Mumbai-Pune Expressway New Link Road: मुंबई-पुणे यात्रियों के लिए बड़ी खुशखबरी, अप्रैल 2026 से शुरू होगा नया लिंक रोड, सफर होगा 25 मिनट कम
मुंबई और पुणे के बीच यात्रा करने वालों के लिए बड़ी खबर है. अप्रैल 2026 से नया लिंक रोड शुरू होने जा रहा है, जिससे दोनों शहरों के बीच का सफर 25 मिनट कम हो जाएगा. 6,695 करोड़ रुपये की लागत वाला यह प्रोजेक्ट अब अपने अंतिम चरण में है.
Mumbai-Pune Expressway New Link Road: महाराष्ट्र राज्य सड़क विकास निगम (MSRDC) मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे पर खालापुर और लोनावला के बीच बन रहे महत्वाकांक्षी 'मिसिंग लिंक' प्रोजेक्ट को 1 अप्रैल 2026 को जनता के लिए खोलने की तैयारी कर रहा है. लगभग 6,695.37 करोड़ रुपये की लागत वाली इस परियोजना के पूरा होने से एक्सप्रेसवे की कुल लंबाई 6 किलोमीटर कम हो जाएगी. इससे न केवल ईंधन की बचत होगी, बल्कि यात्रियों का कीमती 25 मिनट का समय भी बचेगा.
परियोजना की आवश्यकता
इस परियोजना का प्राथमिक उद्देश्य खालापुर और लोनावला के बीच ट्रैफिक के दबाव को कम करना है. वर्तमान में खंडाला घाट का हिस्सा काफी घुमावदार और ढलान वाला है, जिससे विशेष रूप से सप्ताहांत और छुट्टियों के दौरान भारी जाम लग जाता है. नया मार्ग इन कठिन मोड़ों को बाईपास करेगा, जिससे यात्रा सुगम और सुरक्षित हो जाएगी. यह भी पढ़े: Mumbai-Pune Expressway Traffic Advisory: महाराष्ट्र में नवरात्रि की धूम, जाम से बचने के लिए ट्रैफिक पुलिस ने मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे के लिए जारी की एडवाइजरी; चेक डिटेल्स
इंजीनियरिंग का बेजोड़ नमूना: टनल और ब्रिज
इस नए लिंक में आधुनिक इंजीनियरिंग का इस्तेमाल किया गया है. परियोजना के मुख्य आकर्षण निम्नलिखित हैं:
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नई अलाइनमेंट: खोपोली एग्जिट और सिंहगढ़ इंस्टीट्यूट के बीच 13.3 किलोमीटर लंबी आठ-लेन की नई सड़क बनाई गई है.
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सुरंगें: प्रोजेक्ट में दो प्रमुख सुरंगें शामिल हैं, जिनकी लंबाई 1.68 किलोमीटर और 8.87 किलोमीटर है.
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केबल-स्टेयड ब्रिज: इसमें दो बड़े पुल शामिल हैं (900 मीटर और 650 मीटर), जो दुर्गम पहाड़ियों के बीच कनेक्टिविटी प्रदान करेंगे.
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दूरी में कमी: इस लिंक के शुरू होने के बाद खोपोली से सिंहगढ़ इंस्टीट्यूट के बीच की दूरी 19 किलोमीटर से घटकर महज 13.3 किलोमीटर रह जाएगी.
देरी के कारण और वर्तमान स्थिति
मूल रूप से इस प्रोजेक्ट को जनवरी 2026 तक पूरा करने का लक्ष्य था, लेकिन कठिन भौगोलिक परिस्थितियों और मौसम की चुनौतियों के कारण समयसीमा को बढ़ाकर 1 अप्रैल 2026 कर दिया गया है. MSRDC के अधिकारियों के अनुसार, अब तक 98.8% काम पूरा हो चुका है.
वर्तमान में इलेक्ट्रिकल और मैकेनिकल टेस्टिंग का काम चल रहा है. एक पुल का निर्माण पूरा हो चुका है, जबकि दूसरे पुल पर गर्डर लगाने और डेक स्लैब का 90% काम संपन्न हो गया है. इसके अलावा, तालेगांव और शेडुंग टोल प्लाजा के विस्तार का काम भी अंतिम चरण में है.
परियोजना को अगस्त 2018 में मंजूरी मिली थी
इन्फ्रास्ट्रक्चर पर कैबिनेट उप-समिति ने अगस्त 2018 में इस परियोजना को मंजूरी दी थी. हालांकि इसके पहले कई समयसीमाएं (मार्च 2024 से दिसंबर 2025 तक) तय की गई थीं, लेकिन काम की जटिलता को देखते हुए अब अप्रैल 2026 को अंतिम लक्ष्य माना जा रहा है. यह प्रोजेक्ट महाराष्ट्र के दो बड़े आर्थिक केंद्रों के बीच लॉजिस्टिक्स और पर्यटन को नई गति प्रदान करेगा.
(The above story first appeared on LatestLY on Jan 20, 2026 03:27 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

