असम के तेल कुएं की धधकती आग को रोकने में जुटी भारतीय सेना, बेहद कठीन परिस्थितियों में बना रही सड़क
भारतीय सेना असम (Assam) के तिनसुकिया (Tinsukia) जिले में ओआईएल इंडिया लिमिटेड (Oil India Limited) तेल कूप से गैस रिसाव और तेल कूप संख्या बागजन-5 (Baghjan) में आग से उत्पन्न कठीन परिस्थिति के बीच सड़क का निर्माण कर रही है.
गुवाहाटी: भारतीय सेना असम (Assam) के तिनसुकिया (Tinsukia) जिले में ओआईएल इंडिया लिमिटेड (Oil India Limited) तेल कूप से गैस रिसाव और तेल कूप संख्या बागजन-5 (Baghjan) में आग से उत्पन्न कठीन परिस्थिति के बीच सड़क का निर्माण कर रही है. तेल कुएं में लगी भीषण आग पर नियंत्रण पाने के लिए जवानों ने 100 मीटर तक सड़क सुधार का काम पूरा कर लिया है.
न्यूज़ एजेंसी एएनआई ने भारतीय सेना (पूर्वी कमान) के हवाले से बताया कि जवानों ने ने विषम परिस्थितियों में वाहनों और क्रेन की आवाजाही के लिए 100 मीटर सड़क का सुधार किया. जिससे बागजन तेल क्षेत्र (Baghjan oil field) में प्रतिकूल परिस्थितियों से निपटने में मदद मिलेगी. प्रधानमंत्री मोदी ने की असम के गैस कुएं में लगी आग की स्थिति की समीक्षा
उल्लेखनीय है कि असम के तिनसुकिया जिले में ऑयल इंडिया लिमिटेड (ओआईएल) के कुएं में प्राकृतिक गैस के रिसाव से भीषण आग लगी हुई है. एक विशेषज्ञ टीम रिसाव पर काबू पाने की कोशिश कर रही है. स्थानीय प्रशासन के अनुरोध पर केंद्र सरकार ने इस आपदा से निपटने की जिम्मेदारी सेना को सौंपी है.
The troops of the Indian Army in extreme conditions improved 100 m of a road for movement of vehicles & cranes to reach out & deal with adverse conditions at Baghjan oil field: Eastern Command, Indian Army pic.twitter.com/gtsE7kKzmL
— ANI (@ANI) July 14, 2020
गुवाहाटी से लगभग 550 किलोमीटर पूर्व में तिनसुकिया के बागजान में तेल कुआं है, जहां 27 मई से गैस का रिसाव हो रहा है, जिससे क्षेत्र के वन्यजीव, आद्र्रभूमि और जैव विविधता को भारी नुकसान पहुंचा है. बताया जा रहा है कि धधकती आग से खड़ी फसलों के साथ-साथ तालाबों, आद्र्र भूमि और आसपास के गांवों की खेती की जमीन भी बुरी तरह प्रभावित हुई है और हर गुजरते दिन के साथ खतरा बढ़ता जा रहा है. क्षेत्र के कई छोटे चाय उत्पादकों ने भी उनके चाय बागानों तक गैस पहुंचने का दावा किया है. रिसाव शुरू होने के बाद 3,500 लोगों के 700 परिवारों को राहत शिविरों में भेजा गया है. ओआईएल ने प्रभावित परिवारों में से प्रत्येक को 30 हजार रुपये का मुआवजा देने की घोषणा की है.
(The above story first appeared on LatestLY on Jul 14, 2020 09:12 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

