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‘ठाकुर हूं... यहीं ठोक देंगे’: कानपुर में ग्राहक को धमकाने वाली HDFC बैंक कर्मचारी सस्पेंड, वीडियो वायरल होने पर बड़ी कार्रवाई

उत्तर प्रदेश के कानपुर में HDFC बैंक की एक महिला कर्मचारी द्वारा ग्राहक को जातिसूचक शब्दों के साथ धमकाने का वीडियो वायरल हुआ है. बैंक ने त्वरित कार्रवाई करते हुए कर्मचारी को सस्पेंड कर दिया है.

‘ठाकुर हूं... यहीं ठोक देंगे’: कानपुर में ग्राहक को धमकाने वाली HDFC बैंक कर्मचारी सस्पेंड, वीडियो वायरल होने पर बड़ी कार्रवाई
आस्था सिंह एचडीएफसी वीडियो (Photo Credits: X/@Benarasiyaa)

कानपुर: उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के कानपुर (Kanpur) स्थित पनकी शाखा में एक महिला बैंक कर्मचारी (Bank Employee) द्वारा ग्राहक के साथ अभद्रता और मारपीट की धमकी देने का मामला सामने आया है. सोशल मीडिया (Social Media) पर इस घटना का वीडियो वायरल (Viral Video) होने के बाद, HDFC बैंक ने सोमवार, 9 फरवरी को संबंधित कर्मचारी को तत्काल प्रभाव से निलंबित (Suspend) कर दिया है. बैंक ने स्पष्ट किया है कि वह अपने स्टाफ के ऐसे किसी भी अमर्यादित व्यवहार को बर्दाश्त नहीं करेगा. यह भी पढ़ें: Nitish Rajput SSC Controversy: 'एग्जाम स्कैम' वीडियो पर यूट्यूब स्टार नीतीश राजपूत को 2.5 करोड़ रुपये का मानहानि नोटिस

क्या है पूरा मामला?

घटना का वीडियो बैंक की पनकी शाखा के अंदर का है, जहां किसी सेवा (Service) संबंधी विवाद को लेकर एक पुरुष ग्राहक और बैंक कर्मचारी आस्था सिंह के बीच तीखी बहस हो गई. वीडियो में देखा जा सकता है कि बहस के दौरान आस्था सिंह अपना आपा खो बैठीं और ग्राहक के लिए अपशब्दों का प्रयोग करने लगीं.

तनाव तब और बढ़ गया जब कर्मचारी ने मेज पर रखा लैपटॉप उठाकर ग्राहक की ओर हवा में लहराया और उसे मारने की धमकी दी.

HDFC बैंक की कर्मचारी आस्था सिंह को जातिवादी गालियां देने और मौखिक दुर्व्यवहार के बाद सस्पेंड कर दिया गया.

जातिसूचक धमकी और विवादित बयान

सोशल मीडिया पर इस वीडियो के वायरल होने की सबसे बड़ी वजह कर्मचारी द्वारा अपनी जातीय पहचान का इस्तेमाल कर धमकी देना है. वीडियो में कर्मचारी को यह कहते सुना जा सकता है, "मैं ठाकुर हूँ, बकचोदी मत करना... यहीं पे ठोक देंगे." बैंक परिसर के भीतर इस तरह की डराने-धमकाने वाली भाषा और जातीय अहंकार के प्रदर्शन की चौतरफा आलोचना हो रही है.

बैंक की कार्रवाई और आधिकारिक बयान

वीडियो के वायरल होते ही और नेटिज़न्स द्वारा बैंक के वरिष्ठ अधिकारियों को टैग किए जाने के बाद, HDFC बैंक ने सार्वजनिक बयान जारी किया. बैंक के प्रवक्ता ने कहा, 'हमने पनकी शाखा की घटना का संज्ञान लिया है. संबंधित कर्मचारी को तत्काल निलंबित कर दिया गया है और विस्तृत आंतरिक जांच शुरू कर दी गई है.'

बैंक ने आगे कहा कि वे अपने सभी कर्मचारियों से पेशेवर और विनम्र व्यवहार की अपेक्षा करते हैं और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए उत्तर प्रदेश क्षेत्र में कर्मचारियों को विशेष ट्रेनिंग (Sensitivity Training) भी दी जाएगी. यह भी पढ़ें: मैं ठाकुर हूं, पंगा मत लेना : कानपुर में HDFC बैंक कर्मचारी ने ग्राहक को दी धमकी, वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल

'मैं ठाकुर हूं, मुझसे पंगा मत लो' वीडियो के बाद HDFC बैंक ने कानपुर के कर्मचारी के खिलाफ कार्रवाई की.

कार्यस्थल पर व्यवहार और नैतिक बहस

यह घटना बैंकिंग क्षेत्र में कस्टमर सर्विस के गिरते स्तर और कार्यस्थल की नैतिकता पर एक नई बहस छेड़ चुकी है. सोशल मीडिया पर लोग न केवल कर्मचारी के व्यवहार की निंदा कर रहे हैं, बल्कि यह सवाल भी उठा रहे हैं कि एक पेशेवर माहौल में जातीय पहचान का सहारा लेकर किसी को शारीरिक नुकसान पहुंचाने की धमकी कैसे दी जा सकती है.

फिलहाल पनकी शाखा में कामकाज सामान्य रूप से चल रहा है. हालांकि अभी तक इस मामले में किसी औपचारिक पुलिस शिकायत की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन स्थानीय प्रशासन स्थिति पर नजर बनाए हुए है.

(The above story first appeared on LatestLY on Feb 09, 2026 01:43 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).