पीयूष गोयल को मिला वित्त मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार, पेश कर सकते हैं अंतरिम बजट
अरुण जेटली को उनके इलाज तक बिना पोर्टफोलियो वाला मंत्री बनाया गया है. स्वस्थ होने के बाद जेटली फिर से वित्त और कॉरपोरेट मामलों के मंत्रालय की जिम्मेदारी संभालेंगे.
रेल मंत्री पीयूष गोयल (Piyush Goyal) को बुधवार को वित्त (Finance) और कॉरपोरेट मामलों (Corporate Affairs) के मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार सौंप दिया गया है. अरुण जेटली (Arun Jaitley) अस्वस्थ हैं और इलाज के लिए विदेश में हैं, इस वजह से उनके मंत्रालयों का प्रभार पीयूष गोयल को दिया गया है. राष्ट्रपति भवन (Rashtrapati Bhavan) की ओर से जारी सूचना में कहा गया है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) की सलाह पर वित्त मंत्रालय और कॉरपोरेट मामलों के मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार अस्थायी रूप से पीयूष गोयल को सौंपा गया है. 1 फरवरी को अंतरिम बजट (Interim Budget) पेश होना है. ऐसे में माना जा रहा है कि इस बार का बजट पीयूष गोयल ही पेश करें. पीयूष गोयल के पास जो मंत्रालय हैं वह उसका कामकाज भी देखेंगे. इसके अलावा अरुण जेटली को उनके इलाज तक बिना पोर्टफोलियो वाला मंत्री बनाया गया है. स्वस्थ होने के बाद जेटली फिर से वित्त और कॉरपोरेट मामलों के मंत्रालय की जिम्मेदारी संभालेंगे.
Arun Jaitley will be designated as Minister without portfolio during the period of his indisposition or till such time he is able to resume his work as Minister of Finance and Minister of Corporate Affairs. https://t.co/qh80IPqD2E
— ANI (@ANI) January 23, 2019
इससे पहले भी अरुण जेटली की अनुपस्थिति में वित्त मंत्रालय की अतिरिक्त जिम्मेदारी रेलमंत्री पीयूष गोयल को सौंपी गई थी. जेटली 23 अगस्त 2018 को वापस वित्त मंत्रालय संभालने पहुंचे थे. अरुण जेटली गुर्दा संबंधी अपनी बीमारी की जांच के लिए अमेरिका गए हुए हैं. पिछले साल 14 मई 2018 को 66 वर्षीय जेटली का गुर्दा प्रतिरोपण हुआ था. उसके बाद उनकी यह पहली विदेश यात्रा है. पिछले नौ महीनों में उन्होंने कोई विदेश यात्रा नहीं की है. यह भी पढ़ें- लोकसभा चुनाव 2019: यूपी में अगर SP-BSP के साथ आई कांग्रेस तो महज 5 सीटों पर सिमट जाएगी BJP- सर्वे
अरुण जेटली को इसी महीने में लोकसभा चुनाव को देखते हुए बीजेपी की चुनावी प्रचार रणनीति प्रमुख की जिम्मेदारी दी गई थी. अरुण जेटली 2000 से राज्यसभा के सांसद हैं. पिछले साल मार्च में उन्हें उत्तर प्रदेश से फिर से राज्यसभा का सांसद चुना गया है. गुर्दा प्रतिरोपण से पहले 2014 में वजन बढ़ने की समस्या को लेकर भी अरुण जेटली की एक सर्जरी हो चुकी है.
भाषा इनपुट
(The above story first appeared on LatestLY on Jan 23, 2019 10:07 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

