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Earthquake in Assam: असम में फिर भूकंप, 3.9 तीव्रता के झटके से लोग सहमे, तीन दिन में दूसरी बार आया

असम में गुरुवार शाम 3.9 तीव्रता का भूकंप महसूस किया गया, जिसका केंद्र उदलगुरी जिले में था। यह पिछले तीन दिनों में राज्य में दूसरी बार आई भूकंपीय गतिविधि है

Earthquake in Assam: असम में फिर भूकंप, 3.9 तीव्रता के झटके से लोग सहमे, तीन दिन में दूसरी बार आया
भूकंप/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: IANS)

Earthquake  in Assam:  असम और पूर्वोत्तर के कुछ हिस्सों में गुरुवार शाम भूकंप के हल्के झटके महसूस किए गए. रिक्टर स्केल पर इसकी तीव्रता 3.9 मापी गई. नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी (NCS) के अनुसार, यह भूकंप शाम करीब 7:30 बजे आया, जिससे निवासियों के बीच कुछ समय के लिए अफरातफरी का माहौल बन गया.

उदलगुरी में था भूकंप का केंद्र

नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी की रिपोर्ट के मुताबिक, इस भूकंप का केंद्र असम का उदलगुरी जिला था. यह जमीन से करीब 10 किलोमीटर की गहराई पर दर्ज किया गया.भूकंप के झटके गुवाहाटी सहित मध्य और उत्तरी असम के कई जिलों में महसूस किए गए.हालांकि, राहत की बात यह है कि अभी तक किसी भी जान-माल के नुकसान की सूचना नहीं मिली है. यह भी पढ़े:  Earthquake in Hingoli: थर थर कांपी धरती! हिंगोली जिले के 15 गांवों में भूकंप के झटके, रिक्टर स्केल पर 3.5 रही तीव्रता

3 दिन पहले आया था 5.1 तीव्रता का भूकंप

यह इस हफ्ते असम में भूकंप का दूसरा बड़ा मामला है.इससे पहले सोमवार, 5 जनवरी की सुबह 4:17 बजे राज्य में 5.1 तीव्रता का तेज भूकंप आया था. उस भूकंप का केंद्र मोरीगांव जिले में था और उसकी गहराई 50 किलोमीटर थी। 5 जनवरी को आए झटके इतने तेज थे कि मोरीगांव, नलबारी और नागांव जैसे जिलों में घरों में दरारें आ गई थीं और तीन लोग घायल भी हुए थे.

सिस्मिक ज़ोन-5 में आता है पूर्वोत्तर भारत

भूवैज्ञानिकों का कहना है कि ये दोनों घटनाएं इस क्षेत्र की उच्च टेक्टोनिक गतिविधि से जुड़ी हैं। असम और पूरा पूर्वोत्तर भारत 'सिस्मिक ज़ोन-5' (Seismic Zone V) के अंतर्गत आता है, जिसे दुनिया के सबसे अधिक भूकंप संभावित क्षेत्रों में गिना जाता है। भारतीय और यूरेशियन प्लेटों के बीच होने वाली हलचल के कारण यहां अक्सर छोटे और मध्यम तीव्रता के भूकंप आते रहते हैं.

प्रशासन की अपील

असम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (ASDMA) ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है। अधिकारियों ने निवासियों को सलाह दी है कि वे भूकंप के समय अपनाए जाने वाले सुरक्षा प्रोटोकॉल का पालन करें, क्योंकि इस सक्रिय बेल्ट में आफ्टरशॉक्स या छोटे झटके आने की संभावना बनी रहती है। फिलहाल सभी प्रभावित जिलों में स्थानीय प्रशासन स्थिति पर नजर रखे हुए है.

(The above story first appeared on LatestLY on Jan 08, 2026 09:00 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).