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Independence Day 2025 Sanskrit Wishes: स्वतंत्रता दिवसस्य हार्दिक्यः शुभकामनाः, शेयर करें ये संस्कृत Shlokas, WhatsApp Messages और Facebook Greetings

हर साल स्वतंत्रता दिवस के मौके पर दिल्ली के लाल किले की प्राचीर से प्रधानमंत्री ध्वजारोहण करते हैं. आजाद भारत का राष्ट्रीय ध्वज न सिर्फ देश के गौरव और आजादी का प्रतीक है, बल्कि ये हमारी पहचान, देश की विविधता, सांस्कृतिक और धार्मिक एकता का प्रतीक भी है. इस खास अवसर पर आप संस्कृत के इन विशेज, श्लोक, वॉट्सऐप मैसेजेस और फेसबुक ग्रीटिंग्स के जरिए स्वतंत्रता दिवसस्य हार्दिक्यः शुभकामनाः कह सकते हैं.

Independence Day 2025 Sanskrit Wishes: स्वतंत्रता दिवसस्य हार्दिक्यः शुभकामनाः, शेयर करें ये संस्कृत Shlokas, WhatsApp Messages और Facebook Greetings
स्वतंत्रता दिवस 2025 (Photo Credits: File Image)

Independence Day 2025 Sanskrit Wishes: स्वतंत्रता दिवस (Independence Day) यानी राष्ट्रभक्ति के इस पर्व को हर साल 15 अगस्त (15th August) के दिन धूमधाम से देशभर में मनाया जाता है. अंग्रेजों की गुलामी की बेड़ियों से भारत को 15 अगस्त 1947 को आजादी मिली थी, इसलिए हर साल इस दिन आजादी का जश्न हर्षोल्लास के साथ मनाया जाता है. राष्ट्रभक्ति के इस पर्व को मनाने के लिए कई दिन पहले से ही तैयारियां शुरु हो जाती हैं. भारत ने अपना पहला स्वतंत्रता दिवस 15 अगस्त 1947 को मनाया था, क्योंकि उसी दिन देश को आजादी मिली थी और उसी दिन आजाद भारत ने पहली बार तिरंगा लहराया था, इसलिए इसकी गिनती 1947 से शुरु होती है. ऐसे में इस साल यानी 2025 में भारत अपना 79वां स्वतंत्रता दिवस (79th Indepence Day) मना रहा है.

हर साल स्वतंत्रता दिवस के मौके पर दिल्ली के लाल किले की प्राचीर से प्रधानमंत्री ध्वजारोहण करते हैं. आजाद भारत का राष्ट्रीय ध्वज न सिर्फ देश के गौरव और आजादी का प्रतीक है, बल्कि ये हमारी पहचान, देश की विविधता, सांस्कृतिक और धार्मिक एकता का प्रतीक भी है. इस खास अवसर पर आप संस्कृत के इन विशेज, श्लोक, वॉट्सऐप मैसेजेस और फेसबुक ग्रीटिंग्स के जरिए स्वतंत्रता दिवसस्य हार्दिक्यः शुभकामनाः कह सकते हैं.

1- अत्र जन्म सहस्राणां सहस्रैरपि सत्तम।

कदाचिल्लभते जन्तुर्मानुष्यं पुण्यसञ्चयात्।।

भावार्थ: हजारों जन्म लेकर हजारों पुण्यकर्म का संग्रह होने के बाद भारत की पवित्र भूमि पर मनुष्य को जन्म की प्राप्ति होती है.

स्वतंत्रता दिवस 2025 (Photo Credits: File Image)

2- गायन्ति देवाः किल गीतकानि धन्यास्तु ते भारतभूमिभागे।

स्वर्गापवर्गास्पदमार्गभूते भवन्ति भूयः पुरुषाः सुरत्वात्।।

भावार्थ: देवगण भी निरंतर यही गान करते हैं कि जिन्होंने स्वर्ग और अपवर्ग के मार्गभूत भारत वर्ष में जन्म लिया है, वे पुरुष हम देवताओं की अपेक्षा भी अधिक धन्य हैं.

स्वतंत्रता दिवस 2025 (Photo Credits: File Image)

3- रत्नाकरधौतपदां हिमालयकिरीटिनीम्।

ब्रह्मराजर्षिरत्नाढ्याम वन्देभारतमातम्।।

भावार्थ: जो हिमालय द्वारा सुशोभित है, जिसके पैर समुद्र के द्वारा धोए जाते है और जो कई राजऋषियों और ब्रह्मऋषियों से पूर्ण रूप से भरी धरा है, ऐसी भारत माता को मेरा अभिवंदन.

स्वतंत्रता दिवस 2025 (Photo Credits: File Image)

4- नमस्ते सदा वत्सले मातृभूमे त्वया हिन्दुभूमे सुखं वर्धितोहम्।
महामङ्गले पुण्यभूमे त्वदर्थे पतत्वेष कायो नमस्ते नमस्ते।।
भावार्थ: हे स्नेहमयी मातृभूमि, तुम्हें नमन. तुमने हिंदुओं की भूमि में मेरी खुशियां बढ़ा दी हैं.
हे परम पावन पवित्र भूमि, यह शरीर तुम्हारे लिए न्योछावर हो, मैं तुम्हें नमन करता हूं, मैं तुम्हें नमन करता हूं.

स्वतंत्रता दिवस 2025 (Photo Credits: File Image)

5- ‘भारत-वैभवं’

वन्दे नितरां भारतवसुधाम्।

दिव्यहिमालय-गंगा-यमुना-सरयू-कृष्णशोभितसरसाम्।।

भावार्थ: ‘भारत की महिमा’
मैं भारत भूमि को निरंतर नमन करता हूं.
दिव्य हिमालय, गंगा, यमुना, सरयू और कृष्ण-सुशोभित झीलें.

स्वतंत्रता दिवस 2025 (Photo Credits: File Image)

गौरतलब है कि हर साल 15 अगस्त को मनाया जाने वाला स्वतंत्रता दिवस न सिर्फ आजादी के जश्न का दिन होता है, बल्कि यह उन स्वतंत्रता सेनानियों के बलिदानों को याद करने का भी अवसर है, जिन्होंने देश की आजादी के लिए अपना सब कुछ कुर्बान कर दिया. भारत का 79वां स्वतंत्रता दिवस महज एक संख्या नहीं है, बल्कि यह हर साल की गई मेहनत, देश की तरक्की और लोकतंत्र की रक्षा का भी प्रतीक है.

(The above story first appeared on LatestLY on Aug 14, 2025 10:00 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).