E-Passport क्या है? जानें क्या पुराने पासपोर्ट को बदलना है अनिवार्य और क्या हैं इसके बड़े फायदे
भारतीय पासपोर्ट (Photo Credits: X/Pixabay)

मुंबई: भारत सरकार (Indian Government) की 'पासपोर्ट सेवा 2.0' (Passport Seva 2.0) पहल के तहत देश भर में ई-पासपोर्ट (E-Passport) जारी करने का काम तेजी से चल रहा है. 10 फरवरी, 2026 तक देश के प्रमुख पासपोर्ट सेवा केंद्रों (Passport Seva Kendras) (PSKs) पर यह सुविधा सक्रिय हो चुकी है.  यह अगली पीढ़ी का यात्रा दस्तावेज है जिसे अंतरराष्ट्रीय इमिग्रेशन (International Immigration) प्रक्रिया को सरल और सुरक्षित बनाने के लिए डिजाइन किया गया है. हालांकि, कई नागरिकों के मन में अभी भी इसके अनिवार्य होने और इसके काम करने के तरीके को लेकर सवाल हैं. यह भी पढ़ें: How To Apply for Passport Online in 2026: पासपोर्ट के लिए ऑनलाइन आवेदन कैसे करें? passportindia.gov.in पर अप्लाई करने का स्टेप-बाय-स्टेप जानें तरीका

क्या है ई-पासपोर्ट और 'e' का मतलब?

ई-पासपोर्ट में 'e' का अर्थ 'इलेक्ट्रॉनिक' (Electronic) है. यह दिखने में पारंपरिक पेपर पासपोर्ट जैसा ही होता है, लेकिन इसमें एक छोटी इलेक्ट्रॉनिक चिप (RFID - Radio Frequency Identification) लगी होती है.

चिप की भूमिका: यह चिप आमतौर पर पासपोर्ट के पिछले कवर या डेटा पेज में छिपी होती है. इसमें धारक का नाम, जन्मतिथि, फोटो, फिंगरप्रिंट और डिजिटल हस्ताक्षर जैसी बायोमेट्रिक जानकारी एन्क्रिप्टेड (Encrypted) रूप में सुरक्षित रहती है.

पहचान: ई-पासपोर्ट के फ्रंट कवर पर नीचे की तरफ एक छोटा सुनहरे रंग का अंतरराष्ट्रीय 'चिप सिंबल' बना होता है, जिससे इसकी पहचान आसानी से की जा सकती है.

क्या पुराना पासपोर्ट बदलना अनिवार्य है?

सरकारी दिशा-निर्देशों के अनुसार, मौजूदा पासपोर्ट धारकों को तुरंत ई-पासपोर्ट में अपग्रेड करना अनिवार्य नहीं है. बदलाव की यह प्रक्रिया 'नेचुरल रिप्लेसमेंट' चक्र के तहत होगी:

  1. वैधता: आपके पास मौजूद पारंपरिक मशीन-रीडेबल पासपोर्ट अपनी एक्सपायरी डेट (समाप्ति तिथि) तक पूरी तरह वैध रहेंगे.
  2. ऑटोमैटिक अपग्रेड: जब आप पासपोर्ट के रिन्यूअल (नवीनीकरण) या नए पासपोर्ट के लिए आवेदन करेंगे, तो आपको स्वतः ही ई-पासपोर्ट जारी कर दिया जाएगा.
  3. कोई अतिरिक्त शुल्क नहीं: फिलहाल ई-पासपोर्ट के लिए कोई अलग फॉर्म या अतिरिक्त फीस नहीं ली जा रही है; यह अब नई नियुक्तियों के लिए मानक विकल्प बन गया है. यह भी पढ़ें: How To Renew Passport Online: पासपोर्ट रिन्यू कराना हुआ और भी आसान; जानें स्टेप-बाय-स्टेप ऑनलाइन प्रक्रिया, जरूरी दस्तावेज और फीस

यात्रियों के लिए इसके बड़े फायदे

ई-पासपोर्ट अंतरराष्ट्रीय नागरिक उड्डयन संगठन (ICAO) के वैश्विक मानकों के अनुरूप है, जिससे विदेश यात्रा आसान हो जाती है:

  • तेज इमिग्रेशन: ई-पासपोर्ट वाले यात्री कई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों पर 'ई-गेट्स' (Automated e-gates) का उपयोग कर सकते हैं, जिससे लंबी कतारों से छुटकारा मिलता है.
  • सुरक्षा: डिजिटल डेटा को टेम्पर-प्रूफ बनाया गया है. यदि कोई फिजिकल फोटो या जानकारी से छेड़छाड़ करने की कोशिश करता है, तो चिप स्कैन होते ही सिस्टम अलर्ट जारी कर देगा.
  • वैश्विक स्वीकार्यता: दुनिया के अधिकांश विकसित देश अब चिप-आधारित पासपोर्ट को प्राथमिकता देते हैं, जिससे भारतीय यात्रियों के लिए एंट्री प्रोसेस सुगम हो जाएगा.

आवेदन की प्रक्रिया (2026 अपडेट)

ई-पासपोर्ट के लिए आवेदन की प्रक्रिया सामान्य पासपोर्ट जैसी ही है. आवेदकों को 'पासपोर्ट सेवा' पोर्टल पर पंजीकरण करना होगा, फॉर्म भरना होगा और शुल्क (साधारण नए आवेदन के लिए ₹1,500 से शुरू) जमा करना होगा. पासपोर्ट सेवा 2.0 के तहत अब दस्तावेजों को अपलोड करना और मोबाइल ऐप के जरिए स्टेटस ट्रैक करना और भी आसान हो गया है. पुलिस वेरिफिकेशन की प्रक्रिया पहले की तरह ही अनिवार्य रहेगी.