बिहार पुलिस ने बेगूसराय में सिलसिलेवार गोलीबारी की घटना को सुलझा लेने का दावा किया, चार गिरफ्तार
बिहार पुलिस ने बेगूसराय जिले में 13 सितंबर की शाम अपराधियों द्वारा सड़क से गुजरने के दौरान अलग-अलग स्थानों पर की गयी सिलसिलेवार गोलीबारी के मामले को सुलझा लेने का दावा किया और इस संबंध में चार अपराधियों को गिरफ्तार किया.
बेगूसराय/पटना, 16 सितंबर : बिहार पुलिस ने बेगूसराय जिले में 13 सितंबर की शाम अपराधियों द्वारा सड़क से गुजरने के दौरान अलग-अलग स्थानों पर की गयी सिलसिलेवार गोलीबारी के मामले को सुलझा लेने का दावा किया और इस संबंध में चार अपराधियों को गिरफ्तार किया. इस घटना में एक व्यक्ति की मौत हो गई थी और 10 अन्य घायल हो गए थे. अपर पुलिस महानिदेशक (मुख्यालय) जे एस गंगवार ने शुक्रवार को पटना में संवाददाताओं से कहा कि गिरफ्तार लोगों की पहचान चुनचुन कुमार, सुमित कुमार, केशव कुमार और युवराज सिंह के रूप में हुई है. उन्होंने कहा कि पुलिस ने बेगूसराय गोलीबारी घटना के सिलसिले में चार लोगों को गिरफ्तार किया है. गंगवार ने बताया कि जिला पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से दो देशी पिस्तौल, पांच कारतूस और चार मोबाइल फोन बरामद किए.
इसके अलावा पुलिस ने तीन मोटरसाइकिल और कपड़े बरामद किए जो आरोपियों ने वारदात के समय पहन रखे थे. बेगूसराय में मंगलवार की शाम दो मोटरसाइकिल पर सवार चार लोगों ने अलग-अलग स्थानों पर राहगीरों पर गोलियां चला दीं थी जिसमें एक व्यक्ति की मौत हो गई और 10 अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए. घटना के पीछे अपराधियों के मकसद के बारे में गंगवार ने कहा, ‘‘शुरुआती पूछताछ के दौरान आरोपियों ने खुलासा किया कि इसका मकसद इलाके में आतंक फैलाना था. हम घटना के पीछे की किसी बड़ी साजिश का पता लगाने के लिए उनसे और पूछताछ की जा रही है." गंगवार ने उन आरोपियों की पहचान उजागर करने से इनकार किया जिन्होंने पैदल चलने वालों पर गोलियां चलाई थीं. उन्होंने कहा कि जांच से संबंधित कुछ महत्वपूर्ण पहलू हैं जो इस समय साझा नहीं किये जा सकते. यह भी पढ़ें : महाराष्ट्र एफडीए ने जॉनसन एंड जॉनसन का बेबी पाउडर निर्माण लाइसेंस रद्द किया
उन्होंने कहा कि अगले दो-तीन दिनों में और गिरफ्तारियां होने की संभावना है क्योंकि पुलिस को उन लोगों की पहचान करनी है जिन्होंने बदमाशों को धन मुहैया कराया और उन्हें आश्रय दिया. बेगूसराय में मीडियाकर्मियों से बात करते हुए पुलिस अधीक्षक योगेंद्र कुमार ने कहा, ‘‘तीन आरोपी बरौनी के निवासी हैं जबकि युवराज बेगूसराय में रहता है.” उन्होंने कहा कि युवराज को जमुई जिले के झाझा से गिरफ्तार किया गया जबकि अन्य आरोपियों को बेगूसराय से गिरफ्तार किया गया. योगेंद्र ने कहा कि पुलिस ने सिलसिलेवार गोलीबारी मामले में भादवि की विभिन्न धाराओं के तहत कुल आठ प्राथमिकी दर्ज की थी और जांच के लिए चार टीमों का गठन किया था. उन्होंने कहा कि इसके अलावा पटना, खगड़िया, समस्तीपुर, जमुई, लखीसराय, मुंगेर और जामलापुर रेलवे पुलिस ने भी मामले की जांच में जांचकर्ताओं की सहायता की.
पुलिस अधीक्षक ने कहा कि यह बिहार पुलिस का एक सामूहिक प्रयास था जिसने जांचकर्ताओं को घटना के दो दिनों के भीतर मामले को सुलझाने में मदद की. बेगूसराय में मंगलवार की शाम सशस्त्र अपराधियों द्वारा की गयी सिलसिलेवार गोलीबारी की घटना के बाद ड्यूटी में लापरवाही बरतने के आरोप में सात पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया था. इस बीच बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने विपक्षी नेताओं की इस मामले को केंद्रीय जांच एजेंसियों सीबीआई या एनआईए को सौंपे जाने की मांग को खारिज करते हुए कहा, ‘‘वे (विपक्षी नेता) जो कहना चाहते हैं, कहने दें. राज्य पुलिस को अपने-अपने अधिकार क्षेत्र में होने वाली घटनाओं की जांच करने का अधिकार है." मुख्यमंत्री ने पत्रकारों के सवालों के जवाब में कहा कि इस मामले में बिहार पुलिस द्वारा की जा रही जांच काफी संतोषजनक है.
(The above story first appeared on LatestLY on Sep 17, 2022 01:16 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

