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लोकसभा में प्रधानमंत्री मोदी के भाषण के बाद आमने-सामने आए योगी आदित्यनाथ और अरविंद केजरीवाल

राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर हुई चर्चा का जवाब देते हुए सोमवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने महाराष्ट्र की ठाकरे सरकार और दिल्ली की केजरीवाल सरकार पर कोरोना की पहली लहर के बीच लोगों को मुंबई और दिल्ली से अपने-अपने राज्यों को पलायन के लिए मजबूर और प्रेरित करने का आरोप लगाया था.

लोकसभा में प्रधानमंत्री मोदी के भाषण के बाद आमने-सामने आए योगी आदित्यनाथ और अरविंद केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल और योगी आदित्यनाथ (Photo Credits-PTI)

नई दिल्ली, 8 फरवरी : राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर हुई चर्चा का जवाब देते हुए सोमवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने महाराष्ट्र की ठाकरे सरकार और दिल्ली की केजरीवाल सरकार पर कोरोना की पहली लहर के बीच लोगों को मुंबई और दिल्ली से अपने-अपने राज्यों को पलायन के लिए मजबूर और प्रेरित करने का आरोप लगाया था. प्रधानमंत्री मोदी ने कहा था कि केजरीवाल सरकार की वजह से उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड और पंजाब में कोरोना संक्रमितों की संख्या तेजी से बढ़ी. प्रधानमंत्री मोदी के इस आरोप के बाद दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के बीच ' ट्विटर वॉर' छिड़ गया. दोनों मुख्यमंत्री एक दूसरे पर जमकर राजनीतिक निशाना साधते नजर आए.

लोकसभा में प्रधानमंत्री मोदी द्वारा लगाए गए आरोप का वीडियो शेयर करते हुए केजरीवाल ने ट्वीट कर कहा, "प्रधानमंत्री जी का ये बयान सरासर झूठ है. देश उम्मीद करता है कि जिन लोगों ने कोरोना काल की पीड़ा को सहा, जिन लोगों ने अपनों को खोया, प्रधानमंत्री जी उनके प्रति संवेदनशील होंगे. लोगों की पीड़ा पर राजनीति करना प्रधानमंत्री जी को शोभा नहीं देता." केजरीवाल द्वारा प्रधानमंत्री मोदी पर किए गए इस तीखे हमले का जवाब देने के लिए उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आगे आए. उन्होंने केजरीवाल के बयान को निंदनीय बताते हुए ट्वीट कर कहा, "अरविंद केजरीवाल का आदरणीय प्रधानमंत्री जी के बारे में आज का बयान घोर निंदनीय है. अरविंद केजरीवाल को पूरे राष्ट्र से माफी मांगनी चाहिए. गोस्वामी तुलसीदास जी ने उनके जैसे लोगों के बारे में ही कहा है कि..झूठइ लेना, झूठइ देना. झूठइ भोजन, झूठ चबेना.." यह भी पढ़े : UP Election BJP Manifesto: डबल इंजन की भाजपा सरकार में अब प्रदेश के विद्यार्थी गुणवत्तापूर्ण शिक्षा भी पाएंगे और पलायन भी नहीं करना पड़ेगा- योगी आदित्यनाथ

इसके बाद सिलसिलेवार कई ट्वीट कर योगी आदित्यनाथ ने केजरीवाल सरकार पर निशाना साधते हुए कहा , "सुनो केजरीवाल, जब पूरी मानवता कोरोना की पीड़ा से कराह रही थी, उस समय आपने यूपी के कामगारों को दिल्ली छोड़ने पर विवश किया. छोटे बच्चों व महिलाओं तक को आधी रात में यूपी की सीमा पर असहाय छोड़ने जैसा अलोकतांत्रिक व अमानवीय कार्य आपकी सरकार ने किया. आपको मानवताद्रोही कहें या.." योगी ने अपने अगले ट्वीट में कहा, "केजरीवाल को झूठ बोलने में महारथ हासिल है. जब पूरा देश आदरणीय प्रधानमंत्री जी के नेतृत्व में कोरोना जैसी वैश्विक महामारी से जूझ रहा था तब केजरीवाल ने प्रवासी मजदूरों को दिल्ली से बाहर का रास्ता दिखा दिया." योगी ने आगे कहा , "बिजली-पानी का कनेक्शन काटा व सोते हुए लोगों को उठा-उठा कर बसों से यूपी बॉर्डर पर भेजा गया. अनाउंसमेंट कर कहा गया कि आनंद विहार के लिए बसें जा रही हैं, उससे आगे यूपी-बिहार के लिए बसें मिलेंगी. यूपी सरकार ने प्रवासी मजदूरों के लिए बसों का इंतजाम किया और उन्हें सुरक्षित वापस लाई."

योगी आदित्यनाथ द्वारा एक के बाद एक लगाए जा रहे आरोपों की झड़ी पर पलटवार करते हुए अरविंद केजरीवाल ने ट्वीट कर कहा, सुनो योगी, आप तो रहने ही दो. जिस तरह यूपी के लोगों की लाशें नदी में बह रहीं थीं और आप करोड़ों रुपए खर्च करके टाइम्स मैगजीन में अपनी झूठी वाह वाही के विज्ञापन दे रहे थे. आप जैसा निर्दयी और क्रूर शासक मैंने नहीं देखा." उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड और पंजाब में विधानसभा चुनाव का राजनीतिक घमासान मचा हुआ है . आम आदमी पार्टी इन तीनों राज्यों में चुनाव लड़ रही है और इसलिए लोक सभा के पटल पर प्रधानमंत्री मोदी द्वारा लगाए गए आरोपों का जवाब देने के लिए आप मुखिया अरविंद केजरीवाल स्वयं सामने आए और चुनाव के इसी मौसम को देखते हुए भाजपा की तरफ से पलटवार करने की जिम्मेदारी उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ लेते नजर आए.

(The above story first appeared on LatestLY on Feb 08, 2022 12:36 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).