‘द बेलारशियन एसोसिएशन ऑफ जर्नलिस्ट्स’ ने शनिवार को कहा कि 20 से अधिक मीडिया वेबसाइट अवरुद्ध कर दी गई हैं जिनमें अमेरिका से वित्तीय मदद प्राप्त ‘रेडियो लिबर्टी’ और पोलैंड द्वारा वित्तीय मदद प्राप्त टीवी चैनल ‘बेल्सात’ भी शामिल हैं।
सरकारी प्रकाशन विभाग ने शुक्रवार को उपकरणों में खराबी की बात कहकर शीर्ष स्वतंत्र अखबारों- ‘नरोदनाया वोल्या’ और ‘कोमसोमोलस्काया’ का प्रकाशन रोक दिया।
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बेलारूस में हो रहे प्रदर्शन अपनी अवधि और आकार को लेकर अभूतपूर्व हैं जो नौ अगस्त को तब भड़के थे जब राष्ट्रपति पद के चुनाव परिणाम में लुकाशेंको को छठे कार्यकाल के लिए विजयी घोषित कर दिया गया।
प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि चुनाव परिणाम में गड़बड़ी की गई।
प्रदर्शनकारी अब राष्ट्रपति से इस्तीफे की मांग कर रहे हैं।
प्रदर्शनों के शुरुआती दिनों में पुलिस ने कड़ी कार्रवाई की लगभग सात हजार लोगों को गिरफ्तार कर लिया तथा उनमें से अनेक की पिटाई की गई।
लेकिन अब प्रदर्शनों का दायरा काफी बढ़ गया है और देश के कुछ मुख्य कारखानों में हड़ताल हो गई है। गत रविवार को लगभग दो लाख प्रदर्शनकारियों ने राजधानी मिंस्क में रैली निकाली।
चुनाव में लुकाशेंको की मुख्य प्रतिद्वंद्वी रहे स्वितलाना सिखानोस्काया ने इस रविवार को एक और मार्च निकालने का आह्वान किया है।
एपी
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