Theft at Manoj Tiwari’s Residence: मनोज तिवारी के मुंबई वाले घर में लाखों की चोरी, पूर्व कर्मचारी ने डुप्लीकेट चाबी से उड़ाए पैसे, CCTV ने खोला राज
Manoj Tiwari on Rohini Acharya

Theft at Manoj Tiwari’s Residence: उत्तर-पूर्वी दिल्ली से भाजपा सांसद और मशहूर अभिनेता-गायक मनोज तिवारी के मुंबई स्थित आवास पर चोरी का एक बड़ा मामला सामने आया है. अंधेरी वेस्ट के शास्त्री नगर स्थित 'सुंदरबन अपार्टमेंट' में हुई इस चोरी के आरोप में मुंबई पुलिस ने उनके एक पूर्व घरेलू सहायक को गिरफ्तार किया है. आरोपी की पहचान सुरेंद्र कुमार दीनानाथ शर्मा के रूप में हुई है. पुलिस के अनुसार, आरोपी ने डुप्लीकेट चाबियों का इस्तेमाल कर दो अलग-अलग मौकों पर कुल 5.40 लाख रुपये की नकदी पर हाथ साफ किया.

मैनेजर की सतर्कता से पकड़ा गया आरोपी

इस मामले में मनोज तिवारी के मैनेजर प्रमोद जोगेंद्र पांडे ने अंबोली पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई थी. शिकायत के अनुसार, घर की अलमारी से जून 2025 में 4.40 लाख रुपये गायब हुए थे, लेकिन उस समय चोर का सुराग नहीं मिल सका था. संदिग्ध गतिविधियों को देखते हुए मैनेजर ने दिसंबर 2025 में घर के भीतर गुप्त सीसीटीवी कैमरे लगवाए थे. यह भी पढ़े:  Manoj Tiwari on Tejashwi Yadav: तेजस्वी यादव के दावे पर मनोज तिवारी का तंज, घर में शपथ ले सकते हैं, कौन उन्हें रोक रहा?

15 जनवरी की घटना 

15 जनवरी 2026 की रात करीब 9 बजे, जब पांडे घर से बाहर थे, उनके मोबाइल पर 'इंट्रूडर अलर्ट' (घुसपैठ की चेतावनी) मिला. सीसीटीवी फुटेज की लाइव फीड में उन्होंने देखा कि सुरेंद्र कुमार घर के अंदर है और अलमारी खोलकर कैश निकाल रहा है.

डुप्लीकेट चाबियों का किया इस्तेमाल

पुलिस जांच में यह बात सामने आई है कि सुरेंद्र कुमार को करीब दो साल पहले मनोज तिवारी के यहां से काम से निकाल दिया गया था. नौकरी पर रहते हुए उसने घर, बेडरूम और अलमारी की डुप्लीकेट चाबियां बनवा ली थीं. 15 जनवरी की रात उसने इन्हीं चाबियों की मदद से 1 लाख रुपये चुराए.

अलर्ट मिलते ही मैनेजर ने तुरंत सोसाइटी के वॉचमैन को फोन किया और आरोपी को मौके पर ही धर दबोचा. सूचना मिलते ही अंबोली पुलिस की टीम वहां पहुंची और आरोपी को हिरासत में ले लिया. पूछताछ के दौरान सुरेंद्र ने अपना जुर्म कबूल कर लिया और स्वीकार किया कि जून में हुई चोरी के पीछे भी उसी का हाथ था.

कानूनी कार्यवाही

पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज को साक्ष्य के तौर पर जब्त कर लिया है. आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर आगे की जांच की जा रही है. यह घटना सुरक्षा के लिहाज से एक बड़ा सबक है कि कर्मचारियों को हटाने के बाद घर के तालों को बदलना या सुरक्षा व्यवस्था को अपडेट करना कितना जरूरी है.