विजय माल्या को करारा झटका, ब्रिटेन के गृह मंत्री ने भारत भेजे जाने का आदेश दिया
विजय माल्या कई बैंकों का 9,000 करोड़ रुपये से अधिक का कर्ज लेकर फरार है.
ब्रिटेन के गृह मंत्री साजिद जावीद ने शराब कारोबारी विजय माल्या (Vijay Mallya) को करारा झटका देते हुए उसे भारत (India) प्रत्यर्पित करने का आदेश दिया है. गृह कार्यालय ने सोमवार को बताया कि धोखाधड़ी की साजिश और धनशोधन के अपराध के आरोपों में गृह मंत्री ने विजय माल्या के प्रत्यर्पण के आदेश दिए. लंदन की वेस्टमिंस्टर मजिस्ट्रेट की अदालत ने 10 दिसंबर 2018 को कहा था कि 63 साल के कारोबारी विजय माल्या को भारतीय अदालतों के समक्ष जवाब देना होगा. ब्रिटेन में पाकिस्तान मूल के वरिष्ठतम मंत्री जावीद के कार्यालय ने सोमवार को इस बात की पुष्टि की कि सारे मामलों पर विचार करने के बाद मंत्री ने रविवार को विजय माल्या के प्रत्यर्पण आदेश पर दस्तखत कर दिए.
Vijay Mallya has 14 days from today to apply for leave to appeal https://t.co/hsNsD8ZAip
— ANI (@ANI) February 4, 2019
गृह कार्यालय के एक प्रवक्ता ने बताया, ‘‘सभी प्रासंगिक मामलों पर विचार करने के बाद तीन फरवरी को मंत्री ने विजय माल्या को भारत प्रत्यर्पित करने के आदेश पर दस्तखत कर दिए.’’ प्रवक्ता ने कहा, ‘‘विजय माल्या पर भारत में धोखाधड़ी की साजिश, गलत जानकारी देने और धनशोधन के अपराध करने के आरोप हैं.’’ अप्रैल 2017 में स्कॉटलैंड यार्ड की ओर से तामील कराए गए प्रत्यर्पण वॉरंट पर विजय माल्या जमानत पर है. यह वॉरंट उस वक्त तामील कराया गया था जब भारतीय अधिकारियों ने किंगफिशर एयरलाइंस के पूर्व प्रमुख विजय माल्या को 9,000 करोड़ रुपए की रकम की धोखाधड़ी और धनशोधन के मामले में आरोपित किया था.
विजय माल्या के पास अब ब्रिटेन की हाई कोर्ट में अपील की अनुमति के लिए अर्जी देने की खातिर चार फरवरी से अगले 14 दिनों का वक्त है. किंगफिशर एयरलाइंस के पूर्व प्रमुख ने शुरुआत में संकेत दिए थे कि वह अपने भारत प्रत्यर्पण को लेकर वेस्टमिंस्टर मजिस्ट्रेट की अदालत के फैसले के खिलाफ अपील के लिए अर्जी दाखिल करने की मंशा रखते हैं. दिसंबर 2018 में लंदन में चीफ मजिस्ट्रेट एम्मा आर्बथनॉट की अदालत के फैसले के तुरंत बाद माल्या ने कारोबारियों से कहा था कि वह फैसले का विस्तार से अध्ययन करेंगे और अपना आगे का कदम तय करेंगे. बाद में उनकी कानूनी टीम ने पुष्टि की कि वह अदालत के आदेश के खिलाफ अपील की अनुमति हासिल करेंगे. यह भी पढ़ें- CBI ने पश्चिम बंगाल के चीफ सेक्रेटरी, DGP और कोलकाता पुलिस कमिश्नर के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में दायर की अवमानना याचिका, 3 जजों की बेंच करेगी सुनवाई
इससे पहले विजय माल्या को स्पेशल प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग ऐक्ट कोर्ट ने 5 जनवरी को भगोड़ा आर्थिक अपराधी घोषित कर दिया था. विजय माल्या कई बैंकों का 9,000 करोड़ रुपये से अधिक का कर्ज लेकर फरार हैं. इसके साथ ही विजय माल्या पर किंगफिशर एयरलाइन के लिए बैंकों से कर्ज में हेराफेरी और मनी लॉन्ड्रिंग का भी आरोप है. किंगफिशर एयरलाइन बंद हो चुकी है.
जेटली ने बताया मोदी सरकार की कामयाबी
केंद्रीय मंत्री अरुण जेटली ने शराब कारोबारी विजय माल्या को भारत को सौंपने के ब्रिटेन के आदेश को मोदी सरकार की कामयाबी बताते हुए विपक्ष पर तंस कसा है. उन्होंने कहा कि वह घोटालेबाजों के पक्ष में लामबंद हो रहा है. जेटली ने सोमवार को ट्वीट में कहा, "मोदी सरकार ने माल्या के प्रत्यर्पण की दिशा में एक और बाधा पार की जबकि विपक्षी दल शारदा घोटालेबाजों के पक्ष में एकजुट हो रहे हैं."
भाषा इनपुट
(The above story first appeared on LatestLY on Feb 04, 2019 10:08 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

