Surat Shocker: सूरत में एक  मंदिर के वॉशरूम में दो महिलाओं के शव मिले, ChatGPT पर ‘मरने के तरीके’ सर्च करने का दावा; एलन मस्क ने दिया ये रिएक्शन
Elon Musk and ChatGPT (Photo Credits: Wikimedia Commons)

Surat Shocker: गुजरात के सूरत से एक बेहद दुखद और हैरान करने वाली खबर सामने आई है. यहाँ एक मंदिर के वॉशरूम में दो कॉलेज छात्राओं के शव संदिग्ध परिस्थितियों में बरामद हुए हैं. शुरुआती पुलिस जांच में यह चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि इन छात्राओं ने अपनी जान देने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) प्लेटफॉर्म 'ChatGPT' पर सुसाइड के तरीकों और दवाओं के बारे में सर्च किया था. इस घटना के बाद तकनीक के सुरक्षित इस्तेमाल और युवाओं के मानसिक स्वास्थ्य को लेकर एक नई बहस शुरू हो गई है.

मंदिर के वॉशरूम में मिले शव

मृतक छात्राओं की उम्र 18 से 20 वर्ष के बीच बताई जा रही है. जानकारी के अनुसार, दोनों सहेलियां शुक्रवार सुबह कॉलेज के लिए घर से निकली थीं, लेकिन दोपहर तक वापस नहीं लौटीं. परिजनों की शिकायत पर जब पुलिस ने मोबाइल लोकेशन ट्रैक की, तो वे सूरत के स्वामीनारायण मंदिर पहुंचे. सीसीटीवी फुटेज में दोनों छात्राओं को मंदिर के वॉशरूम में जाते देखा गया, लेकिन वे बाहर नहीं आईं. पुलिस को मौके से एनेस्थीसिया (बेहोश करने वाली दवा) की बोतलें और सिरिंज बरामद हुई हैं.

एलन मस्क की प्रतिक्रिया ने पकड़ा जोर

इस घटना ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तब ध्यान खींचा जब सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X' के मालिक और टेस्ला के सीईओ एलन मस्क ने इस खबर पर अपनी प्रतिक्रिया दी. मस्क ने इस मामले से जुड़ी एक पोस्ट पर केवल एक शब्द "Yikes" (भयावह) लिखकर अपनी चिंता जाहिर की. गौरतलब है कि मस्क लंबे समय से ChatGPT बनाने वाली कंपनी OpenAI की आलोचना करते रहे हैं और एआई के अनियंत्रित विकास को मानवता के लिए खतरा बताते आए हैं.  यह भी पढ़े:  Gujarat Shocker: गुजरात के सूरत में मंदिर में दो छात्राओं ने की आत्महत्या, ChatGPT पर सर्च किया था ‘मौत का त

एलन मस्क का पोस्ट

 

मोबाइल से मिले चौंकाने वाले सुराग

सहायक पुलिस आयुक्त (ACP) एनपी गोहिल ने बताया कि छात्राओं के फोन अनलॉक करने पर उनके सर्च इतिहास में 'ChatGPT' पर की गई कई सर्च मिलीं. छात्राओं ने एआई से पूछा था कि आत्महत्या के लिए किन दवाओं का उपयोग किया जा सकता है. इसके अलावा, उनके फोन की गैलरी में एक ऐसी खबर का स्क्रीनशॉट भी मिला जिसमें एक महिला की एनेस्थीसिया के इंजेक्शन से मौत का जिक्र था. पुलिस के अनुसार, दोनों बचपन की सहेलियां थीं और एक ही कॉलेज में पढ़ती थीं.

जांच और एआई की भूमिका पर सवाल

हालांकि अधिकारियों ने यह स्पष्ट नहीं किया है कि एआई प्लेटफॉर्म ने सीधे तौर पर इस घटना को प्रेरित किया, लेकिन जांच इस बात पर केंद्रित है कि संवेदनशील जानकारी तक एआई की पहुंच को कैसे नियंत्रित किया जाए. फिलहाल दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और फॉरेंसिक रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है. पुलिस इस मामले की हर पहलू से जांच कर रही है ताकि छात्राओं के इस कदम के पीछे के असल कारणों का पता लगाया जा सके.