AI संचालित 5जी आरएएन प्लेटफॉर्म के विकास के लिए केंद्र ने एआई टच को दी फंडिंग
डिपार्टमेंट ऑफ टेलीकम्युनिकेशन द्वारा बुधवार को 5जी आरएएन (रेडियो एक्सेस नेटवर्क) के उपकरणों के विकास के लिए एआई टच एलएलपी को फंडिंग देने की घोषणा की गई है.
नई दिल्ली, 8 जनवरी : डिपार्टमेंट ऑफ टेलीकम्युनिकेशन द्वारा बुधवार को 5जी आरएएन (रेडियो एक्सेस नेटवर्क) के उपकरणों के विकास के लिए एआई टच एलएलपी को फंडिंग देने की घोषणा की गई है. 5जी आरएएन उपकरणों में आरएएन इंटेलिजेंस कंट्रोलर (आरआईसी), सर्विस मैनेजमेंट और ऑरचेस्ट्रेशन (एसएमओ) और नेटवर्क डेटा एनालिटिक्स फंक्शन (एनडब्लूडीएएफ) मॉड्यूल को शामिल किया जाता है. इस प्रोजेक्ट से 5जी नेटवर्क में ऑपरेशनल स्तर पर दक्षता आएगी और इसका क्रियान्वन सेंटर ऑफ टेलीमेटिक्स (सी-डीओटी) द्वारा किया जाएगा.
सरकार द्वारा जारी बयान में कहा गया कि यूएसओएफ (अब "डिजिटल भारत निधि") की टीटीडीएफ योजना के तहत प्रोजेक्ट का उद्देश्य 5जी आरएएन के लिए एसएमओ, आरआईसी और एनडब्ल्यूडीएएफ मॉड्यूल को एआई/एमएल-संचालित इंटेंट इंजन के साथ एकीकृत करने वाला एक प्लेटफॉर्म विकसित करना है. यह एआई/एमएल-आधारित एप्लीकेशन और क्लोज्ड-लूप ऑटोमेशन के माध्यम से आरएएन और कोर नोड्स के इंटेलीजेंसी और ऑटोमेशन कंट्रोल की सुविधा प्रदान करता है. यह भी पढ़ें : ISRO New Chief V. Narayanan: वी. नारायणन बनें ISRO के नए चीफ, 14 जनवरी से संभालेंगे कार्यभार
बयान में कहा गया कि इस परियोजना से ऐसे समाधान मिलने की उम्मीद है जो परिचालन जटिलताओं को कम करेंगे, मोबाइल नेटवर्क ऑपरेटरों के लिए लागत दक्षता में सुधार करेंगे और दूरसंचार क्षेत्र में नए एप्लीकेशन को सपोर्ट करेंगे. इसका उद्देश्य स्वदेशी 5जी इकोसिस्टम के विकास में योगदान देना और भविष्य की प्रगति के लिए आधार तैयार करना है.
सी-डॉट के सीईओ राजकुमार उपाध्याय ने कहा, "कार्यान्वयन भागीदार के रूप में सी-डॉट यह सुनिश्चित करेगा कि प्रोजेक्ट तकनीकी विकास के उच्चतम मानकों का पालन करे. एआई टच जैसे इंडस्ट्री लीडर्स से सहयोग के जरिए हम स्वदेशी समाधानों का निर्माण कर रहे हैं जो भारत के दूरसंचार इकोसिस्टम को मजबूत करेंगे."
एआई टच में पार्टनर अमित गुप्ता ने कहा, "हमारा ध्यान उन्नत एनालिटिक्स और इंटेलिजेंट मॉडल बनाने के लिए एआई और एमएल का लाभ उठाने पर है. इस प्रोजेक्ट में हम आरआईसी और एनडब्ल्यूडीएएफ के भीतर पूर्वानुमान क्षमताओं और ऑटोमेशन के विकास को लेकर काम कर रहे हैं. साथ ही यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि प्लेटफार्म जटिल नेटवर्क चुनौतियों को सटीकता के साथ संभालने के लिए सक्षम हो."
(The above story first appeared on LatestLY on Jan 08, 2025 01:52 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

