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पंचतत्व में विलीन हुए भारतीय राजनीति के पुरोधा कहे जाने वाले कल्याण सिंह, सीएम योगी ने ट्वीट कर कही दिल छू लेने वाली बात

भारतीय राजनीति के पुरोधा कहे जाने वाले उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह (Kalyan Singh) सोमवार की शाम पंचतत्व में विलीन हो गए. परिवार के सदस्यों और बीजेपी के दिग्गज नेताओं की मौजूदगी में कल्याण सिंह के पार्थिव शरीर का बुलंदशहर के नरौरा में गंगा नदी के तट पर अंतिम संस्कार किया गया.

पंचतत्व में विलीन हुए भारतीय राजनीति के पुरोधा कहे जाने वाले कल्याण सिंह, सीएम योगी ने ट्वीट कर कही दिल छू लेने वाली बात
पंचतत्व में विलीन हुए कल्याण सिंह (File Photo)

लखनऊ: भारतीय राजनीति के पुरोधा कहे जाने वाले उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह (Kalyan Singh) सोमवार की शाम पंचतत्व में विलीन हो गए. परिवार के सदस्यों और बीजेपी के दिग्गज नेताओं की मौजूदगी में कल्याण सिंह के पार्थिव शरीर का बुलंदशहर के नरौरा में गंगा नदी के तट पर अंतिम संस्कार किया गया. उन्हें बेटे राजवीर ने मुखाग्नि दी. इस दौरान केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, सीएम योगी आदित्यनाथ समेत कई बड़े नेता मौजूद रहे. Kalyan Singh Passes Away: कल्याण सिंह का अन्तिम संस्कार आज, कई बड़ी हस्तियों के शामिल होने की संभावना

रिपोर्ट्स के अनुसार, राममंदिर आंदोलन के अग्रेता माने जाने वाले कल्याण सिंह का वैदिक रीति रिवाज से अंतिम संस्कार किया गया. दाह संस्कार के लिए 25 किलो चंदन की लकड़ी की व्यवस्था की गई. जबकि आर्य समाज के 11 आचार्य अंतिम संस्कार वैदिक रीति रिवाज से सम्पन्न करवाने के लिए मौजूद थे. बताया गया है कि अंतिम संस्कार में चंदन, ढक, पीपल व आम की लकड़ी का उपयोग किया गया.

दिवंगत नेता के पार्थिव शरीर को रविवार शाम लखनऊ से एयर एंबुलेंस से महारानी अहिल्याबाई होल्कर स्टेडियम लाया गया. उनके शव के साथ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी साथ थे. दिवंगत नेता को श्रद्धांजलि देने के लिए हजारों की संख्या में कतारें लगी थीं और जय श्री राम और बाबू जी अमर रहे के नारे गूंज उठे.

गौरतलब है कि प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिह का लंबी बीमारी के बाद शनिवार रात लखनऊ के एसजीपीजीआई में निधन हो गया था. दो बार प्रदेश के मुख्यमंत्री रहे 89 वर्षीय कल्याण सिह 4 जुलाई से एसजीपीजीआई में भर्ती थे. रविवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने दिवंगत नेता के लखनऊ स्थित आवास पर जाकर उन्हें श्रद्धांजलि दी थी.

अंतिम संस्कार के बाद सीएम योगी ने किया यह ट्वीट-

राजनीति में आने से पहले कल्याण सिंह अतरौली में शिक्षक थे. वह पहली बार 1967 में विधायक चुने गए थे. उन्होंने 11 विधानसभा चुनावों में से 10 में जीत हासिल की थी. राम मंदिर के नायक एवं उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री व राजस्थान के पूर्व राज्यपाल कल्याण सिह का डिबाई क्षेत्र से विशेष लगाव रहा है. वह डिबाई को आंगन तो अतरौली को अपना घर बताते थे. इसी लगाव के चलते डिबाई क्षेत्र के लोगों के दिलों में सिंह का विशेष स्थान रहा है. वह राजस्थान के राज्यपाल रहते हुए 28 फरवरी 2017 में एक कार्यक्रम में शिरकत करने अंतिम बार डिबाई आये थे. (एजेंसी इनपुट के साथ)

(The above story first appeared on LatestLY on Aug 23, 2021 04:39 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).