Fact Check: भारतीय रेलवे अब अडानी समूह की एक निजी संपत्ति है? जानें रेलवे टिकट की वायरल तस्वीर की सच्चाई
अडानी रेलवे के नाम से एक रेलवे टिकट की तस्वीर सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है, जिसमें कीमत 50 रुपए लिखा हुआ है. इसके साथ ही इस टिकट में लिखा है कि रेलवे अब हमारी निजी संपत्ति है, टिकट की यह तस्वीर विभिन्न सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है. टिकट पुणे जंक्शन रेलवे स्टेशन का है.
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Fact Check: कोरोना संकट (Corona Crisis) के दौर में सोशल मीडिया (Social Media) पर आए दिन फेक खबरें (Fake News) और फेक जानकारियां (Fake Information) वायरल होती रहती हैं. इस बीच अडानी रेलवे (Adani Railway) के नाम से एक रेलवे टिकट (Railway Ticket) की तस्वीर सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है, जिसमें कीमत 50 रुपए लिखी हुई है. इसके साथ ही इस टिकट में लिखा है कि रेलवे अब हमारी निजी संपत्ति है, टिकट की यह तस्वीर विभिन्न सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है. टिकट पुणे जंक्शन रेलवे स्टेशन (Pune Junction Railway Station) का है. हालांकि, फैक्ट चेक से पता चलता है कि टिकट की तस्वीर को बदला गया है और अडनी समूह स्पष्ट रूप से भारतीय रेलवे (Indian Railway) का मालिक नहीं है.
सेंट्रल रेल्वे द्वारा 17 मार्च के एक ट्वीट में स्पष्ट रूप से कहा गया है कि कोविड-19 निवारक उपाय के एक हिस्से के रूप में प्लेटफॉर्म टिकट की कीमत बढ़ाकर 50 रुपए कर दी गई है. ट्वीट में कहा गया है कोविड-19 निवारक उपाय. सेंट्रल रेलवे ने अपने मुंबई, पुणे, भुसावल, भुसावल और सोलापुर डिवीजनों पर प्लेटफॉर्म टिकट को 10 रुपए से बढ़ाकर 50 रुपए कर दिया. यह भी पढ़ें: Fact Check: क्या पेट्रोल-डीजल की तरह अब गैस सिलेंडर के दामों में भी होगा हर दिन बदलाव? PIB से जानें सच
सेंट्रल रेलवे का ट्वीट
#COVOD19 preventive measures.
Central Railway on its Mumbai, Pune, Bhusaval, Bhusaval and Solapur divisions increased the platform ticket from ₹10/- to ₹50/- till further advice.#BeAlert @RailMinIndia @drmmumbaicr @BhusavalDivn @drmcrngp @DrmSolapur @drmpune
— Central Railway (@Central_Railway) March 17, 2020
देखें वायरल तस्वीर-
इंडियन रेलवे बना अडानी रेलवे ।
पेट्रोल 93..डीजल 80.. रुपये पार,
घबराएं नही अच्छे दिनों का आनंद लीजिये।
मास्क जरूर लगाएं ,मुँह बंद रखे।@BhootSantosh @AshrafFem@INCIndia @RahulGandhi@INCBihar
— A͏z͏a͏z͏ k͏h͏a͏n͏-͏C͏h͏i͏n͏t͏u͏ k͏h͏a͏n͏ (@azazgpj) December 28, 2020
मार्च में केंद्रीय रेलवे ने प्लेटफार्मों की भीड़ को रोकने और सोशल डिस्टेंसिंग को बनाए रखने के लिए कोविड-19 प्रकोप के मद्देनजर टिकट की कीमत में बढ़ोत्तरी को स्पष्ट किया. रेलवे बोर्ड के अध्यक्ष वी के यादव ने भी एक बयान जारी करते हुए कहा कि मंडल रेल प्रबंधकों को निर्देश दिया गया था कि वे स्थानीय स्तर पर प्लेटफॉर्म टिकट की लागत बढ़ाएं ताकि स्टेशनों पर भीड़भाड़ से बचा जा सके. यादव ने एएनआई को बताया महामारी के बाद इस फैसले की समीक्षा की जाएगी. यह भी पढ़ें: Fact Check: क्या नए साल से कम हो जाएगी सरकारी कर्मचारियों की सैलरी? PIB से जानें सच
भारतीय रेलवे अब अडानी समूह की एक निजी संपत्ति है, इस दावे के साथ वायरल हो रही तस्वीर के जरिए लोगों को तक भ्रामक जानकारी फैलाई जा रही है, क्योंकि सच तो यह है कि भारतीय रेलवे अभी भी केंद्र सरकार के अधीन एक सार्वजनिक उपक्रम है. ऐसे में लोगों को सलाह दी जाती है कि वे इस तरह की गलत सूचनाओं से सावधान रहें और केवल प्रामाणिक स्रोतों के जरिए प्राप्त जानकारी पर ही विश्वास करें.
Fact check
भारतीय रेलवे अब अडानी समूह की एक निजी संपत्ति है
रेलवे टिकट की छवि को बदला गया है. केंद्रीय रेलवे द्वारा COVID-19 निवारक उपाय के रूप में प्लेटफॉर्म टिकट की कीमतें मार्च में बढ़ाकर 50 रुपए कर दी गई थी.
(The above story first appeared on LatestLY on Dec 30, 2020 01:47 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

