Ragging With a Child: प्राइमरी के बच्चे के साथ स्कूल के सीनियर छात्र ने की रैगिंग! थूंक चटवाया, चांटे मारे, किसी को बताने पर गला काटने की धमकी दी, आगरा की घटना से सकते में परिवार
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आगरा, उत्तर प्रदेश: बड़े कॉलेज और स्कूलों में छात्रों के बीच रैगिंग की कई घटनाएं आएं दिन सामने आती रहती है, लेकिन छोटे बच्चों के बीच रैगिंग की घटनाएं काफी कम देखने को मिलती है. लेकिन आगरा में ऐसा एक रैगिंग का भयावह मामला सामने आया है.जिसको सुनने के बाद सभी हैरान हो गए है. बताया जा रहा है कि एक क्लास प्रेप टू के बच्चे के साथ सेकंड क्लास के छात्र ने बच्चे को काफी परेशान किया. बच्चे के मुताबिक़ उसे जूते की सफाई करवाई गई, उसके जूते पर थूंककर बच्चे को चटवाया गया और इसके बाद उसको 20 से 30 बार चांटे  भी मारे गए.इस घटना के बाद बच्चे को तेज बुखार आ गया था और बच्चा अब स्कूल जाने के नाम से भी डरता है.

बच्चे ने बताया कि किसी को भी बताने पर उसको गला काटने की धमकी भी सीनियर छात्र ने दी है. इस घटना के बाद स्कूल प्रशासन की लापरवाही भी सामने आई है. इस मामले में परिजनों ने पत्र परिषद कर इसकी जानकारी दी. इस घटना को लेकर पीड़ित छात्र ने खुद जानकारी दी है. ये घटना दयालबाग के डीपीएस स्कूल की है.ये भी पढ़े:Moradabad Shocker: स्कूल की छात्रा के साथ बेरहमी से मारपीट! प्रिंसिपल ने ऐसा पीटा की छात्रा ने गंवाई अपनी एक आंख की रोशनी, मुरादाबाद जिले की घटना से परिजनों में रोष

प्रोग्रेसिव एसोसिएशन ऑफ़ पेरेंट्स अवेयरनेस में बच्चे के पिता ने लगाएं आरोप

प्रोग्रेसिव एसोसिएशन ऑफ़ पेरेंट्स अवेयरनेस की पत्र परिषद में बच्चे के पिता सौरभ गुम्बर ने जानकारी देते हुए बताया कि एक महीने पहले बच्चे को बुखार आना शुरू हुआ, बच्चा अचानक से कांपने लगता था. उन्होंने बताया की बच्चे को अलग अलग डॉक्टर्स को दिखाया, लेकिन किसी भी तरह की कोई समस्या रिपोर्ट में नहीं आई. एक दिन बच्चा नींद में बड़बड़ाने लगा की वह मुझे  मारेगा.इसके बाद दुसरे दिन परिवार के सभी लोगों ने उसको बुलाकर पूछा और भरोसा दिलाया तो उसने इसकी जानकारी दी कि सेकंड में पढ़नेवाले बच्चे ने उसके साथ मारपीट की और उसे प्रताड़ित किया.

स्कूल ने जिम्मेदारी नहीं ली तो परिजन पुलिस के पास पहुंचे

इस दौरान अभिभावकों ने आरोप लगाया कि जब इस विषय में स्कूल मैनेजमेंट ने किसी भी तरह की जिम्मेदारी लेने से मना कर दिया.इसके बाद अभिभावक बच्चे के साथ पुलिस उप आयुक्त संजीव त्यागी से मिले तो उन्होंने मामले को गंभीरता से लेते हुए एसीपी को जांच एवं कार्रवाई के निर्देश दिए हैं.इस बारे में डीपीएस के प्रबंध निदेशक सुनील अग्रवाल ने मीडिया से कहा कि दो दिन पहले जैसे ही उन्हें इस घटना की टेलीफ़ोन पर जानकारी मिली तो उन्होंने तत्काल प्रभाव से बस की अटेंडेंट को निलंबित कर दिया और दो सदस्यीय जांच कमेटी गठित कर दी.

उन्हें बताया गया कि छह साल के बच्चे के साथ यह व्यवहार बस में आते-जाते समय हुआ, इसलिए अटेंडेंट को सस्पेंड किया है. उन्होंने बताया कि स्कूल मैनेजमेंट द्वारा शिकायतकर्ता बच्चे के अभिभावकों को लगातार फ़ोन कर बुलाया जा रहा है पर वे आने को तैयार नहीं हैं. जिस आठ साल के बच्चे पर आरोप लगाया जा रहा है, उसके अभिभावक भी इस मामले में आमने-सामने बैठकर बात करना चाहते हैं. उन्होंने बताया कि इस मामले में अभी तक उनके पास लिखित शिकायत भी नहीं आई है. टेलीफोनिक शिकायत पर ही उन्होंने कार्रवाई की है. कमेटी से जांच भी करा रहे हैं.