उत्तर प्रदेश में आज चांद का दीदार नहीं हुआ, अब रविवार 24 मई को चांद दिखेगा. 25 मई सोमवार को ईद-उल-फितर मनाई जाएगी.

दिल्ली जामा मस्जिद के शाही इमाम, सैयद अहमद बुखारी ने कहा, ईद-उल-फितर 25 मई को मनाया जाएगा क्योंकि आज चांद नहीं देखा गया है. यह महत्वपूर्ण है कि हम सावधानी बरतें और सोशल डिस्टेंशिंग बनाए रखें. हमें हाथ मिलाने और गले मिलने से दूर रहना चाहिए. हमें सरकार के दिशानिर्देशों का पालन करना चाहिए.

उत्तर प्रदेश में अभी तक चांद नहीं दिखा है. चांद देखने की कोशिश जारी है.

ईद-उल-फितर का त्योहार भारत में 24 मई को मनाया जाएगा या नहीं इस पर अंतिम निर्णय हिलाल कमेटी लेगी.

उत्तर प्रदेश में मगरिब की नमाज के बाद चांद देखने की कोशिश होगी. उत्तर प्रदेश में आज 29वां रोजा है.

1 महीने पहले शुरू हुआ पवित्र रमजान का महिना आज खत्म हो सकता है. उत्तर प्रदेश में आज 29वां रोजा हैं. इस्लामी कैलेंडर चांद पर निर्भर होता है इसलिए आज महीने का आखिरी दिन हो सकता है. उत्तर प्रदेश में लोग चांद देखने की कोशिश कर रहे हैं.

उत्तर प्रदेश में इफ्तार के बाद लोग चांद देखने की कोशिश करेंगे, चांद का दीदार हुआ तो कल ईद का त्योहार मनाया जाएगा.

लखनऊ-प्रयागराज-कानपुर समेत पूरे उत्तर प्रदेश के मुसलमान चांद देखने की कोशिश करेंगे, बता दें कि उत्तर प्रदेश में आज 29वां रोजा है. अगर आज चांद का दीदार हुआ तो रविवार को ईद का त्योहार मनाया जाएगा. 

Eid-ul-Fitr Moon Sighting 2020 Uttar Pradesh: ईद-उल-फितर भारत में 24 या 25 मई को मनाया जा सकता है. केरल-कर्नाटक छोड़े तो देश में शुक्रवार को 28वां रोजा मुकम्मल हुआ. आज 29वां रोजा है. अगर आज चांद दिखा तो रविवार 24 मई को ईद का त्यौहार मनाया जाएगा नहीं तो सोमवार 25 मई को ईद मनाई जाएगी. उत्तर प्रदेश में भी आज शाम को लोग चांद देखने की कोशिश करेंगे. यूपी के लखनऊ, कानपुर, नोएडा, प्रतापगढ़, आजमगढ़ समेत अन्य जगहों पर भी मुसलमान समाज के लोग चांद देखने की कोशिश करेंगे. इस्लामिक कैलेंडर चांद पर आधारित है इसलिए आज शव्वल की चांद रात भी हो सकती है. इससे पहले शुक्रवार को जुमातुल विदा की नमाज पढ़ी गई.

23 या 24 मई को चांद दिखने के बाद रमजान का पाक महीना समाप्त होगा और लोग ईद मनाएंगे. खाड़ी देशों में रहने वाले मुसलमान 24 अप्रैल से ही रोजा रख रहे हैं. केरल और कर्नाटक में के मुसलमान भी 24 अप्रैल से ही रोजा रख रहे हैं. आज उनका 30वां रोजा पूरा हो रहा है.

कोरोना संक्रमण और लॉकडाउन के कारण इस बार ईद की तैयारियां फीकी रही हैं. बाजार बंद होने के कारण लोग मन पसंद चीजें नहीं खरीद सकें हैं. हालांकि जहां-जहां लॉकडाउन में छूट मिली है, वहां लोगों ने कुछ तैयारियां की हैं. लोगों से अपील की है कि वे इस बार घरों में रहकर ही ईद मनाएं.

इस्लामिक कैलेंडर के अनुसार, रमजान के बाद 10वें शव्वाल की पहली तारीख को ईद-उल-फितर का त्योहार मनाया जाता है. बता दें कि 22 मई शुक्रवार को सऊदी अरब में चांद नहीं दिखा था. जिसके बाद अब शनिवार यानी 23 मई को चांद के दीदार का अनुमान लगाया जा रहा है. सऊदी अरब समेत तमाम खाड़ी देशों में 24 मई यानी रविवार को ईद मनाई जाएगी.

ईद का समय और दिन अलग-अलग देशों में अलग-अलग होता है. ईद का दिन एकमात्र ऐसा दिन होता है जिस दिन मुस्लिम लोग रोजा नहीं रखते हैं. चांद का दीदार होने के बाद यानी शव्वाल का महीना शरू होने के साथ ईद मनाई जाती है, इसलिए दुनियाभर में इसकी तारीख अलग-अलग होती है.