उद्धव ठाकरे ने CAA पर तोड़ी चुप्पी, केंद्र का किया समर्थन, हिंदुत्व को लेकर बीजेपी पर साधा निशाना
महाराष्ट्र में बीजेपी की साथी रही शिवसेना ने सूबे में हुए विधानसभा चुनाव के बाद गठबंधन तोड़कर कांग्रेस-एनसीपी के साथ महाविकास आघाडी की सरकार बनाई है. उद्धव ठाकरे इस दौरान बीजेपी पर जमकर बरसे। उन्होंने हिंदुत्व को लेकर कहा कि हमारे विचार एक जैसे नहीं है. साथ ही सत्ता हथियाने के लिए धर्म का इस्तेमाल करना मेरा हिंदुत्व नहीं है.
मुंबई. महाराष्ट्र में बीजेपी (BJP) की साथी रही शिवसेना ने सूबे में हुए विधानसभा चुनाव के बाद गठबंधन तोड़कर कांग्रेस-एनसीपी (Congress-NCP) के साथ महाविकास आघाडी की सरकार बनाई है. इसके साथ ही शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे (Maharashtra CM Uddhav Thackeray) राज्य के मुख्यमंत्री बने. राज्य में सत्ता से दूर होने के बाद से ही बीजेपी लगातार शिवसेना (Shiv Sena) पर हमलावर रही है. कई बार बीजेपी ने हिंदुत्व (Hindutva) को लेकर भी उद्धव ठाकरे को निशाने पर लेती रही है. इसके साथ उद्धव ठाकरे ने सीएए (Citizenship Amendment Act), एनआरसी (National Register of Citizens) और हिंदुत्व सहित तमाम मुद्दों को लेकर शिवसेना सांसद संजय राउत (Shiv Sena MP Sanjay Raut) को दिए एक इंटरव्यू में बातचीत की.
उद्धव ठाकरे इस दौरान बीजेपी पर जमकर बरसे. उन्होंने हिंदुत्व को लेकर कहा कि हमारे विचार एक जैसे नहीं है. साथ ही सत्ता हथियाने के लिए धर्म का इस्तेमाल करना मेरा हिंदुत्व नहीं है. मैं एक ऐसा देश नहीं चाहता जो शांतिपूर्ण न हो. मैं ऐसे हिंदू राष्ट्र की परिकल्पना नहीं कर सकता हूं. यह भी पढ़े-महाराष्ट्र: सीएम उद्धव ठाकरे का NRC पर बड़ा बयान, कहा- नागरिकता साबित करना मुश्किल इसलिए राज्य में नहीं करेंगे लागू
उद्धव ठाकरे ने कहा कि बीजेपी हमेशा कहती है कि हिंदू राष्ट्र होना चाहिए, लेकिन देश में लोग एक दूसरे को मार रहे हैं और अशांति का माहौल है. ये उनका हिंदुत्व नहीं है. इसके साथ यह हिंदुत्व वो नहीं है जो हमें पढ़ाया गया है. उन्होंने बीजेपी पर तंज कसते हुए कहा कि सत्ता हासिल करने के लिए हिंदुत्व की गलत परिभाषा की इसलिए भारतीय जनता पार्टी हिंदुत्व की हिमायती नहीं हो सकती है.
एनआरसी को लेकर महाराष्ट्र के सीएम ने कहा कि मैं इसे नहीं आने दूंगा क्योंकि इससे हिंदुवों को भी दिक्कते होंगी. हालांकि उन्होंने नागरिकता कानून का समर्थन करते हुए कहा कि इसके खिलाफ कोई प्रस्ताव लाने की कोई जरूरत नहीं है. इसके पीछे का कारण है कि किसी भी शख्स को घर से बाहर करना सीएए के अंदर नहीं आता है.
(The above story first appeared on LatestLY on Feb 05, 2020 09:33 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

