ने भारतीय स्टेट बैंक (SBI), HDFC और ICICI जैसे 32 प्रमुख सार्वजनिक और निजी बैंकों के साथ एकीकरण किया है ताकि रियल-टाइम वेरिफिकेशन और ट्रैकिंग को बेहतर बनाया जा सके.